AAP सांसद ने राज्यसभा में दिया नोटिस, राज्य सरकार के मंत्रियों को परेशान करने के लिए न हो ED-सीबीआई का उपयोग

sanjay singh
ANI
अभिनय आकाश । Jul 25, 2022 1:35PM
आप सांसद संजय सिंह ने कहा कि मनीष सिसोदिया एक ईमानदार शिक्षा मंत्री हैं। वह दिल्ली में 18 लाख बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान करने के लिए चौबीसों घंटे मेहनत कर रहे हैं। उन्हें रोजाना प्रताड़ित करना और उन पर झूठे केस करना राज्य सरकार के कामकाज में बाधा उत्पन्न करने का प्रयास है।

दिल्ली के एलजी विनय कुमार सक्सेना ने आबकारी नीति-2021-22 में कथित नियमों और प्रक्रिया का उल्लंघन करने के आरोपों की जांच सीबीआई से कराने की सिफारिश कर आदमी पार्टी (आप) सरकार के सामने नयी मुश्किल खड़ी कर दी है। वहीं इसको लेकर कांग्रेस की भी दिल्ली इकाई ने केजरीवाल सरकार की आबकारी नीति (2021-22) में नियमों के कथित उल्लंघन और प्रक्रियागत खामियों के लिए उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया के इस्तीफे की मांग को लेकर आम आदमी पार्टी (आप) कार्यालय के बाहर प्रदर्शन किया। पूरे मामले पर आप सरकार मनीष सिसोदिया के साथ खड़ी नजर आ रही है। आम आदमी पार्टी के राज्यसभा सांसद संजय सिंह ने राज्य सरकार के मंत्री को परेशान किए जाने की सदन में चर्चा की बात करने हुए केंद्र सरकार को निशाने पर लिया है।

इसे भी पढ़ें: भाजपा के CMs से भी समर्थन मांगेंगी मार्गरेट अल्वा, बोलीं- मैं राज्यसभा के कामकाज में ला सकती हूं बदलाव

आप सांसद संजय सिंह ने कहा कि मनीष सिसोदिया एक ईमानदार शिक्षा मंत्री हैं। वह दिल्ली में 18 लाख बच्चों को गुणवत्तापूर्ण शिक्षा प्रदान करने के लिए चौबीसों घंटे मेहनत कर रहे हैं। उन्हें रोजाना प्रताड़ित करना और उन पर झूठे केस करना राज्य सरकार के कामकाज में बाधा उत्पन्न करने का प्रयास है। संजय सिंह ने कहा कि जिस तरह से केंद्र का हमारे प्रति द्वेष है और जिस तरह से जांच एजेंसियों का हमारे खिलाफ दुरुपयोग किया जा रहा है - मैंने राज्यसभा में नियम 267 के तहत नोटिस दिया कि राज्य सरकारों के मंत्रियों को परेशान करने के लिए ईडी, सीबीआई जैसी एजेंसियों का उपयोग करना सही नहीं है। इस पर सदन में चर्चा होनी चाहिए।

इसे भी पढ़ें: सांसदों ने रामनाथ कोविंद को दी विदाई, राष्ट्रपति ने कहा- पार्टियों को दलगत राजनीति से ऊपर उठना चाहिए

बता दें कि दिल्ली आबकारी नीति 2021-22 की जांच केन्द्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) से कराये जाने की अपनी सिफारिश के बाद उपराज्यपाल विनय सक्सेना ने मुख्य सचिव को इस नीति को कथित तौर पर अवैध तरीके से बनाने, संशोधन और कार्यान्वयन में अधिकारियों और नौकरशाहों की भूमिका पर एक रिपोर्ट प्रस्तुत करने का निर्देश दिया है। सूत्रों ने बताया कि उपराज्यपाल ने कहा है कि ऐसे अधिकारियों के खिलाफ कानून के अनुसार उचित कार्रवाई की जाएगी, जिनकी निगरानी में उल्लंघन और चूक हुई है। उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया दिल्ली सरकार के आबकारी विभाग के प्रभारी मंत्री हैं। सक्सेना पहले ही केजरीवाल सरकार की आबकारी नीति 2021-22 से संबंधित नियमों के कथित उल्लंघन और प्रक्रियागत खामियों की जांच सीबीआई से कराने की सिफारिश कर चुके हैं।

नोट:कोरोना वायरस से भारत की लड़ाई में हम पूर्ण रूप से सहभागी हैं। इस कठिन समय में अपनी जिम्मेदारी का पूर्णतः पालन करते हुए हमारा हरसंभव प्रयास है कि तथ्यों पर आधारित खबरें ही प्रकाशित हों। हम स्व-अनुशासन में भी हैं और सरकार की ओर से जारी सभी नियमों का पालन भी हमारी पहली प्राथमिकता है।

अन्य न्यूज़