पश्चिम बंगाल में हिंदू शरणार्थी के घर अमित शाह ने खाया खाना, दिया CAA का संकेत

पश्चिम बंगाल में हिंदू शरणार्थी के घर अमित शाह ने खाया खाना, दिया CAA का संकेत

अमित शाह इसके लिए नारायणपुर गांव पहुंचे। जाहिर सी बात है कि जिस तरीके से आज वह हिंदू शरणार्थी के घर खाना खाने पहुंचे, इससे एक बार फिर से सीएए के मुद्दे को बल मिलेगा। अमित शाह पहले ही कह चुके हैं कि उनकी सरकार पश्चिम बंगाल में सीएए को लागू करेगी। आज इसका संदेश में उन्होंने दे दिया।

पश्चिम बंगाल में इस साल विधानसभा के चुनाव होने है। अमित शाह वहां के वोटरों को साधने के लिए लगातार दौरे कर रहे हैं। इतना ही नहीं, अपने दौरे के दौरान वह चुनावी समीकरण को साधने के लिए अलग-अलग वर्ग के लोगों के घर खाना भी खा रहे हैं। इससे पहले वह मतुवा समुदाय और आदिवासी समुदाय के घर खाना खा चुके हैं। आज उन्होंने एक हिंदू शरणार्थी परिवार के घर खाना खाया। अमित शाह इसके लिए नारायणपुर गांव पहुंचे। जाहिर सी बात है कि जिस तरीके से आज वह हिंदू शरणार्थी के घर खाना खाने पहुंचे, इससे एक बार फिर से सीएए के मुद्दे को बल मिलेगा। अमित शाह पहले ही कह चुके हैं कि उनकी सरकार पश्चिम बंगाल में सीएए को लागू करेगी। आज इसका संदेश में उन्होंने दे दिया। बाद में शाह ने ट्वीट कर कहा कि दक्षिण 24 परगना (पश्चिम बंगाल) के नारायणपुर गाँव में श्री सुब्रत विश्वास जी के घर पर दोपहर का भोजन किया। मैं बिस्वास जी और उनके परिवार को अपने हृदय की तह से इतनी गर्मजोशी और आतिथ्य के लिए धन्यवाद देता हूं।

इससे पहले पश्चिम बंगाल में तृणमूल सरकार पर ‘‘कट मनी संस्कृति’’ शुरू करने का आरोप लगाते हुए केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह ने बृहस्पतिवार को कहा कि भाजपा की लड़ाई इसे खत्म करने की है और यदि पार्टी सत्ता में आयी तो राज्य को विकास के मार्ग पर ले जाएगी। शाह ने कहा कि भाजपा की ‘परिवर्तन यात्रा’ मुख्यमंत्री, विधायक या मंत्री को बदलने के लिए नहीं बल्कि घुसपैठ को बंद करने तथा पश्चिम बंगाल को एक विकसित राज्य में परिवर्तित करने की है। उन्होंने यहां एक रैली को संबोधित करते हुए कहा, ‘‘परिवर्तन यात्रा मुख्यमंत्री या किसी मंत्री को बदलने के लिए नहीं है। यह तो घुसपैठ को बंद करने तथा बंगाल का रूपांतरण करने के लिए है। आप भाजपा को वोट तो करो, अवैध प्रवासी तो क्या, सीमापार से एक पंछी को भी राज्य में घुसने की इजाजत नहीं होगी।’’ 





नोट:कोरोना वायरस से भारत की लड़ाई में हम पूर्ण रूप से सहभागी हैं। इस कठिन समय में अपनी जिम्मेदारी का पूर्णतः पालन करते हुए हमारा हरसंभव प्रयास है कि तथ्यों पर आधारित खबरें ही प्रकाशित हों। हम स्व-अनुशासन में भी हैं और सरकार की ओर से जारी सभी नियमों का पालन भी हमारी पहली प्राथमिकता है।


This website uses cookie or similar technologies, to enhance your browsing experience and provide personalised recommendations. By continuing to use our website, you agree to our Privacy Policy and Cookie Policy.Accept