ऑस्ट्रेलियाई पत्रकार ने पाकिस्तानी अधिकारियों पर लगाया रिश्वत मांगने का आरोप

  •  प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क
  •  मार्च 12, 2020   14:59
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ऑस्ट्रेलियाई पत्रकार ने पाकिस्तानी अधिकारियों पर लगाया रिश्वत मांगने का आरोप

ऑस्ट्रेलियाई पत्रकार ने पाकिस्तानी अधिकारियों पर लाहौर हवाईअड्डे पर रिश्वत मांगने का आरोप लगाया है। डेनिस के मुताबिक अल्लामा इकबाल अंतरराष्ट्रीय हवाईअड्डे पर एक आव्रजन अधिकारी ने लंबी लाइन की दिक्कत से बचने के लिए दो मिनट में उनके पासपोर्ट पर मुहर लगाने के लिए रिश्वत की मांग की थी।

लाहौर। पाकिस्तानी अधिकारियों ने यहां हवाईअड्डे पर कथित तौर पर रिश्वत मांगे जाने के एक ऑस्ट्रेलियाई पत्रकार के आरोपों की जांच शुरू की है। लाहौर से मेलबर्न लौटने पर डेनिस फ्रीडमैन ने दस मार्च को सोशल मीडिया पर  लाहौर में भ्रष्टाचार पर मेरी कहानी  शीर्षक से एक वीडियो अपलोड किया था।

डेनिस ने आरोप लगाया कि अल्लामा इकबाल अंतरराष्ट्रीय हवाईअड्डे पर एक आव्रजन अधिकारी ने लंबी लाइन की दिक्कत से बचने के लिए दो मिनट में उनके पासपोर्ट पर मुहर लगाने के लिए रिश्वत की मांग की थी। मामले की जांच कर रहे नागरिक उड्डयन प्राधिकरण (सीएए) के अधिकारी ने कहा कि डेनिस ने जिस अधिकारी पर आरोप लगाया है वह एक निजी कंपनी का कर्मचारी है, जिसके पास  बिजनेस क्लास लाउंज  का ठेका है।

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अधिकारी ने कहा कि आरोपी मोहम्मद इमरान एक वेटर है और उसने अपने बयान में दावा किया है कि उसने डेनिस को स्नैक्स परोसा था और इसके बदले डेनिस ने उसे 350 पाकिस्तानी रुपये बतौर बख्शीश दिए थे। वहीं, डेनिस ने जारी वीडियो में कहा,  मैंने उसका प्रस्ताव स्वीकार किया। आव्रजन काउंटर पर दो मिनट में अधिकारियों ने मेरे पासपोर्ट पर मुहर लगा दी। इसके बाद में लाउंज में गया, जहां वह आया और पैसे की मांग की। उसे मैंने अपने पास बचे 350 पाकिस्तानी रुपये दिए। सीएए ने इमरान का एयरपोर्ट कार्ड रद्द कर दिया है। डेनिस यहां पाकिस्तान सुपर लीग (पीएसएल) मैच की कवरेज के लिए आए थे।





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गाड़ी के इंजन में विस्फोट, आग से 10 अफगान नागरिकों की मौत : अधिकारी

  •  प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क
  •  फरवरी 24, 2021   18:32
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गाड़ी के इंजन में विस्फोट, आग से 10 अफगान नागरिकों की मौत : अधिकारी

दक्षिणी अफगानिस्तान में नागरिकों को लेकर जा रही एक मिनीवैन के इंजन में बुधवार को विस्फोट के बाद लगी आग में एक ही परिवार के 10 सदस्यों की मौत हो गई। अधिकारियों ने बताया कि मरने वालों में तीन बच्चे भी हैं।

काबुल। दक्षिणी अफगानिस्तान में नागरिकों को लेकर जा रही एक मिनीवैन के इंजन में बुधवार को विस्फोट के बाद लगी आग में एक ही परिवार के 10 सदस्यों की मौत हो गई। अधिकारियों ने बताया कि मरने वालों में तीन बच्चे भी हैं। दक्षिणी उरोजगान के प्रांतीय पुलिस प्रवक्ता अहमद शाह साहेल ने कहा कि परिवार एक शादी समारोह से लौट रहा था जब उनकी मिनीवैन हेलमंड नदी में आंशिक रूप से डूब गई। साहेल ने कहा कि परिवार के सदस्य गाड़ी से निकल नहीं पाए क्योंकि वह आधी पानी में डूबी हुई थी। साहेल ने कहा कि उच्च दबाव और पानी के इंजन में घुसने से विस्फोट हुआ और गाड़ी के अंदर आग लगने से उसमें सवार सभी लोगों की मौत हो गई।

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वर और वधू अन्य कार में सफर कर रहे थे और वे सुरक्षित हैं। पुलिस के एक प्रवक्ता ने कहा कि यह घटना उस इलाके में हुई जहां आतंकवादी और अफगान सुरक्षा बल सक्रिय हैं और पुलिस तत्काल राहत नहीं उपलब्ध करा सकी। इस बीच मीडिया पैरोकार संगठन ‘नई’ ने एक बयान में कहा कि उत्तरी अफगानिस्तान में अज्ञात बंदूकधारियों ने बघलान पत्रकार संघ के पूर्व प्रमुख डॉ. खलील नार्मगो की गोली मारकर हत्या कर दी।

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बघलान के एक पुलिस अधिकारी ने नाम न जाहिर करने की इच्छा व्यक्त करते हुए कहा कि नार्मगो मंगलवार को बघलान प्रांत की राजधानी लौट रहे थे जब अज्ञात बंदूकधारियों ने उनकी कार रोककर उन्हें बाहर निकाला तथा गोली मार दी। इस हमले की तत्काल किसी संगठन ने जिम्मेदारी नहीं ली है।





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अमेरिकी सेना के पूर्व जनरल का खुलासा, पाकिस्तान में रही है अफगान तालिबान की पनाहगाह

  •  प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क
  •  फरवरी 24, 2021   16:52
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अमेरिकी सेना के पूर्व जनरल का खुलासा, पाकिस्तान में रही है अफगान तालिबान की पनाहगाह

अमेरिकी सेना के एक पूर्व शीर्ष अधिकारी ने अमेरिकी सांसदों को बताया कि पाकिस्तान में अफगान तालिबान की सुरक्षित पनाहगाह रही है और आतंकी संगठन की उस देश के मदरसों से शुरुआत हुई थी।

वाशिंगटन। अमेरिकी सेना के एक पूर्व शीर्ष अधिकारी ने अमेरिकी सांसदों को बताया कि पाकिस्तान में अफगान तालिबान की सुरक्षित पनाहगाह रही है और आतंकी संगठन की उस देश के मदरसों से शुरुआत हुई थी। एक संसदीय सुनवाई के दौरान मंगलवार को ज्वाइंट चीफ ऑफ स्टाफ के पूर्व अध्यक्ष सेवानिवृत्त जनरल जोसफ एफ डनफोर्ड ने सांसदों को यह भी बताया कि हड़बड़ी में अफगानिस्तान से अमेरिकी सुरक्षा बलों की वापसी के बाद वहां गृह युद्ध की आशंका काफी ज्यादा है।

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उन्होंने कहा, “हम जानते हैं कि पाकिस्तान में तालिबान की पनाहगाह है। हम जानते हैं कि वे मास्को की यात्रा, बीजिंग की यात्रा और अन्य देशों की यात्रा के जरिये सक्रिय रूप से कूटनीतिक प्रयास कर रहे हैं। हम जानते हैं की उन्होंने खाड़ी की यात्रा की। हम जानते हैं कि ईरान उनकी साजोसामान के साथ कुछ सहायता कर रहा है।” डनफोर्ड ने कहा कि तालिबान को मादक द्रव्यों के कारोबार से वित्तीय मदद मिलती है। उन्होंने कहा कि तालिबान एक सुन्नी आतंकवादी संगठन है।

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उन्होंने एक सवाल के जवाब में कहा, “इसमें कोई शक नहीं कि तालिबान पाकिस्तान के मदरसों से पनपता है।” डनफोर्ड ने सांसदों को बताया कि आतंकवादी खतरा कम हुआ है क्योंकि अमेरिका ने अफगान बलों को प्रशिक्षित किया है और अमेरिकी सेना की मौजूदगी लगातार बनी हुई है। उन्होंने कहा, “हम मानते हैं कि यह खतरा 18 से 36 महीने की अवधि के दौरान फिर से पनप सकता है। मातृभूमि और हमारे सहयोगियों के लिये खतरा बन सकता है।” उन्होंने कहा कि अफगान सुरक्षा बल अमेरिकी वित्तीय मदद और संचालनात्मक सहायता पर काफी हद तक निर्भर हैं। वे कुछ समय तक ऐसे ही बने रहेंगे।





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भारत की अंजलि भारद्वाज समेत 12 को मिलेगा अंतरराष्ट्रीय भ्रष्टाचार रोधी चैम्पियंस अवॉर्ड, अमेरिका ने किया ऐलान

  •  प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क
  •  फरवरी 24, 2021   15:26
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भारत की अंजलि भारद्वाज समेत 12 को मिलेगा अंतरराष्ट्रीय भ्रष्टाचार रोधी चैम्पियंस अवॉर्ड, अमेरिका ने किया ऐलान

विदेश मंत्री टोनी ब्लिंकन ने कहा कि बाइडेन प्रशासन यह रेखांकित करता है कि हम इन मुद्दों से मुकाबला करने में तब सफलता हासिल कर पाएंगे जब हम इसके लिए प्रतिबद्ध सहयोगियों समेत निडर लोगों के साथ काम करेंगे,

वाशिंगटन। अमेरिका में राष्ट्रपति जो बाइडेन के नेतृत्व वाले प्रशासन द्वारा हाल में शुरू ‘अंतरराष्ट्रीय भ्रष्टाचार रोधी चैम्पियंस अवॉर्ड’के लिए घोषित 12 ‘साहसी’ लोगों में भारत की सामाजिक कार्यकर्ता अंजलि भारद्वाज का नाम भी शामिल है। विदेश विभाग के अनुसार 48 वर्षीय भारद्वाज ने दो दशक से ज्यादा समय से भारत में सूचना के अधिकार आंदोलन में एक सक्रिय सदस्य के रूप में भूमिका निभाई है। विदेश मंत्री टोनी ब्लिंकन ने मंगलवार को कहा, ‘‘ बाइडेन प्रशासन यह रेखांकित करता है कि हम इन मुद्दों से मुकाबला करने में तब सफलता हासिल कर पाएंगे जब हम इसके लिए प्रतिबद्ध सहयोगियों समेत निडर लोगों के साथ काम करेंगे, जिन्होंने भ्रष्टाचार को खत्म करने के प्रयास किए और वैसे देश जिन्होंने अंतरराष्ट्रीय भ्रष्टाचार रोधी मानकों की प्रतिबद्धताओं को पूरा करने के लिए काम किया। 

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उन्होंने कहा, ‘‘इसको लेकर मैं ‘अंतरराष्ट्रीय भ्रष्टाचार रोधी चैम्पियंस अवॉर्ड’ की घोषणा करता हूं। इसके जरिए उन लोगों की पहचान की जाएगी जो विपरीत परिस्थितियों में लगातार संघर्ष करते हुए भ्रष्टाचार से लड़ने और अपने देशों में पारदर्शिता, जवाबदेही को सुनिश्चित करने की लड़ाई लड़ते हैं।’’ भारद्वाज सतर्क नागरिक संगठन (एसएनएस) की संस्थापक हैं। यह नागरिकों का एक ऐसा समूह है, जो सरकार में पारदर्शिता और जवाबदेही तथा नागरिकों की सक्रिय भागीदारी को बढ़ावा देता है। वह ‘सूचना के जन अधिकार का राष्ट्रीय अभियान’ की संयोजक हैं। 

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इस संगठन ने भ्रष्टाचार रोधी लोकपाल और ‘व्हिसल ब्लोअर्स’ संरक्षण अधिनियम की हिमायत की और इसके तहत उन लोगों को संरक्षण मिलना शुरू हुआ जो भ्रष्टाचार और शक्ति के दुरुपयोग का खुलासा करते हैं। भारद्वाज ने एक ट्वीट में कहा कि यह सम्मान देश में सत्ता को जिम्मेदार बनाने के लिए काम करने वाले लोगों और समूहों के सामूहिक प्रयास को मान्यता प्रदान करता है। भारद्वाज के अतिरिक्त इसमें अल्बानिया के अर्दियन डोरवानी, इक्वाडोर की डियाना सालजार समेत अन्य कई देशों के कार्यकर्ता शामिल हैं।





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