आंध्र प्रदेश: डीएससी-2025 शिक्षक भर्ती में कथित अनियमितताओं के खिलाफ वाईएसआरसीपी का प्रदर्शन, सीबीआई जांच की मांग

आंध्र प्रदेश में वाईएसआरसीपी के कार्यकर्ताओं और नेताओं ने डीएससी-2025 शिक्षक भर्ती में कथित अनियमितताओं को लेकर राज्यव्यापी प्रदर्शन किया। उन्होंने इस मामले की सीबीआई जांच कराने और राज्य के शिक्षा मंत्री नारा लोकेश के इस्तीफे की मांग की है। पार्टी ने सरकारी स्कूलों में छात्रों के नामांकन में गिरावट को लेकर भी सरकार पर निशाना साधा।
अमरावती, 28 जुलाई आंध्र प्रदेश के विभिन्न हिस्सों में युवजन श्रमिक रायथू कांग्रेस पार्टी (वाईएसआरसीपी) के कार्यकर्ताओं और नेताओं ने मंगलवार को प्रदर्शन किया। उन्होंने डीएससी-2025 शिक्षक भर्ती प्रक्रिया में कथित अनियमितताओं की सीबीआई जांच कराने और राज्य के शिक्षा मंत्री नारा लोकेश के इस्तीफे की मांग को लेकर यह प्रदर्शन किया। विपक्षी पार्टी के युवा और छात्र संगठनों की ओर से आयोजित ये प्रदर्शन राज्यभर में जिला और विधानसभा क्षेत्र मुख्यालयों पर किए गए।
इसमें जिला चयन समिति (डीएससी)-2025 शिक्षक प्रक्रिया में कथित अनियमितताओं का विरोध किया गया। वाईएसआरसीपी के अनुसार, मेगा डीएससी के नाम से आयोजित की गई यह भर्ती प्रक्रिया कथित अनियमितताओं से प्रभावित रही। वाईएसआरसीपी ने एक प्रेस विज्ञप्ति में आरोप लगाया, मेगा डीएससी भर्ती का बड़े पैमाने पर प्रचार किया गया था, लेकिन यह अनियमितताओं से प्रभावित रही।
शिक्षा मंत्री को नैतिक जिम्मेदारी स्वीकार करते हुए इस्तीफा देना चाहिए। केंद्र सरकार को भर्ती प्रक्रिया की सीबीआई जांच का आदेश देना चाहिए। पार्टी ने यह भी आरोप लगाया कि पिछले दो वर्षों में सरकारी स्कूलों में छात्रों के नामांकन में 5.5 लाख से अधिक की कमी आई है।
उसने सरकार के इस दावे को भी भ्रामक बताया कि 1.1 लाख छात्र निजी स्कूलों से सरकारी स्कूलों में आए हैं। वाईएसआरसीपी नेताओं ने कहा कि ये प्रदर्शन सार्वजनिक शिक्षा, सरकारी स्कूलों और छात्रों के हितों की रक्षा के उद्देश्य से किए गए हैं। उन्होंने सरकार से विपक्ष की ओर से उठाए गए मुद्दों का समाधान करने की मांग की।
उन्होंने आरोप लगाया कि केंद्र में जहां नैतिक जिम्मेदारी स्वीकार की गई है, वहीं आंध्र प्रदेश सरकार डीएससी-2025 भर्ती में कथित अनियमितताओं को लेकर उठाए गए सवालों का जवाब देने में विफल रही है।
अन्य न्यूज़














