दिल्ली से नोएडा आ रहे 165 लोगों की रैंडम कोविड-19 टेस्ट, तीन संक्रमित मिले

  •  प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क
  •  नवंबर 19, 2020   08:35
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दिल्ली से नोएडा आ रहे 165 लोगों की रैंडम कोविड-19 टेस्ट, तीन संक्रमित मिले

गौतमबुद्ध नगर जिले के मुख्य चिकित्सा अधिकारी दीपक ओहरी ने बताया कि स्वास्थ्य कर्मियों की टीमें दिल्ली-नोएडा डायरेक्ट (डीएनडी) फ्लाईवे और चिल्ला पर मौजूद रहीं जो राष्ट्रीय राजधानी से नोएडा में प्रवेश करने के अहम बिंदु हैं।

नोएडा। गौतमबुद्ध नगर जिले के स्वास्थ्य अधिकारियों ने बुधवार से दिल्ली-नोएडा सीमा के दो अहम बिंदुओं पर राष्ट्रीय राजधानी से जिले में आने वाले लोगों की औचक कोविड-19 जांच शुरू की। औचक जांच की घोषणा जिलाधिकारी सुहास एलवाई ने दिल्ली में कोविड-19 के बढ़ते मामलों के मद्देनजर स्वास्थ्य अधिकारियों के साथ हुई बैठक के बाद की थी। गौतमबुद्ध नगर जिले के मुख्य चिकित्सा अधिकारी दीपक ओहरी ने बताया कि स्वास्थ्य कर्मियों की टीमें दिल्ली-नोएडा डायरेक्ट (डीएनडी) फ्लाईवे और चिल्ला पर मौजूद रहीं जो राष्ट्रीय राजधानी से नोएडा में प्रवेश करने के अहम बिंदु हैं। 

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बयान के मुताबिक बुधवार को 165 लोगों की कोविड-19 जांच रैपिड एंटीजन किट से हुई जिनमें से तीन को संक्रमित पाया गया। स्वास्थ्य अधिकारियों ने बताया कि 81 लोगों की जांच डीएनडी फ्लाईवे पर और 84 लोगों की जांच चिल्ला बिंदु पर की गई।





Disclaimer:प्रभासाक्षी ने इस ख़बर को संपादित नहीं किया है। यह ख़बर पीटीआई-भाषा की फीड से प्रकाशित की गयी है।


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किसानों की ट्रैक्टर परेड में हिंसा के बाद दिल्ली में और संख्या में अर्द्धसैनिक बलों की तैनाती

  •  प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क
  •  जनवरी 27, 2021   09:50
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किसानों की ट्रैक्टर परेड में हिंसा के बाद दिल्ली में और संख्या में अर्द्धसैनिक बलों की तैनाती

राष्ट्रीय राजधानी में किसानों की ट्रैक्टर परेड हिंसक होने के बाद शांति स्थापित करने और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए केन्द्र सरकार ने मंगलवार को दिल्ली में और अधिक संख्या में अर्द्धसैनिक बलों को तैनात करने का फैसला किया।

नयी दिल्ली। राष्ट्रीय राजधानी में किसानों की ट्रैक्टर परेड हिंसक होने के बाद शांति स्थापित करने और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए केन्द्र सरकार ने मंगलवार को दिल्ली में और अधिक संख्या में अर्द्धसैनिक बलों को तैनात करने का फैसला किया। यह जानकारी अधिकारियों ने दी। केन्द्रीय गृह मंत्री अमित शाह की अध्यक्षता में हुई एक उच्चस्तरीय बैठक में यह फैसला लिया गया। इस बैठक में केन्द्रीय गृह सचिव अजय भल्ला, दिल्ली पुलिस आयुक्त एस. एन. श्रीवास्तव सहित अन्य लोगों ने हिस्सा लिया। समझा जाता है कि शाह ने दिल्ली पुलिस को हिंसा में शामिल व्यक्तियों की पहचान करने और उनके खिलाफ कार्रवाई करने का निर्देश दिया है।

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गृह मंत्रालय के एक अधिकारी ने बताया कि दिल्ली में संवेदनशील जगहों पर अतिरिक्त संख्या में अर्द्धसैनिक बलों को तैनात किया जाएगा। कितनी संख्या में अर्द्धसैनिक बलों को तैनात किया जा रहा है, इसकी पुख्ता जानकारी नहीं है, लेकिन अधिकारियों का कहना है कि करीब 1,500 से 2,000 कर्मियों (15-20 कंपनियों) को तैनात किया जाएगा। गणतंत्र दिवस समारोह के मद्देनजर राजधानी में पहले से अर्द्धसैनिक बलों के करीब 4,500 कर्मी तैनात हैं। मंत्रालय ने हालात के मद्देनजर आज दिन में दिल्ली के कुछ इलाकों जैसे सिंघू, गाजीपुर, टीकरी, मुकरबा चौक और नांगलोई और उनके आसपास के क्षेत्रों में दोपहर से 12 घंटे के लिए इंटरनेट सेवा स्थगित कर दी।

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गृह मंत्रालय ने आदेश जारी किया है, ‘‘ भारतीय टेलीग्राफ अधिनियम, 1855 की धारा 7 के तहत प्रदत्त अधिकारों और जन सुरक्षा बनाए रखने के लिए तथा अन्य कारणों से दिल्ली के क्षेत्रों...में 26 जनवरी दोपहर 12 बजे से रात 11 बजकर 59 मिनट तक इंटरनेट सेवा अस्थायी तौर पर निलंबित करने का आदेश जारी करना जरूरी हो गया है। हालात के मद्देनजर दिल्ली में त्वरित कार्रवाई बल के कर्मियों को भी तैनात किया गया है और उत्पन्न वर्तमान स्थिति के मद्देनजर निगरानी कड़ी कर दी गई है। अधिकारियों ने बताया कि इससे पहले दिन में केंद्रीय गृह सचिव भल्ला ने गृह मंत्री अमित शाह को हालात की जानकारी दी।

एक अन्य अधिकारी ने बताया कि गृह मंत्री ने ट्रैक्टरों पर सवार सैकड़ों प्रदर्शनकारियों द्वारा लाल किला और आईटीओ में प्रवेश करने के लिए अवरोधकों को तोड़े जाने के बाद स्थिति की समीक्षा की। बैठक में कुछ अन्य अधिकारी भी मौजूद थे। गौरतलब है कि किसानों की ट्रैक्टर परेड कई जगहों पर हिंसक हो गयी जिसके कारण पुलिस को लाठीचार्ज करना पड़ा और आंसू गैस के गोले दागने पड़े। किसानों का एक समूह लाल किला भी पहुंच गया जहां उन्होंने किले के गुंबदों पर झंडे फहराये। लाठी-डंडे, हाथों में तिरंगा और अपने संगठनों का झंडा लिए हजारों की संख्या में किसानों ने ट्रैक्टरों पर सवार होकर अवरोधक तोड़े और विभिन्न रास्तों से दिल्ली में प्रवेश करने के बाद वे लाल किला पहुंच गए।





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ट्रैक्टर परेड की हिंसा के बाद छावनी में तब्दील हुई दिल्ली! सुरक्षा बल तैनात, कई मेट्रो स्टेशन सहित रास्ते बंद

  •  रेनू तिवारी
  •  जनवरी 27, 2021   09:17
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ट्रैक्टर परेड की हिंसा के बाद छावनी में तब्दील हुई दिल्ली! सुरक्षा बल तैनात, कई मेट्रो स्टेशन सहित रास्ते बंद

केंद्र के तीन कृषि कानूनों के खिलाफ राष्ट्रीय राजधानी में मंगलवार को किसानों के ट्रैक्टर परेड के दौरान हुई हिंसा, तोड़-फोड़ और अन्य अप्रिय घटनाओं के कारण बुधवार दिल्ली छावनी में तब्दील हो गयी है।

केंद्र के तीन कृषि कानूनों के खिलाफ राष्ट्रीय राजधानी में मंगलवार को किसानों के ट्रैक्टर परेड के दौरान हुई हिंसा, तोड़-फोड़ और अन्य अप्रिय घटनाओं के कारण बुधवार दिल्ली छावनी में तब्दील हो गयी है। दिल्ली पुलिस मे 15 लोगों के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर ली है।  दिल्ली में जगह-जगह फोर्स लगाई गयी है। लोगों की कड़ी जांच कर रही हैं पुलिस। दिल्ली में पुलिस बल के साथ सीआरपीएफ की 15 कंपनियां तैनात की गई हैं।

गाजीपुर मंडी, NH-9 और NH-24 को ट्रैफिक मूवमेंट के लिए बंद कर दिया गया है। दिल्ली से गाजियाबाद आने वाले लोगों को शाहदरा, करकरी मोर और डीएनडी के साइड से  दिल्ली ट्रैफिक पुलिस जाने की सलाह दे रही है। राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली  के लाल किले में सुरक्षा कड़ी कर दी गई।प्रदर्शनकारियों का एक समूह किले की प्राचीर पर चढ़ गया और कल झंडे फहराए थे।

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दिल्ली मेट्रो रेल कॉर्पोरेशन ने भी सुरक्षा करणों से जामा मस्जिद और लाल किला मेट्रो स्टेशन के प्रवेश द्वार बंद हैं। इस स्टेशन से बाहर निकलने की अनुमति है। अन्य सभी स्टेशन खुले हैं। सभी लाइनों पर सामान्य सेवाएं है। इसके अलावा दिल्ली आइटीओ से जुड़े कई सड़कों को बंद कर दिया गया है।  दिल्ली सिंघू सीमा पर सुरक्षा बढ़ाई गई जहां किसान किसान बिल का विरोध कर रहे हैं। 





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किसान नेता राकेश टिकैत ने कहा- ट्रैक्टर परेड के दौरान हिंसा के पीछे असामाजिक तत्व थे

  •  प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क
  •  जनवरी 27, 2021   08:53
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किसान नेता राकेश टिकैत ने कहा- ट्रैक्टर परेड के दौरान हिंसा के पीछे असामाजिक तत्व थे

भारतीय किसान यूनियन के नेता राकेश टिकैत ने कहा कि मंगलवार को राष्ट्रीय राजधानी में किसानों की ट्रैक्टर परेड के दौरान हुई हिंसा के पीछे कुछ असामाजिक तत्व थे।

गाजियाबाद। भारतीय किसान यूनियन के नेता राकेश टिकैत ने कहा कि मंगलवार को राष्ट्रीय राजधानी में किसानों की ट्रैक्टर परेड के दौरान हुई हिंसा के पीछे कुछ असामाजिक तत्व थे। उन्होंने कहा कि दिल्ली पुलिस की कार्रवाइयों के कारण कुछ असामाजिक तत्व परेड में शामिल हो गए और यह हिंसा का कारण बना।

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भारतीय किसान यूनियन (बीकेयू) के राष्ट्रीय प्रवक्ता ने एक बयान में यह भी आरोप लगाया कि दिल्ली पुलिस ने परेड के पहले से तय मार्गों के कुछ स्थानों पर गलत तरीके से बैरिकेड लगाए थे। टिकैत ने कहा, यह जानबूझकर किसानों को बरगलाने के लिए किया गया था, इस वजह से ट्रैक्टरों पर किसान भटक गए।”

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उन्होंने दावा किया कि इससे असामाजिक तत्वों को ट्रैक्टर परेड में प्रवेश का मौका मिला। उन्होंने कहा कि बीकेयू शांतिपूर्ण प्रदर्शन में विश्वास करता है और हिंसा के पीछे उपद्रवियों की पहचान करेगा।





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