स्कूल खुल गए लेकिन खाली दिखी क्लासरूम, ऑफलाइन से ज्यादा ऑनलाइन जुड़े बच्चे

पहले दिन कम बच्चों के आने पर टीचरों ने अभिभावकों से बच्चों को स्कूल भेजने और छात्रों से स्कूल आने की अपील की है। टीचरों ने कहा कि बोर्ड परीक्षा से पहले यह टाइम रिवीजन का समय है। बच्चों को स्कूल भेजें कोरोना संक्रमण से न डरें।
भोपाल। मध्य प्रदेश में आज यानी मंगलवार से स्कूल खुल गए हैं। पहले दिन बहुत कम संख्या में स्टूडेंट स्कूल पहुंचे। पहले दिन ऑफलाइन से ज्यादा ऑनलाइन क्लास से ज्यादा बच्चे जुड़े। भोपाल के स्कूलों में एक क्लास में औसतन 10 बच्चे ही पढ़ने के लिए पहुंचे।
वहीं पहले दिन कम बच्चों के आने पर टीचरों ने अभिभावकों से बच्चों को स्कूल भेजने और छात्रों से स्कूल आने की अपील की है। टीचरों ने कहा कि बोर्ड परीक्षा से पहले यह टाइम रिवीजन का समय है। बच्चों को स्कूल भेजें कोरोना संक्रमण से न डरें।
इसे भी पढ़ें:भारत में कोरोना वायरस संक्रमण के 1.67 लाख से अधिक नए मामले, 1192 लोगों की मौत
दरअसल मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने 16 जनवरी से 31 जनवरी तक स्कूल बंद करने का फैसला लिया गया था। उसी समय मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान ने चिकित्सों और शिक्षा विभाग के अधिकारियों के साथ बैठक के बाद मंगलवार से पहली से लेकर 12वीं तक के स्कूलों को खोलने का आदेश जारी किया था।
आपको बता दें कि एग्जाम पर स्कूल शिक्षा मंत्री इंदर सिंह परमार ने कहा था कि एमपी बोर्ड की परीक्षाओं का टाइम टेबल पहले ही जारी कर दिया गया है। उसे हम ऑफलाइन मोड में समय पर कराने के प्रयास में है। अगर कोई व्यवधान आता है, तो फिर आगे का निर्णय लिया जाएगा।
10वीं की परीक्षाएं 18 फरवरी से शुरू होकर 10 मार्च तक और 12वीं की परीक्षाएं 17 फरवरी से शुरू होकर 12 मार्च तक चलेगी। पहली बार पेपर सुबह 10 बजे से दोपहर 1 बजे के बीच होगा। छात्रों को सुबह साढ़े 8 बजे पहुंचना होगा।
अन्य न्यूज़














