अर्थव्यवस्था के सुधार में बैंकिंग क्षेत्र की महत्वपूर्ण भूमिका: अशोक गहलोत

  •  प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क
  •  जनवरी 22, 2020   17:30
अर्थव्यवस्था के सुधार में बैंकिंग क्षेत्र की महत्वपूर्ण भूमिका: अशोक गहलोत

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार सोलर एनर्जी, विंड एनर्जी, उद्योग, कृषि प्रसंस्करण तथा एमएसएमई सेक्टर के विकास के लिए नई नीतियां लेकर आई है। इसी के साथ बाड़मेर में रिफाइनरी सह पेट्रोकैमिकल कॉम्प्लेक्स पर भी तेजी से काम चल रहा है। ऎसे में नाबार्ड एवं बैंकों की प्रदेश में भूमिका और बढ़ेगी।

जयपुर। मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने बुधवार को कहा कि वर्तमान आर्थिक हालात को देखते हुए अर्थव्यवस्था में सुधार हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए और इसमें बैंकिंग क्षेत्र की महत्वपूर्ण भूमिका है। गहलोत बुधवार को शासन सचिवालय में नाबार्ड की ओर से आयोजित राज्य स्तरीय ऋण संगोष्ठी को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने कहा कि बैंक प्राथमिकता वाले क्षेत्रों को लक्ष्य के अनुरुप ऋण प्रदान कर देश की जीडीपी और रोजगार वृद्धि में बड़ा योगदान दे सकते हैं। उन्होंने कहा कि कृषि, पशुपालन, डेयरी, हस्तशिल्प, जल संरक्षण, ग्रामीण विकास व स्वरोजगार सहित अन्य क्षेत्रों में अपार संभावनाएं मौजूद हैं। नाबार्ड सहित अन्य बैंकिंग संस्थाएं इन क्षेत्रों को आगे बढ़ाकर देश एवं प्रदेश के विकास में अहम भूमिका निभा सकते हैं।

मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार सोलर एनर्जी, विंड एनर्जी, उद्योग, कृषि प्रसंस्करण तथा एमएसएमई सेक्टर के विकास के लिए नई नीतियां लेकर आई है। इसी के साथ बाड़मेर में रिफाइनरी सह पेट्रोकैमिकल कॉम्प्लेक्स पर भी तेजी से काम चल रहा है। ऎसे में नाबार्ड एवं बैंकों की प्रदेश में भूमिका और बढ़ेगी। उन्होंने कहा कि नाबार्ड ने पहले भी राज्य के विकास में आगे बढ़कर सहयोग किया है। गहलोत ने कहा कि राष्ट्रीयकृत बैंकों ने जिस प्रकार उद्योगपतियों के कर्ज का वन टाइम सैटलमेंट कर उद्योगों को राहत दी हैउसी तरहअर्थव्यवस्था में महत्वपूर्ण स्थान रखने वाले कृषि क्षेत्र को और मजबूत करने के लिए उन्हें राज्य में किसानों के ऋण का वन टाइम सैटलमेंट करने पर भी विचार करना चाहिए। उन्होंने कहा कि प्रदेश में सहकारी बैंकों एवं भूमि विकास बैंकों के माध्यम से किसानों का ऋण माफ किए जाने से किसानों को राहत मिली है।

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मुख्यमंत्री ने इस मौके पर नाबार्ड के वर्ष 2020-21 के ‘स्टेट फोकस पेपर’ का विमोचन किया। इस पेपर में नाबार्ड द्वारा राज्य में प्राथमिकता क्षेत्रों को 211659 करोड़ रुपए के ऋण वितरण का आकलन किया गया है। मुख्य सचिव डीबी गुप्ता ने कहा कि बैंक प्राथमिकता वाले क्षेत्रों को ऋण वितरण करने के लक्ष्य को हासिल करने की दिशा में मजबूती से प्रयास करें। इससे ग्रामीण क्षेत्र में जनता की सामाजिक व आर्थिक स्थिति में सुधार तथा राज्य सरकार की योजनाओं के बेहतर क्रियान्वयन में मदद मिलेगी। नाबार्ड के मुख्य महाप्रबंधक सुरेश चन्द्र ने कहा कि  स्टेट फोकस पेपर  के तहत नाबार्ड का इस वर्ष का मुख्य ध्यान उच्च प्रौद्योगिकी कृषि पर है। मुख्यमंत्री ने उत्कृष्ट कार्य करने वाले महिला स्वयं सहायता समूह को भी सम्मानित किया।





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