congress president election। 30 सितंबर को नामांकन दाखिल करेंगे दिग्विजय सिंह, शशि थरूर से मुकाबला

Digvijaya Singh
ANI
अंकित सिंह । Sep 29, 2022 12:48PM
नामांकन पत्र हासिल करने के बाद दिग्विजय सिंह ने कहा कि आज मैंने नामांकन पत्र हासिल कर लिया है। कल मैं अपना नामांकन दाखिल कर लूंगा। ऐसे में यह साफ हो चुका है कि कांग्रेस अध्यक्ष पद की लड़ाई अब शशि थरूर और दिग्विजय सिंह के बीच ही होगी।

कांग्रेस अध्यक्ष पद की रेस के बीच अब यह साफ हो गया है कि दिग्विजय सिंह चुनाव लड़ने जा रहे हैं। दिग्विजय सिंह ने आज अपना नामांकन पत्र हासिल कर लिया। दिग्विजय सिंह के मुताबिक वे 30 सितंबर यानी कि कल अपना नामांकन पत्र दाखिल करेंगे। दिग्विजय सिंह की उम्मीदवारी का कांग्रेस आलाकमान की ओर से भी समर्थन है। दिग्विजय सिंह को गांधी परिवार का बेहद भरोसेमंद माना जाता है। पहले अशोक गहलोत का नाम चल रहा था। हालांकि, जिस तरीके से राजस्थान में राजनीतिक घटनाक्रम हुआ, उसके बाद से गांधी परिवार की ओर से उन्हें समर्थन नहीं मिला। यही कारण है कि अशोक गहलोत फिलहाल नामांकन पत्र दाखिल नहीं करने जा रहे हैं। खबर तो यह भी है कि अशोक गहलोत दिल्ली में हैं। लेकिन उन्हें सोनिया गांधी से मुलाकात का समय नहीं मिला है। 

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नामांकन पत्र हासिल करने के बाद दिग्विजय सिंह ने कहा कि आज मैंने नामांकन पत्र हासिल कर लिया है। कल मैं अपना नामांकन दाखिल कर लूंगा। ऐसे में यह साफ हो चुका है कि कांग्रेस अध्यक्ष पद की लड़ाई अब शशि थरूर और दिग्विजय सिंह के बीच ही होगी। शशि थरूर भी 30 सितंबर को ही अपना नामांकन दाखिल करेंगे। शशि थरूर ने भी नामांकन पत्र हासिल कर लिया है। इसके अलावा एक नामांकन पत्र पवन कुमार बंसल के पास है। हालांकि, वह चुनाव नहीं लड़ने वाले हैं। कुल मिलाकर देखें तो मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री रहे दिग्विजय सिंह फिलहाल कांग्रेस अध्यक्ष पद की रेस में सबसे आगे चल रहे हैं। गांधी परिवार के बेहद भरोसेमंद दिग्विजय ने आलाकमान की मंजूरी के बाद चुनाव लड़ने का फैसला लिया है। 

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दिग्विजय सिंह के चुनाव लड़ने की खबर बुधवार को ही आ गई थी। हालांकि, औपचारिक तौर पर आज उन्होंने इस बात का ऐलान किया है। खबर यह भी थी कि अशोक गहलोत को मनाने की कोशिश की जा रही है। मुकुल वासनिक ने अशोक गहलोत से मुलाकात भी की थी। लेकिन इस मुलाकात के बाद क्या कुछ हुआ है, इस बात की जानकारी अब तक नहीं मिल पाई है। इससे पहले कांग्रेस के लिए संकटमोचक माने जाने वाले एके एंटनी ने भी सोनिया गांधी से मुलाकात की थी। एके एंटनी ने राजनीति से संन्यास की घोषणा की थी। बावजूद उन्हें कल आलाकमान की ओर से याद किया गया था और वे दिल्ली पहुंचे थे। सोनिया गांधी से मुलाकात के बाद एके एंटनी ने कहा था कि हमारे बीच राजनीतिक बातचीत हुई है। एके एंटनी ने पवन कुमार बंसल से भी मुलाकात की थी। 

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