जमानत मिलने के बाद जिग्नेश मेवानी ने दिखाए पुष्पा वाले तेवर, कहा- झुकूंगा नहीं

जमानत मिलने के बाद जिग्नेश मेवानी ने दिखाए पुष्पा वाले तेवर, कहा- झुकूंगा नहीं

मेवानी ने सत्तारूढ़ बीजेपी ने उनके खिलाफ एक महिला का इस्तेमाल करके केस तैयार करके एक कायरतापूर्ण काम किया है। साथ ही फिल्म पुष्पा की तरफ इशारा करते हुए उन्होंने कहा कि मैं नहीं झुकूंगा (झुकेगा नहीं)।

पुलिसकर्मी पर कथित हमले के मामले में ज़मानत मिलने पर गुजरात के विधायक जिग्नेश मेवानी ने कहा कि मुझे न्यायतंत्र पर भरोसा था, है और रहेगा... मुझे पुलिस से दुर्व्यवहार करना होता तो गुजरात से मुझे उठाया तब करता। ये भाजपा सरकार का षड्यंत्र है, वे मेरा हौसला तोड़ना चाहते हैं। इसके साथ ही मेवानी ने सत्तारूढ़ बीजेपी ने उनके खिलाफ एक महिला का इस्तेमाल करके केस तैयार करके एक कायरतापूर्ण काम किया है। साथ ही फिल्म पुष्पा की तरफ इशारा करते हुए उन्होंने कहा कि मैं नहीं झुकूंगा (झुकेगा नहीं)।

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गुजरात के एमएलए मेवाणी ने कहा कि कल मुझे कोर्ट से बहुत अच्छा ज़मानत आदेश मिला है। मैं उम्मीद करता हूं कि जैसे मेरे संवैधानिक मौलिक अधिकारों का उल्लंघन हुआ वैसे अब दोबारा असम या गुजरात के किसी भी विधायक या नागरिक के साथ नहीं होगा...मेरे साथ कांग्रेस पार्टी खड़ी रही, मैं धन्यवाद देता हूं। बता दें कि बारपेटा जिला एवं सत्र न्यायाधीश अपरेश चक्रवर्ती ने जमानत याचिका पर सुनवाई करते पिछले एक साल में पुलिस मुठभेड़ों का उल्लेख करते हुए गौहाटी उच्च न्यायालय से आग्रह किया कि वह राज्य पुलिस बल को ‘‘खुद में सुधार’’ करने का निर्देश दे। बारपेटा रोड पुलिस थाने में दर्ज मामले में मेवानी को एक हजार रुपये के निजी मुचलके पर जमानत दी गई।

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मेवानी को महिला पुलिस अधिकारी पर कथित रूप से उस समय हमला करने के आरोप में सोमवार को गिरफ्तार किया गया था, जब उन्हें एक पुलिस दल द्वारा गुवाहाटी से कोकराझार ले लाया जा रहा था। न्यायाधीश ने कहा कि उच्च न्यायालय असम पुलिस को ‘‘मौजूदा मामले की तरह झूठी प्राथमिकी दर्ज करने और आरोपियों को गोली मारने और मारने या घायल करने वाले पुलिस कर्मियों को रोकने के लिए खुद में सुधार करने का निर्देश देने पर विचार कर सकता है, जो राज्य में एक नियमित घटना बन गई है। 

  





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