Tamil Nadu में अकेले लड़ेंगे Thalapathy Vijay, BJP-NDA से Alliance की अटकलों पर लगाया Full Stop

अभिनेता विजय की पार्टी तमिलगा वेत्री कज़गम (टीवीके) ने भाजपा-एनडीए के साथ गठबंधन की अटकलों को खारिज करते हुए पुष्टि की है कि वह तमिलनाडु विधानसभा चुनाव अकेले लड़ेगी। इस घोषणा ने राज्य में डीएमके, एआईएडीएमके और एनडीए के बीच एक स्पष्ट चार-कोणीय मुकाबले की नींव रख दी है।
तमिलगा वेत्री कज़गम (टीवीके) ने उन खबरों को बेबुनियाद और पूरी तरह से झूठा बताया जिनमें कहा गया था कि पार्टी 23 अप्रैल को होने वाले तमिलनाडु विधानसभा चुनावों के लिए एआईएडीएमके और भाजपा के साथ गठबंधन वार्ता कर रही है। अभिनेता विजय के नेतृत्व वाली पार्टी की ओर से यह स्पष्टीकरण उन मीडिया रिपोर्टों के बाद आया है जिनमें कहा गया था कि टीवीके को राष्ट्रीय लोकतांत्रिक गठबंधन (एनडीए) में शामिल होने के लिए उपमुख्यमंत्री पद के साथ-साथ लगभग 50 से 70 सीटें देने की पेशकश की गई है।
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सोमवार रात को विजय ने भाजपा के नेतृत्व वाले एनडीए के साथ संभावित गठबंधन की अटकलों को सिरे से खारिज करते हुए दोहराया कि उनकी पार्टी, तमिलगा वेट्री कज़गम (टीवीके), आगामी तमिलनाडु विधानसभा चुनावों में अकेले चुनाव लड़ेगी। इस कदम से राज्य में चार-कोणीय मुकाबले की नींव रखी गई है। उनका यह बयान ऐसे समय आया है जब कुछ दिन पहले ऐसी खबरें आई थीं कि टीवीके और भाजपा के नेतृत्व वाले एनडीए के बीच बातचीत अंतिम चरण में है।
विजय ने यह घोषणा पट्टिनापक्कम में टीवीके के कार्यकारियों की बैठक में की, जहां उन्होंने कहा कि पार्टी ने किसी भी राजनीतिक दल से गठबंधन के बारे में कोई बातचीत नहीं की है और अपने पहले चुनावी मुकाबले में अकेले ही उतरेगी। विजय ने बैठक में आत्मविश्वास से भरे लहजे में कहा कि हम अकेले ही चुनाव लड़ेंगे। निर्वाचन क्षेत्रों में जाकर फील्ड वर्क करेंगे। उम्मीदवारों की सूची जल्द ही घोषित की जाएगी। मैं पूरे तमिलनाडु का दौरा भी करूंगा। हम चुनाव जरूर जीतेंगे।
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संयुक्त महासचिव और प्रधान प्रवक्ता सी टी आर निर्मल कुमार द्वारा जारी बयान में कहा गया है कि उपर्युक्त दलों या राजनीतिक नेताओं के साथ किसी भी स्तर पर कोई बातचीत या चर्चा नहीं हुई है। इसमें कहा गया है कि पहले भी कांग्रेस समेत अन्य पार्टियों को जोड़कर इसी तरह के झूठे प्रचार किए गए थे। अंततः सबको पता चल गया कि ये सब झूठे थे। फिर भी, डीएमके के सदस्य सिर्फ लोगों में भ्रम पैदा करने के लिए इस तरह की निराधार खबरें फैलाते रहते हैं।
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