हिजाब, हलाल मीट के बाद उपजा एक और विवाद, दिलीप घोष बोले- मुस्लिम देशों में भी माइक पर नहीं दी जाती अज़ान

Dilip Ghosh
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भाजपा उपाध्यक्ष दिलीप घोष ने बताया कि मुस्लिम देशों में भी अज़ान माइक पर नहीं दी जाती है। बाहरी देशों में कोई भी माइक नहीं है। ध्वनि प्रदूषण को देखते हुए ये फैसला लिया जा सकता है। जबकि कर्नाटक के मुख्यमंत्री बसवराज बोम्मई का मानना है कि अजान के मुद्दे को जोर जबरदस्ती से नहीं हल किया जाएगा।

नयी दिल्ली। हिजाब और हलाल मीट के बाद अब अजान मुद्दा देशभर में छाया हुआ है। अजान को लेकर उपजे विवाद पर अब पूरे देश के नेताओं के बयान सामने आ रहे हैं। इसी क्रम में भाजपा के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष दिलीप घोष का भी बयान सामने आया है। उन्होंने कहा कि मुस्लिम देशों में भी अज़ान माइक पर नहीं दी जाती है। ऐसे में ध्वनि प्रदूषण को देखते हुए फैसला लिया जा सकता है। 

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समाचार एजेंसी एएनआई के मुताबिक, भाजपा उपाध्यक्ष दिलीप घोष ने बताया कि मुस्लिम देशों में भी अज़ान माइक पर नहीं दी जाती है। बाहरी देशों में कोई भी माइक नहीं है। ध्वनि प्रदूषण को देखते हुए ये फैसला लिया जा सकता है। जबकि कर्नाटक के मुख्यमंत्री बसवराज बोम्मई का मानना है कि अजान के मुद्दे को जोर जबरदस्ती से नहीं बल्कि सभी को विश्वास में लेकर हल किया जाएगा।

लाउडस्पीकर को किया जाए बंद

महाराष्ट्र नवनिर्माण सेना (मनसे) के अध्यक्ष राज ठाकरे ने शनिवार को मस्जिदों के ऊपर लगे लाउडस्पीकर को बंद करने की मांग की थी। मुंबई के शिवाजी पार्क में आयोजित एक रैली में राज ठाकरे ने कहा था कि अगर मस्जिदों में लगे लाउडस्पीकर को तेज आवाज में बजाना बंद नहीं किया जाता है तो उनके बाहर तेज ध्वनि में हनुमान चालीसा बजाने वाले लाउडस्पीकर लगाए जाएंगे। 

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जिसके एक दिन बाद मनसे कार्यकर्ता ने मुंबई के असलफा इलाके में लाउडस्पीकर के जरिए हनुमान चालीसा बजाने का प्रयास किया। ऐसे में पुलिस ने मनसे कार्यकर्ता को हिरासत में ले लिया था। हालांकि रविवार की दोपहर मनसे कार्यकर्ता को छोड़ दिया गया था। इसके बाद सिंगर अनुराधा पोडवाल ने भी अजान को लेकर सवाल उठाया।

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