डेटा संरक्षण को लेकर भारत को मध्य मार्ग अपनाने की जरूरत : नीति आयोग

By प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क | Publish Date: Jan 10 2019 5:16PM
डेटा संरक्षण को लेकर भारत को मध्य मार्ग अपनाने की जरूरत : नीति आयोग
Image Source: Google

‘रायसीन डायलॉग 2019’ के दौरान कुमार ने कहा, “मेरे ख्याल से एक मध्य मार्ग भी है, जो डेटा संरक्षण के विपरीत डिजिटल सहयोग से जुड़ा है।” कुमार ने कहा कि आने वाले समय में भारत में सबसे अधिक डेटा का सृजन होगा।

नयी दिल्ली। नीति आयोग के उपाध्यक्ष राजीव कुमार ने बुधवार को डेटा संरक्षण को लेकर मध्य मार्ग अपनाने की वकालत की। उन्होंने कहा कि ‘डेटा को लेकर राष्ट्रवाद’ वैश्विक नवप्रवर्तन के खिलाफ जा सकता है। उन्होंने कहा कि तेज वृद्धि के लिए डेटा बहुत आवश्यक होता है।

इसे भी पढ़ें- सरकार का दूरसंचार ढांचे, सेवाओं पर खर्च छह गुना बढ़कर 60,000 करोड़ रुपये

‘रायसीन डायलॉग 2019’ के दौरान कुमार ने कहा, “मेरे ख्याल से एक मध्य मार्ग भी है, जो डेटा संरक्षण के विपरीत डिजिटल सहयोग से जुड़ा है।” कुमार ने कहा कि आने वाले समय में भारत में सबसे अधिक डेटा का सृजन होगा।

इसे भी पढ़ें- आंध्र प्रदेश सरकार ने अडाणी समूह के साथ किया 70,000 करोड़ डाटा सेंटर समझोता

उन्होंने कहा, “यहां डेटा राष्ट्रवाद जैसा कुछ हो रहा है और डेटा राष्ट्रवाद डिजिटल अर्थव्यवस्था की वैश्विक वृद्धि के खिलाफ जा सकता है।” उल्लेखनीय है कि भारत डेटा संरक्षण पर कानून लाने की प्रक्रिया में है और न्यायमूर्ति बी एन श्रीकृष्णा की अध्यक्षता वाली एक उच्चस्तरीय समिति ने निजी डेटा संरक्षण कानून का मसौदा तैयार किया है।


रहना है हर खबर से अपडेट तो तुरंत डाउनलोड करें प्रभासाक्षी एंड्रॉयड ऐप   


Related Story