पश्चिम बंगाल में बनेगा भारत का पहला 'टायर पार्क', कचरे को कला में किया जाएगा तब्दील !

Tyre
बंगाल परिवहन निगम के प्रबंध निदेशक राजनवीर कपूर ने बताया कि किसी भी रद्दी सामान को कचरा नहीं कहा जा सकता है। इसका दोबारा इस्तेमाल हो सकता है और इसे कला का रूप दिया जा सकता है।

कोलकाता। पश्चिम बंगाल में भारत का पहला ‘टायर पार्क’ बनेगा, जहां बेकार हो चुके टायरों और उसके खराब हिस्सों से बनी कलाकृतियों की प्रदर्शनी लगाई जाएगी। एक अधिकारी ने इसे एक अद्भुत अवधारणा करार दिया है और कहा है कि इस तरह का पार्क देश में कहीं भी नहीं है। उन्होंने कहा कि इस अवधारण के पीछे का मुख्य विचार यह है कि कचरे को कैसे कला में तब्दील किया जा सकता है। पश्चिम बंगाल परिवहन निगम के प्रबंध निदेशक राजनवीर कपूर ने बताया, ‘‘किसी भी रद्दी सामान को कचरा नहीं कहा जा सकता है। इसका दोबारा इस्तेमाल हो सकता है और इसे कला का रूप दिया जा सकता है। पश्चिम बंगाल परिवहन निगम जल्द टायर पार्क शुरू करेगा।’’ 

इसे भी पढ़ें: कांग्रेस पर आने वाले 15 सालों तक कोई विश्वास नहीं करेगाः कैलाश विजयवर्गीय 

उन्होंने बताया कि कई बस डिपो मे इस्तेमाल से हटाए गए टायरों पर दोबारा काम किया गया और इसे डब्ल्यूटीसी की टीम ने उन्हें रंग-बिरंगे आकार में बदला है। कपूर ने बताया कि यह टायर पार्क एस्प्लानेड क्षेत्र में खुलेगा और यहां एक छोटा कैफे भी होगा और जहां लोग बैठकर आराम कर सकते हैं और टायर से बनी कलाकृतियों को देखकर आनंद उठा सकते हैं। उन्होंने बताया कि जल्द ही इसके शुभरांभ की तारीख की घोषणा होगी।

Disclaimer:प्रभासाक्षी ने इस ख़बर को संपादित नहीं किया है। यह ख़बर पीटीआई-भाषा की फीड से प्रकाशित की गयी है।


नोट:कोरोना वायरस से भारत की लड़ाई में हम पूर्ण रूप से सहभागी हैं। इस कठिन समय में अपनी जिम्मेदारी का पूर्णतः पालन करते हुए हमारा हरसंभव प्रयास है कि तथ्यों पर आधारित खबरें ही प्रकाशित हों। हम स्व-अनुशासन में भी हैं और सरकार की ओर से जारी सभी नियमों का पालन भी हमारी पहली प्राथमिकता है।

अन्य न्यूज़