पश्चिम बंगाल और असम में पहले चरण के लिए हो रहा मतदान, सुरक्षा के कड़े इंतजाम

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श्चिम बंगाल में पहले चरण में 30 विधानसभा सीटों पर चुनाव हो रहा है, जिनमें से अधिकतर सीटें एक समय नक्सल प्रभावित रहे जंगलमहल इलाके में आती हैं। ऐसे में सबकी निगाहें इसी क्षेत्र पर टिकी हैं।

कोलकाता। पश्चिम बंगाल और असम विधानसभा चुनाव के पहले चरण के लिए मतदान शुरू हो गया है। पहले चरण में कई प्रमुख उम्मीदवारों की किस्मत दांव पर लगी है। दोनों राज्यों में पहले चरण में पंजीकृत मतदाताओं की संख्या 1.54 करोड़ से अधिक है। पश्चिम बंगाल में पहले चरण में 30 विधानसभा सीटों पर चुनाव हो रहा है, जिनमें से अधिकतर सीटें एक समय नक्सल प्रभावित रहे जंगलमहल इलाके में आती हैं। ऐसे में सबकी निगाहें इसी क्षेत्र पर टिकी हैं।

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भाजपा जंगलमहल क्षेत्र से अच्छी उम्मीद लगाए बैठी है। साल 2019 में हुए आम चुनाव में इस क्षेत्र की अधिकतर सीटों पर भाजपा को जीत हासिल हुई थी। अधिकारियों ने कहा कि इस क्षेत्र में मतदान के लिये सुरक्षा के कड़े प्रबंध किये गए हैं। चुनाव आयोग यहां केन्द्रीय बलों की लगभग 684 कंपनियों को तैनातकर रहा है, जिनके पास 10,288 मतदान केन्द्रों की सुरक्षा की जिम्मेदारी होगी।

उन्होंने कहा कि इसके अलावा महत्वपूर्ण स्थानों पर राज्य की पुलिस को भी तैनात किया जाएगा। पहले चरण में पुरुलिया की नौ, बांकुड़ा की चार, झाड़ग्राम की चार, पश्चिमी मेदिनीपुर की छह सीटों के अलावा पूर्वी मेदिनीपुर की अति महत्वपूर्ण सात सीटों पर मतदान होगा, जो भाजपा नेता शुभेंदु अधिकारी का गढ़ माना जाता है। मतदान के दौरान कोविड-19 नियमों का सख्ती से पालन करने की हिदायत दी गई है। इन 30 सीटों में से टीएमसी तथा भाजपा ने 29-29 सीटों पर जबकि वाम-कांग्रेस-आईएसएफ गठबंधन ने सभी सीटों पर उम्मीदवार उतारे हैं। 

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टीएमसी पुरुलिया की जॉयपुर सीट पर निर्दलीय उम्मीदवार का समर्थन कर रही है क्योंकि चुनाव आयोग ने खामियों के चलते उसके उम्मीदवार उज्जवल कुमार का नामांकन रद्द कर दिया था। भाजपा ने बागमंडी सीट झारखंड में अपने गठबंधन सहयोगी एजेएसयू के लिये छोड़ी है। अधिकारियों ने कहा कि झाड़ग्राम में प्रत्येक मतदान केन्द्र पर 11 अर्धसैनिक कर्मियों को तैनात किया जाएगा। राज्य में अब तक हुए किसी भी चुनाव में एक मतदान केन्द्र पर पहली बार इतने सुरक्षा कर्मियों की तैनाती की जा रही है।

असम की 47 सीटों के लिए मतदान

असम की 126 सदस्यीय विधानसभा की 47 सीटों पर पहले चरण में मतदान हो रहा है। अधिकारियों ने बताया कि पहले चरण में 23 महिलाओं सहित कुल 264 उम्मीदवार मैदान में हैं। पहले चरण में सुरक्षा बलों की कुल 300 कंपनियों को तैनात किया गया है, जिसमें लोग ऊपरी असम के 12 जिलों और ब्रह्मपुत्र के उत्तरी तटीय जिलों में 11,537 मतदान केंद्रों पर मतदान कर रहे हैं। अधिकारियों ने कहा कि सभी संवेदनशील इलाकों में गश्त तेज कर दी गई है और कड़ी चौकसी बरती जा रही है।

इन 47 सीटों में से अधिकांश पर सत्तारूढ़ भाजपा-अगप गठबंधन, कांग्रेस के नेतृत्व वाले विपक्षी महागठबंधन और नवगठित असम जातीय परिषद (एजेपी) के बीच त्रिकोणीय मुकाबला है। कुल 81,09,815 मतदाता पहले चरण में अपने मताधिकार का प्रयोग कर सकेंगे। इनमें 40,77,210 पुरुष और 40,32,481 महिलाएं हैं, जबकि 124 थर्ड जेंडर मतदाता हैं, इसके अलावा नौ विदेशी मतदाता हैं। मतदान शाम छह बजे तक जारी रहेगा। 

इस चरण में अधिकतर सीटों पर सत्तारूढ़ भाजपा-एजीपी गठबंधन, कांग्रेस नीत विपक्षी महागठबंधन और नवगठित असम जातीय परिषद (एजेपी) के बीच त्रिकोणीय मुकाबला होने के आसार हैं। राज्य में तीन चरणों में मतदान होगा। पहले चरण में 27 मार्च, दूसरे चरण में एक अप्रैल और तीसरे चरण में छह अप्रैल को वोट डाले जाएंगे। अधिकारियों ने कहा कि मतदान सुबह सात बजे शुरू होकर शाम छह बजे समाप्त होगा। कोविड-19 नियमों का पालन सुनिश्चित करने के लिये मतदान का समय एक घंटा बढ़ाया गया है।

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