Kerala में डूबते व्यक्ति को बचाने वाले R Rajesh का हुआ राजकीय सम्मान से अंतिम संस्कार

कन्नूर के मीनथुल्ली द्वीप के पास उफनती करियांगोड नदी में बाढ़ से एक बुजुर्ग को बचाते समय अपनी लाइफ जैकेट देने वाले तैराकी प्रशिक्षक आर. राजेश का कल्लियूर स्थित आवास पर पूरे राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार कर दिया गया। अंतिम विदाई के दौरान पुलिस बल ने बंदूकों की सलामी दी और बड़ी संख्या में स्थानीय लोग तथा राजनीतिक नेता उपस्थित रहे। राजेश ने पूर्व में 2018 की बाढ़ और 2024 की वायनाड आपदा के दौरान भी एक स्वयंसेवक के रूप में अपनी सेवाएं दी थीं।
तिरुवनंतपुरम, पांच अगस्त कन्नूर जिले में एक अगस्त को मीनथुल्ली द्वीप के पास बाढ़ के पानी में बहे एक व्यक्ति को बचाते समय अपनी जान गंवाने वाले तैराकी प्रशिक्षक आर. राजेश का बुधवार को पूर्ण राजकीय सम्मान के साथ अंतिम संस्कार किया गया। इस दौरान कल्लियूर स्थित उनके घर पर अत्यंत भावुक दृश्य देखने को मिला। कल्लियूर निवासी राजेश के बेटे जब अपने पिता का चेहरा आखिरी बार देखने की गुहार बार-बार लगाने लगे, तो मुख्यमंत्री वी. डी. सतीशन भी काफी भावुक हो गए।
सतीशन शोकाकुल परिवार के पास खड़े रहे और फिर आंखों में आंसू लिए वहां से चले गए। मुख्यमंत्री और राज्य के मंत्रियों सहित अन्य राजनीतिक नेताओं द्वारा राजेश के पार्थिव शरीर को श्रद्धांजलि दिए जाने के बाद वर्दीधारी पुलिसकर्मियों द्वारा बंदूकों की सलामी के साथ अंतिम संस्कार किया गया। राजेश का शव जनता के दर्शन के लिए रखे जाने पर सैकड़ों लोग उन्हें अंतिम श्रद्धांजलि देने के लिए उनके आवास पर एकत्र हुए।
उनके पिता ने पत्रकारों से कहा कि परिवार को मंगलवार तक यह उम्मीद थी कि राजेश जीवित लौट आएंगे, लेकिन शव बरामद होने के बाद उनकी सारी उम्मीदें टूट गईं। इससे पहले दिन में सतीशन ने यहां एक संवाददाता सम्मेलन में कहा कि सरकार राजेश के अधूरे पड़े मकान का निर्माण कार्य पूरा कराएगी। राजेश ने उफनती करियांगोड नदी से बचाए गए व्यक्ति को अपनी लाइफ जैकेट दे दी थी, जो अंततः उनकी जान पर भारी पड़ा।
बाढ़ के पानी से बचाए गए 61 वर्षीय निवासी बेनी को सुरक्षित वापस लाते समय वह तेज बहाव में बह गए थे। मंगलवार को उनका शव बरामद किया गया था। मुख्यमंत्री ने इस घटना को हृदयविदारक बताया और कहा कि राजेश एक समर्पित बचाव कर्मी थे, जिन्होंने केरल की पिछली बाढ़ और वायनाड आपदा के दौरान स्वेच्छा से सेवाएं दी थीं।
सतीशन ने एक्स पर एक पोस्ट में कहा, राजेश ने बाढ़ के पानी में समाने से पहले कन्नूर के पुलिंगोम में एक डूबते व्यक्ति को बचाने के लिए अपनी जीवनरक्षक जैकेट दे दी। उनके इस सर्वोच्च बलिदान और मानवता के प्रति नि:स्वार्थ प्रेम को हमेशा याद रखा जाएगा। उनके परिवार, दोस्तों और प्रियजनों के प्रति मेरी गहरी संवेदनाएं।
उनका साहस हमेशा जीवित रहेगा। भारतीय जनता पार्टी की प्रदेश इकाई के अध्यक्ष राजीव चंद्रशेखर ने तिरुवनंतपुरम निवासी राजेश के निधन पर शोक व्यक्त किया। नेमम निर्वाचन क्षेत्र से भाजपा विधायक चंद्रशेखर ने कहा कि राजेश 2018 की बाढ़, 2024 की वायनाड आपदा और 2026 की बाढ़ के नायक थे।
भाजपा नेता ने एक्स पर एक पोस्ट में कहा, कल्लियूर, तिरुवनंतपुरम के आर. राजेश एक बचाव में जुटे स्वयंसेवी और ‘रैपलिंग प्रशिक्षक’ थे, जिन्होंने जब भी केरल को जरूरत पड़ी, अपनी सेवा दी। वह 2018 की बाढ़ के दौरान आगे आए। वह 2024 में वायनाड भूस्खलन त्रासदी के दौरान बचाव दल में शामिल थे और 2026 में उन्होंने सर्वोच्च बलिदान दिया।
राज्य विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष पिनराई विजयन ने मंगलवार को तैराकी प्रशिक्षक के निधन पर शोक व्यक्त किया।
अन्य न्यूज़













