राघव चड्ढा ने मोदी सरकार पर साधा निशाना, कहा- 'वैक्सीनेशन का राष्ट्रवाद' कहां खो गया ?

राघव चड्ढा ने मोदी सरकार पर साधा निशाना, कहा- 'वैक्सीनेशन का राष्ट्रवाद' कहां खो गया ?

आम आदमी पार्टी के नेता राघव चड्ढा ने कहा कि भारत सरकार का पूरा तंत्र चीन से इस बात से टक्कर ले रहा है कि कौन कितनी वैक्सीन निर्यात करते हैं और उन्होंने कहा हम उनसे दो कदम आगे चल रहे हैं।

नयी दिल्ली। आम आदमी पार्टी के नेता राघव चड्ढा ने केंद्र की मोदी सरकार पर कोरोना वैक्सीन को लेकर निशाना साधा। उन्होंने कहा कि राष्ट्रवाद की बात करने वाली सरकार से यह पूछना चाहता हूं कि 56 इंच की मोदी सरकार की 'वैक्सीनेशन का राष्ट्रवाद' कहा खो गया ? जो आज आप हिन्दुस्तान के लोगों के जान की कीमत नहीं समझते हैं। 

इसे भी पढ़ें: कोरोना को लेकर महाराष्ट्र और कर्नाटक के हालात पर नजर रखी जा रही है: प्रमोद सावंत

उन्होंने आगे कहा कि युगांडा, नाइजीरिया, जिम्बाब्वे और केन्या में बैठे लोगों के जान की कीमत आप (केंद्र सरकार) के लिए हिन्दुस्तान में बैठे लोगों की जान की कीमत से ज्यादा हो गई है। इस दौरान उन्होंने विदेश मंत्रालय द्वारा पेश किए गए आंकड़े का जिक्र किया। उन्होंने कहा कि भारत सरकार का पूरा तंत्र चीन से इस बात से टक्कर ले रहा है कि कौन कितनी वैक्सीन निर्यात करते हैं और उन्होंने कहा हम उनसे दो कदम आगे चल रहे हैं।

उन्होंने कहा कि 90 हजार कुल कोविड-19 के पॉजिटिव केस वाले चीन से हम तुलना कर रहे हैं जहां पर 90 हजार रोज नए मामले आ रहे हैं। उन्होंने कहा कि निर्यात और वैक्सीन में चीन को पछाड़कर हम अपनी पीठ थपथपाने में लगे हैं। और हम इस चीज में नहीं लगे है कि अपने देश के लोगों को वैक्सीनेशन देकर उनको सुरक्षाकवच पहनाएं और उनकी जान की रक्षा करें। 

इसे भी पढ़ें: फिर बरपा देश में कोरोना का कहर, इन 8 राज्यों से आए 80 प्रतिशत से ज्यादा नए मामले 

समाचार एजेंसी एएनआई के मुताबिक राघव चड्ढा ने कहा कि भारत ने 6 करोड़ 45 लाख डोज 84 देशों को निर्यात किया है। देश के लोगों को इतनी वैक्सीन नहीं लगाई गई जितना उन्होंने निर्यात किया है।  





नोट:कोरोना वायरस से भारत की लड़ाई में हम पूर्ण रूप से सहभागी हैं। इस कठिन समय में अपनी जिम्मेदारी का पूर्णतः पालन करते हुए हमारा हरसंभव प्रयास है कि तथ्यों पर आधारित खबरें ही प्रकाशित हों। हम स्व-अनुशासन में भी हैं और सरकार की ओर से जारी सभी नियमों का पालन भी हमारी पहली प्राथमिकता है।