युजवेंद्र चहल बोले, पाकिस्तान को सबक सिखाने का आ गया है समय

  •  प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क
  •  फरवरी 20, 2019   20:34
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युजवेंद्र चहल बोले, पाकिस्तान को सबक सिखाने का आ गया है समय

पाकिस्तान से संचालित आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद ने इस हमले की जिम्मेदारी ली है जिसके बाद दोनों देशों के बीच राजनीतिक तनाव बढ़ गया है।

नयी दिल्ली। भारतीय लेग स्पिनर युजवेंद्र चहल का मानना है कि पुलवामा जैसे आतंकी हमलों को खत्म करने के लिए देश को कड़ी कार्रवाई करनी चाहिए। उन्होंने हालांकि यह कहने से इनकार कर दिया कि पाकिस्तान के खिलाफ विश्व कप मैच का बहिष्कार किया जाना चाहिए या नहीं। पुलवामा हमले में सीआरपीएफ के 40 जवान मारे गए थे जो जम्मू-कश्मीर में पिछले 30 साल में सबसे घातक आतंकी हमला है। इस बीच मांग उठने लगी है कि भारत को 30 मई से इंग्लैंड में होने वाले विश्व कप में पाकिस्तान के खिलाफ मैच खेलने से इनकार कर देना चाहिए। चहल ने ‘इंडिया टुडे’ से कहा, ‘‘इसे एक बार में ही खत्म कर देना चाहिए। हम इसे और बर्दाश्त नहीं कर सकते।

उन्होंने कहा, ‘‘हर तीन महीने में सुनने को मिलता है कि हमारे जवानों ने आतंकी हमले में जान गंवा दी और हम चीजों के होने का इंतजार नहीं कर सकते। हमें चीजें करनी होंगी और हमें आमने सामने इसका जवाब देना होगा, फिर चाहे इसका मतलब आर पार की लड़ाई (जंग के मैदान में) क्यों ना हो।’’ पाकिस्तान से संचालित आतंकी संगठन जैश-ए-मोहम्मद ने इस हमले की जिम्मेदारी ली है जिसके बाद दोनों देशों के बीच राजनीतिक तनाव बढ़ गया है। भारत को विश्व कप के दौरान 16 जून को ओल्ड ट्रैफर्ड में पाकिस्तान से खेलना है और 28 साल के इस लेग स्पिनर ने कहा कि यह फैसला बीसीसीआई को करना है कि भारत को इस टूर्नामेंट में चिर प्रतिद्वंद्वी टीम का बहिष्कार करना चाहिए या नहीं।

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उन्होंने कहा, ‘‘पाकिस्तान के खिलाफ विश्व कप मैच खेलने का फैसला बीसीसीआई और सरकार द्वारा लिया जाना चाहिए। एक या दो खिलाड़ी फैसला नहीं कर सकते लेकिन मुझे लगता है कि समय आ गया है और हमें आतंक के सरगनाओं के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करनी होगी।’’ भारत के पूर्व सलामी बल्लेबाज चेतन चौहान का मानना है कि बीसीसीआई को आईसीसी पर दबाव बनाकर पाकिस्तान को टूर्नामेंट से बाहर कर देना चाहिए। उत्तर प्रदेश सरकार में मंत्री चौहान ने कहा, ‘‘हमारे पास सिर्फ एक मैच में नहीं खेलने का विकल्प नहीं है क्योंकि संभावना है कि हमारा सेमीफाइनल या फाइनल में भी सामना हो सकता है। ऐसे मामले में हमें या तो विश्व कप से हटना होगा या पूरा टूर्नामेंट खेलना होगा।’’ उन्होंने कहा, ‘‘मेरा मानना है कि भारत आईसीसी के वैश्विक प्रायोजन बाजार का 60 से 70 प्रतिशत हिस्सेदार है। इसलिए बीसीसीआई को आईसीसी पर दबाव बनाना चाहिए और पाकिस्तान को विश्व कप से बाहर करने का प्रयास करना चाहिए।’’





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भारत के महान लेग स्पिनर भागवत चंद्रशेखर अस्पताल में भर्ती, हालत में सुधार

  •  प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क
  •  जनवरी 18, 2021   12:40
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भारत के महान लेग स्पिनर भागवत चंद्रशेखर अस्पताल में भर्ती, हालत में सुधार

महान लेग स्पिनर चंद्रशेखर को हल्का स्ट्रोक आने के बाद अस्पताल में भार्ती कराया गया। उनकी अभी हालत में सुधार है। भारत के 75 वर्षीय इस पूर्व स्पिनर को थकान और उसके कारण जबान लड़खड़ाने के कारण शुक्रवार को अस्पताल में भर्ती कराया गया था।

बेंगलुरू। भारत के पूर्व क्रिकेटर बी एस चंद्रशेखर को हल्का स्ट्रोक आने के बाद अस्पताल में भर्ती कराया गया हालांकि उनके परिवार ने सोमवार को बताया कि उनकी स्थिति में सुधार आया है और अगले कुछ दिन में उन्हें छुट्टी मिल जायेगी। उनकी पत्नी संध्या चंद्रशेखर भागवत ने कहा ,‘‘ उनकी हालत में सुधार आया है।वह बुधवार या गुरूवार को घर लौट आयेंगे।’’ भारत के 75 वर्षीय इस पूर्व स्पिनर को थकान और उसके कारण जबान लड़खड़ाने के कारण शुक्रवार को अस्पताल में भर्ती कराया गया था।

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डॉक्टरों की सलाह पर उनका न्यूरोलॉजी में उपचार कराया गया। उन्हें एस्टर आर वी अस्पताल में आपात चिकित्सा ईकाई में रखा गया था। उनकी पत्नी ने बताया कि अब वह सामान्य वार्ड में हैं और उनकी फिजियोथेरेपी चल रही है। संध्या ने कहा ,‘‘ उनके दिमाग में किसी तरह का अवरोध है। यह बहुत ही हलका स्ट्रोक था। वह एक या दो सप्ताह में पूरी तरह से ठीक हो जायेंगे। कोई जानलेवा बीमारी नहीं है। उनके प्रशंसकों को बता दीजिये कि वह ठीक है। वह मजबूत इच्छाशक्ति वाले हैं।’’ चंद्रशेखर ने अपने 16 साल के कैरियर में 58 टेस्ट में 242 विकेट लिये। बिशन सिंह बेदी, ईरापल्ली प्रसन्ना और एस वेंकटराघवन के साथ भारत की मशहूर स्पिन चौकड़ी का हिस्सा रहे चंद्रशेखर साठ और सत्तर के दशक में खेले थे। उन्हें 1972 में पद्मश्री और अर्जुन पुरस्कार मिला था।





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ऑस्ट्रेलियाई ओपन: 47 खिलाड़ियों को भेजा गया कड़े पृथकवास पर, खिलाड़ियों में बढ़ी नाराजगी

  •  प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क
  •  जनवरी 17, 2021   15:39
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ऑस्ट्रेलियाई ओपन: 47 खिलाड़ियों को भेजा गया कड़े पृथकवास पर, खिलाड़ियों में बढ़ी नाराजगी

चार कोविड-19 पॉजिटिव मामले आने के बाद ऑस्ट्रेलियाई ओपन के लिये पहुंचे खिलाड़ी कड़े पृथकवास पर है।अन्य खिलाड़ियों को अपने कमरे से निकलकर प्रत्येक दिन पांच घंटे अभ्यास की अनुमति होगी जबकि करीबी संपर्क वाले खिलाड़ियों के साथ ऐसा नहीं होगा और वे कमरों से बाहर नहीं निकल पायेंगे।

मेलबर्न।ऑस्ट्रेलियाई ओपन टेनिस टूर्नामेंट के लिये दो विशेष विमानों से यहां पहुंचे 47 खिलाड़ियों को कड़े पृथकवास पर भेज दिया गया है क्योंकि इन उड़ान में कोरोना वायरस के चार मामले पॉजीटिव पाये गये हैं। कुछ खिलाड़ी इस बात से भी नाराज थे कि उन्हें पॉजिटिव आये लोगों के साथ फ्लाइट में मौजूद होने की वजह से ही ‘करीबी संपर्क’ श्रेणी में रख दिया गया है जिससे उन्हें अन्य खिलाड़ियों की तुलना में सख्त पृथकवास में रहना होगा।

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अन्य खिलाड़ियों को अपने कमरे से निकलकर प्रत्येक दिन पांच घंटे अभ्यास की अनुमति होगी जबकि करीबी संपर्क वाले खिलाड़ियों के साथ ऐसा नहीं होगा और वे कमरों से बाहर नहीं निकल पायेंगे। स्थानीय स्वास्थ्य अधिकारियों ने कहा कि सभी खिलाड़ियों को पहले ही जोखिम के बारे में चेतावनी दे दी गयी है। और इन नियमों को तोड़ने के संबंध में भी खिलाड़ियों को चेताया गया है। अगर पृथकवास के नियमों का उल्लंघन होता है तो उन्हें भारी जुर्माने के साथ और अधिक सुरक्षित पृथकवास परिसर में भेज दिया जायेगा जहां उनके होटल के कमरों के दरवाजों के बाहर पुलिस तैनात होगी। शनिवार को तीन पॉजिटिव मामलों की घोषणा की गयी थी और विक्टोरिया की कोविड-19 पृथकवास आयुक्त एम्मा कासार ने रविवार को एक प्रेस कांफ्रेंस में कहा कि इसमें एक चौथा पॉजिटिव मामला भी सामने आया है। अभी तक कोई भी खिलाड़ी पॉजिटिव नहीं मिला है। लास एंजिल्स की फ्लाइट में एक क्रू सदस्य, एक कोच और टीवी प्रसारण टीम के एक सदस्य को पॉजिटिव पाया गया। एक अन्य मामला अबुधाबी से पहुंची उड़ान में के एक कोच के पॉजिटिव आने का है। टूर्नामेंट के आयोजकों ने बताया कि लास एंजिल्स और अबुधाबी से यहां पहुंची उड़ान में ये मामले पाये गये हैं।

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अधिकारियों ने कहा कि लास एंजिल्स से आये विशेष विमान में कोविड-19 के तीन मामले पाये गये। एक मामला अबुधाबी से यहां पहुंचे विमान में मिला। इन चारों को आस्ट्रेलिया की फ्लाइट लेने से पहले जांच में नेगेटिव पाया गया था। इन चारों को होटल में रखा गया है। कनाडा की स्टार खिलाड़ी बियांका आंद्रीस्कू के कोच सिल्वेन ब्रूनीयु ने कहा है कि उन्हें अबुधाबी से यहां पहुंचने पर कोविड-19 के लिये पॉजीटिव पाया गया। उन्होंने कहा, ‘‘मेरी टीम के अन्य सदस्यों का परीक्षण परिणाम नेगेटिव आया है। ’’ दो बार की ओपन चैम्पियन विक्टोरिया अजारेंका और 2014 अमेरिकी ओपन के उप विजेता केई निशिकोरी लास एंजिल्स की फ्लाइट में थे। इससे पहले अधिकारियों ने कहा कि लास एंजिल्स से आने वाले सभी यात्रियों को 14 दिन तक होटल में कड़े पृथकवास पर भेज दिया गया है। टेनिस आस्ट्रेलिया ने पुष्टि की कि लास एंजिल्स से पहुंचे विमान में 24 और अबुधाबी से आये विमान में 23 खिलाड़ी थे।





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इस साल तोक्यो ओलंपिक होगा या नहीं? अब संयुक्त राष्ट्र लेगी फैसला

  •  प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क
  •  जनवरी 17, 2021   10:47
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इस साल तोक्यो ओलंपिक होगा या नहीं? अब संयुक्त राष्ट्र लेगी फैसला

आईओसी के पूर्व उपाध्यक्ष ने कहा कि, संयुक्त राष्ट्र तोक्यो ओलंपिक के बारे में फैसला कर सकता है।आईओसी और स्थानीय आयोजकों ने कहा कि इस बार ओलंपिक खेल स्थगित नहीं किये जा सकते हैं। अगर इनका आयोजन नहीं हो पाता है तो फिर इन्हें रद्द कर दिया जाएगा।

सिडनी। अंतरराष्ट्रीय ओलंपिक समिति (आईओसी) के पूर्व उपाध्यक्ष केविन गोस्पर का मानना है कि एक साल के लिये स्थगित किये गये तोक्यो ओलंपिक का भाग्य का फैसला करने में संयुक्त राष्ट्र अपनी भूमिका निभा सकता है। ओलंपिक खेलों का उद्घाटन 23 जुलाई को हाना है लेकिन तोक्यो, जापान और विश्व भर में कोविड-19 के बढ़ते मामलों के कारण इसके आयोजन को लेकर आशंकाएं व्यक्त की जा रही हैं। गोस्पर अब भी आईओसी के मानद सदस्य हैं और उन्होंने आस्ट्रेलिया के राष्ट्रीय प्रसारक के साथ बातचीत में यह सुझाव दिया।

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उन्होंने एबीसी के एक कार्यक्रम में कहा, ‘‘अगर आप यह पता करने के लिये तीसरे पक्ष के पास जाते हैं कि वैश्विक कोविड महामारी और उसके प्रभाव के कारण यह केवल खेल या राष्ट्रीय हित से जुड़ा मसला नहीं है तो तब यह मामला संयुक्त राष्ट्र के पास जा सकता है और खेलों के आयोजन का फैसला करने में उसे मध्यस्थ के रूप में शामिल किया जा सकता है। ’’ आईओसी और स्थानीय आयोजकों ने कहा कि इस बार ओलंपिक खेल स्थगित नहीं किये जा सकते हैं। अगर इनका आयोजन नहीं हो पाता है तो फिर इन्हें रद्द कर दिया जाएगा।





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