दो दिन...7 घंटे लाइन में लगने के बाद केजरीवाल ने भरा नामांकन

दो दिन...7 घंटे लाइन में लगने के बाद केजरीवाल ने भरा नामांकन

नई दिल्ली विधानसभा सीट से अपना नामांकन दाखिल करने के लिए केजरीवाल कतार में 45वें स्थान पर थे। केजरीवाल को सोमवार को नामांकन दाखुल करना था पर भीड़ की वजह से वह नहीं कर पाए।

नयी दिल्ली। आम आदमी पार्टी (आप) ने कहा कि दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने मंगलवार को लगभग सात घंटे के इंतजार के बाद अपना नामांकन पत्र दाखिल किया। नई दिल्ली विधानसभा सीट से अपना नामांकन दाखिल करने के लिए केजरीवाल कतार में 45वें स्थान पर थे। केजरीवाल को सोमवार को नामांकन दाखुल करना था पर भीड़ की वजह से वह नहीं कर पाए। 

केजरीवाल ने 2015 में इस सीट से ऐतिहासिक जीत हासिल की थी। आप के प्रवक्ता सौरभ भारद्वाज ने कहा कि केजरीवाल ने शाम लगभग साढ़े छह बजे अपना नामांकन पत्र दाखिल किया।

आम आदमी पार्टी नेताओं ने दावा किया कि अधूरे कागजात के साथ आए 35 उम्मीदवारों ने कहा कि जब तक वह नामांकन नहीं भर लेते तब तक मुख्यमंत्री को नामांकन नहीं भरने देंगे। पार्टी नेताओं को इसमें साजिश दिखी। प्रक्रिया के अनुसार नामांकन तीन बजे तक ही भरा जा सकता है लेकिन पर्चा दाखिल करने के लिए टोकन ले चुके प्रत्याशियों को उनकी बारी आने तक पर्चा दाखिल करने दिया जाता है। दिल्ली के उप मुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने कहा कि भाजपा चाहे जितनी साजिश कर ले वह केजरीवाल को नामांकन भरने से नहीं रोक सकती। उन्होंने विधायक सौरभ भारद्वाज के ट्वीट को टैग करते हुए ट्वीट किया, “भाजपावालों तुम चाहे जितनी साजिश रच लो तुम केजरीवाल को नामांकन भरने और तीसरी बार दिल्ली का मुख्यमंत्री बनने से नहीं रोक सकते। तुम्हारी साजिश से कुछ नहीं मिलने वाला।” 

भारद्वाज ने आरोप लगाया था कि कार्यालय में मुख्यमंत्री के साथ 35 उम्मीदवार बैठे थे जिनके पास नामांकन के पर्याप्त दस्तावेज या दस प्रस्तावक भी नहीं थे। उन्होंने कहा, “उम्मीदवारों जिद कर रहे हैं जब तक उनके कागजात पूरे नहीं हो जाते और वह नामांकन नहीं भर लेते तब तक वह मुख्यमंत्री को नामांकन नहीं भरने देंगे।”  भारद्वाज के ट्वीट का उत्तर देते हुए केजरीवाल ने कहा कि इससे कोई फर्क नहीं पड़ता क्योंकि उनमें से बहुत से लोग पहली बार नामांकन भर रहे हैं। केजरीवाल ने ट्वीट किया, “कोई फर्क नहीं पड़ता। उनमें से बहुत से लोग पहली बार नामांकन भर रहे हैं। उनसे गलती होगी ही। हमने भी पहली बार में गलतियां की थीं। हमें उनकी सहायता करनी चाहिए। मुझे अच्छा लग रहा है और मैं उनके साथ प्रतीक्षा कर रहा हूँ। वे सभी मेरे परिवार के अंग हैं।”





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