Famous Temple: मध्य प्रदेश के ऐतिहासिक Matangeshwar Temple में साक्षात महादेव, जानिए मंदिर का रोचक इतिहास

मध्य प्रदेश में स्थित इस मंदिर की खासियत जानकर आप भी हैरान रह जाएंगी। यहां फेमस शिव मंदिर में एक ऐसा शिवलिंग है, जो हर साल 1 इंच बढ़ता है। क्या आप भी इस रहस्यमयी मंदिर के बारे में जानना चाहती हैं।
वैसे तो मध्य प्रदेश में कई फेमस मंदिर हैं, जिनकी अपनी-अपनी खासियत है। लेकिन आज हम आपको एक ऐसे मंदिर के बारे में बताने जा रहे हैं, जोकि साधारण नहीं है। मध्य प्रदेश में स्थित इस मंदिर की खासियत जानकर आप भी हैरान रह जाएंगी। यहां फेमस शिव मंदिर में एक ऐसा शिवलिंग है, जो हर साल 1 इंच बढ़ता है। ऐसे में अगर आप भी इस रहस्यमयी मंदिर के बारे में जानना चाहती हैं, तो यह आर्टिकल आपके लिए है। हम आपको इस मंदिर के बारे में बताने जा रहे हैं।
MP का मतंगेश्वर महादेव मंदिर
मध्य प्रदेश के खुजराहो में एक फेमस शिव मंदिर है। यह कोई साधारण मंदिर नहीं है। बल्कि यहां स्थिति महादेव मंदिर में स्थापित शिवलिंग हर साल थोड़ा-थोड़ा बढ़ता है। यहां मंदिर में मौजूद पीतल-कास्य से ढका शिवलिंग करीब 9 फीट ऊंचा है। महादेव मंदिर की बनावट ऊंचे चबूतरे जैसी है। इस मंदिर के ऊपर बने ऊंचे-ऊंचे 'शिखर' कैलाश पर्वत का प्रतीक माने जाते हैं।
इसे भी पढ़ें: Narmadeshwar Shivling के पीछे का रहस्य, क्यों Narmada River का हर पत्थर माना जाता है शिव स्वरूप
10वीं शताब्दी में हुआ था निर्माण
यूनेस्को के मुताबिक मतंगेश्वर महादेव मंदिर का निर्माण 10वीं शताब्दी में हुआ था। इसको चंदेल वंश के राजा हर्षदेव के शासनकाल में बनवाया गया था। यह खुजराहो के सबसे पुराने मंदिरों में से एक है। यहां पर महाशिवरात्रि के मौके पर 3 दिनों तक भव्य मेला लगता है। यहां पर इस दौरान भोलेनाथ का जलाभिषेक और विशेष श्रृंगार होता है।
कब जाना रहेगा सही
अगर आप भी मंदिर दर्शन का प्लान बना रही हैं। तो सुबह सबसे पहले मतंगेश्वर मंदिर में दर्शन करें। फिर टिकट लेकर आसपास के ऐतिहासिक मंदिरों को एक्सप्लोर करें। यहां पर जाने का बेस्ट समय अक्तूबर से मार्च तक का है। वहीं सावन में भी यहां का मौसम सुहावना रहता है। मंदिर और ऐतिहासिक जगहों के अलावा आसपास आपको लोकल वेंडर्स और छोटे कैफे से आप बुंदेलखंडी खाने का लुत्फ उठा सकती हैं।
कैसे पहुंचे मतंगेश्वर महादेव मंदिर
अगर आप भी खुजराहो के मतंगेश्वर महादेव मंदिर जाने का मन बना रही हैं। तो आपको अपने किसी भी नजदीकी एयरपोर्ट से खुजराहो एयरपोर्ट पहुंचना होगा। अगर आप ट्रेन से जाती हैं, तो खुजराहो रेलवे स्टेशन तक जाएं। स्टेशन से पर्सनल कैब या ऑटो-रिक्शा करके मंदिर पहुंच सकती हैं। इसके अलावा सड़ग मार्ग से भी आप यहां तक आ सकती हैं।
अन्य न्यूज़













