जातिगत जनगणना सम्बन्धी कांग्रेस-भाजपा के सियासी दांव-पेचों को यूँ जानिए
कांग्रेस का तर्क है कि यदि जातियों के नाम दर्ज करने के लिए स्पष्ट, पूर्व-निर्धारित सूची/कोडिंग व्यवस्था नहीं होगी, तो अलग-अलग नाम, वर्तनी और उपजातियों के कारण आंकड़े अविश्वसनीय हो सकते हैं। इसलिए उसने इसे दुरुस्त करने की मांग उठाई, ताकि जातिगत जनगणना सही तरह से हो सके।



























































