India-South Korea का बड़ा ऐलान, 2030 तक व्यापार दोगुना कर $50 Billion पहुंचाने का लक्ष्य

पीएम मोदी ने दोनों देशों के बीच एक दशक तक चलने वाली परियोजना 'भारत-कोरिया डिजिटल ब्रिज' की शुरुआत की घोषणा की। इस पहल का उद्देश्य आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, सेमीकंडक्टर और सूचना प्रौद्योगिकी के क्षेत्रों में साझेदारी को और गहरा करना है।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने सोमवार को दक्षिण कोरिया के राष्ट्रपति ली जे-म्युंग के साथ एक संयुक्त प्रेस बयान में कहा कि ऐसे समय में जब दुनिया संघर्षों और देशों के बीच बढ़ते तनाव से जूझ रही है, भारत और दक्षिण कोरिया शांति और स्थिरता का संदेश दे रहे हैं। यह बयान तब आया जब पीएम मोदी और राष्ट्रपति म्युंग ने नई दिल्ली में राष्ट्रपति के भारत दौरे के दौरान एक द्विपक्षीय बैठक की। पीएम मोदी ने कहा कि वैश्विक तनाव के इस दौर में, भारत और कोरिया मिलकर शांति और स्थिरता का संदेश देते हैं। हमें बहुत खुशी है कि आज, कोरिया 'अंतर्राष्ट्रीय सौर गठबंधन' और 'हिंद-प्रशांत महासागर पहल' में शामिल हो रहा है। अपने साझा प्रयासों के माध्यम से हम एक शांतिपूर्ण, प्रगतिशील और समावेशी हिंद-प्रशांत क्षेत्र की दिशा में योगदान देना जारी रखेंगे। उन्होंने आगे कहा कि नई दिल्ली और सियोल इस बात पर सहमत हुए हैं कि वैश्विक चुनौतियों से निपटने के लिए वैश्विक संस्थाओं में सुधार आवश्यक हैं।
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भारत-कोरिया डिजिटल ब्रिज की शुरुआत
पीएम मोदी ने दोनों देशों के बीच एक दशक तक चलने वाली परियोजना "भारत-कोरिया डिजिटल ब्रिज" की शुरुआत की घोषणा की। इस पहल का उद्देश्य आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, सेमीकंडक्टर और सूचना प्रौद्योगिकी के क्षेत्रों में साझेदारी को और गहरा करना है। पीएम मोदी ने घोषणा की हम जहाज़ निर्माण, सस्टेनेबिलिटी, स्टील और बंदरगाहों जैसे क्षेत्रों में MoU पर हस्ताक्षर कर रहे हैं। सांस्कृतिक और रचनात्मक उद्योगों में सहयोग के माध्यम से, हम फ़िल्म, एनिमेशन और गेमिंग के क्षेत्र में भी नए कीर्तिमान स्थापित करेंगे। आज का बिज़नेस फ़ोरम इन अवसरों को ठोस परिणामों में बदलने के लिए एक मंच के रूप में काम करेगा।
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व्यापार को बढ़ाकर 50 अरब डॉलर तक किया जाएगा
प्रेस कॉन्फ्रेंस में बोलते हुए, राष्ट्रपति ली ने कहा कि भारत और दक्षिण कोरिया इस बात पर सहमत हुए हैं कि वे 2030 तक अपने मौजूदा 25 अरब डॉलर के सालाना व्यापार को बढ़ाकर लगभग 50 अरब डॉलर तक ले जाएंगे। विकसित भारत के लक्ष्य के बारे में बात करते हुए उन्होंने कहा कि दोनों पक्षों ने आपसी संबंधों को बढ़ावा देने के तरीकों पर चर्चा की और वैश्विक तथा क्षेत्रीय मामलों पर अपने विचार साझा किए। दक्षिण कोरियाई राष्ट्रपति ने कहा कि भारत 'ग्लोबल साउथ' में एक अग्रणी देश के रूप में उभरा है। आपके 'विकसित भारत 2047' के विज़न के तहत, भारत उल्लेखनीय विकास कर रहा है। वहीं, रिपब्लिक ऑफ कोरिया भी चिप-निर्माण, सेमीकंडक्टर और सांस्कृतिक उद्योगों के क्षेत्र में एक अग्रणी देश के रूप में विकसित हुआ है।
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