इजरायली दूतावास: धमाके वाली जगह से मिला लिफाफा, 'जैश उल हिंद' ने ली हमले की जिम्मेदारी

इजरायली दूतावास: धमाके वाली जगह से मिला लिफाफा, 'जैश उल हिंद' ने ली हमले की जिम्मेदारी

बताया जा रहा है कि लिफाफे में इस ब्लास्ट को ट्रेलर बताया गया है और बदला लेने की बात कही गई है। लिफाफे में 2020 में मारे गए कासिम सुलेमानी और ईरान के वरिष्ठ परमाणु वैज्ञानिक मोहसिन फखरीजादेह के बारे में भी लिखा हुआ है।

दिल्ली के सबसे सुरक्षित इलाके के पास बीते दिन एक धमाका हुआ। धमाके वाली जगह से एक दुपट्टा और लिफाफा बरामद हुआ है। जिसकी जांच सुरक्षा एजेंसियां कर रही हैं। मिली जानकारी के मुताबिक जैश उल हिंद ने इस हमले की जिम्मेदारी ली है। हालांकि इस संगठन के बारे में अभी ज्यादा जानकारी नहीं मिल सकी है।

सूत्रों से जानकारी मिली कि लिफाफे में इजराइली दूतावास का पता लिखा हुआ है। वहीं, दिल्ली पुलिस के अतिरिक्त जनसंपर्क अधिकारी अनिल मित्तल ने बताया कि अति-सुरक्षित इलाके में हुए धमाके में कुछ कारें क्षतिग्रस्त हुई हैं और प्रारंभिक जांच में प्रतीत हुआ है कि किसी ने सनसनी पैदा करने के लिए यह शरारत की। लेकिन इस हल्के धमाके ने सरकार को सतर्क कर दिया। गृह मंत्री अमित शाह ने आनन-फानन में उच्च अधिकारियों से साथ मीटिंग में जुट गए तो विदेश मंत्री एस जयशंकर और एनएसए अजित डोभाल इजराइल के अपने समकक्षों से बातचीत कर रिश्तों को मजबूत करने में जुट गए। इतना ही नहीं गृह मंत्री ने तो अपना बंगाल दौरा भी रद्द कर दिया। 

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हिन्दुस्तान के सबसे बेहतरीन मित्र देश इजराइल को भारत सरकार पर पूरा भरोसा है। प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू ने ‘पूर्ण विश्वास’ जताया और कहा कि भारत में रह रहे इजराइल के सभी लोगों और यहूदियों की भारत के अधिकारी सुरक्षा सुनिश्चित करेंगे।

अब वापस बात विस्फोट स्थल से मिले लिफाफे की करते हैं। बताया जा रहा है कि लिफाफे में इस ब्लास्ट को ट्रेलर बताया गया है और बदला लेने की बात कही गई है। लिफाफे में 2020 में मारे गए कासिम सुलेमानी और ईरान के वरिष्ठ परमाणु वैज्ञानिक मोहसिन फखरीजादेह के बारे में भी लिखा हुआ है। लिफाफा मिलने के बाद ही ईरान कनेक्शन की आशंका जताई जाने लगी और एजेंसियां भी इसमें जुट गईं। बताया जा रहा है कि दिल्ली पुलिस समेत छह सुरक्षा एजेसियां इस मामले की जांच में जुटी हुई हैं। 

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ईरान कनेक्शन की बात इसलिए भी सामने आई क्योंकि पहले भी ऐसी साजिश रची जा चुकी है। साल 2012 में इजरायल की एक कार में धमाका हुआ था। इस धमाके में 2 ईरानी शामिल थे। यह लोग दिल्ली के पहाड़गंज  में रुके हुए थे। हालांकि यह लोग धमाके के बाद फरार हो गए थे जिनका अभी तक कुछ पता नहीं चल सका है।

बीते दिनों इजरायली दूतावास के पास धमाका उस वक्त हुआ जब विजय चौक पर राष्ट्रपति रामनाथ कोविंद, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी समेत कई बड़ी हस्तियां बीटिंग रिट्रीट समारोह का लुत्फ उठा रही थी। हालांकि, धमाके के तुरंत बाद ही अलर्ट जारी कर दिया गया। एयरपोर्ट्स पर सुरक्षा बढ़ा दी गई। 

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बताया जा रहा है कि धमाके के लिए बम में अमोनियम नाइट्रेट का इस्तेमाल किया गया है। हालांकि इसकी पुष्टी नहीं हुई है। लेकिन धमाके की वजह से आस-पास मौजूद गाड़ियों के शीशे पूरी तरह से क्षतिग्रस्त हो गए हैं।





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