Early Pregnancy Signs: क्या पेट छूकर Pregnancy कन्फर्म होती है, जानें इस वायरल दावे पर Medical Experts की राय

महिलाओं के मन में ऐसे कई सवाल होते हैं, जिनको लेकर महिलाएं कंफ्यूज रहती हैं। ऐसा ही एक सवाल यह भी है कि क्या पेट छूकर भी प्रेग्नेंसी का अनुमान लगाया जा सकता है कि आप प्रेग्नेंट हैं या नहीं। गांवों या फिर पारंपरिक सोच रखने वाले परिवारों में इसको लेकर कई मिथ हैं।
आज भी महिलाओं के मन में प्रेग्नेंसी और डिलीवरी से जुड़ी काफी बातों को लेकर मन में कंफ्यूजन है। पीरियड मिस होने के कितने दिन बात प्रेग्नेंसी टेस्ट करना चाहिए और डिलीवरी के बाद पहला पीरियड कब आता है या फिर क्या प्रेग्नेंसी के दौरान सेक्शुअल रिलेशन सही है। महिलाओं के मन में ऐसे कई सवाल होते हैं, जिनको लेकर महिलाएं कंफ्यूज रहती हैं।
ऐसा ही एक सवाल यह भी है कि क्या पेट छूकर भी प्रेग्नेंसी का अनुमान लगाया जा सकता है कि आप प्रेग्नेंट हैं या नहीं। गांवों या फिर पारंपरिक सोच रखने वाले परिवारों में इसको लेकर कई मिथ हैं। ऐसे में आज इस आर्टिकल के जरिए हम आपको बताने जा रहे हैं कि क्या पेट छूकर प्रेग्नेंसी के बारे में पता लगाया जा सकता है।
इसे भी पढ़ें: पानी पीते ही Toilet जाने की Problem? Normal है या कोई गंभीर Health Warning
जानिए क्या कहते हैं एक्सपर्ट
एक्सपर्ट की मानें, को पेट को छूकर प्रेग्नेंसी का पता नहीं लगाया जा सकता है। शुरूआती महीनों में पेट छूकर प्रेग्नेंसी का अंदाजा लगाना काफी मुश्किल है। ऐसे में प्रेग्नेंसी है या नहीं इसको बाहर से महसूस कर पाना संभव नहीं है।
बता दें कि पहले के 2-3 महीने में यूट्रस, पेल्विक एरिया के अंदर रहता है। वहीं बाहर से पेट भी बढ़ा हुआ नहीं नजर आता है। अगर किसी महिला का पेट बढ़ा हुआ है, तो इसके पीछे वजन बढ़ना, गैस, ब्लोटिंग, हार्मोनल बदलाव और पीरियड से पहले सूजन जैसे कई कारण हो सकते हैं।
वहीं अगर आप प्रेग्नेंसी के लिए ट्राई कर रही हैं और आपके पीरियड्स मिस हो गए हैं। तो ऐसे में सीधे इसको प्रेग्नेंसी का संकेत मानना गलत है।
पीरियड्स मिस होने के करीब 2 सप्ताह बाद आप होम किट से प्रेग्नेंसी की जांच कर सकती हैं। इसके बाद अल्ट्रासाउंज और ब्लड टेस्ट से आगे की पूरी जानकारी मिलती है।
अगर टेस्ट पॉजिटिव आए और पेट में दर्द, चक्कर, ब्लीडिंग या कमजोरी महसूस हो रही है, तो फौरन डॉक्टर से संपर्क करना चाहिए।
शुरूआती लक्षण
पीरियड्स मिस होना
ज्यादा थकान लगना
बार-बार पेशाब जाना
स्तनों में दर्द या भारीपन
खाने-पीने में बदलाव
अन्य न्यूज़
















