पूर्वी लद्दाख विवाद को सुलझाने की एक और कोशिश, भारत और चीन के बीच होगी राजनयिक वार्ता

  •  प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क
  •  जून 23, 2021   08:49
पूर्वी लद्दाख विवाद को सुलझाने की एक और कोशिश, भारत और चीन के बीच होगी राजनयिक वार्ता

भारत और चीन के बीच इस सप्ताह पूर्वी लद्दाख को लेकर एक और दौर की राजनयिक वार्ता होने की संभावना है, जिसमें गतिरोध वाले बाकी बिंदुओं से सैनिकों की वापसी पर चर्चा की जाएगी। सूत्रों ने मंगलवार को यह जानकारी दी।

नयी दिल्ली। भारत और चीन के बीच इस सप्ताह पूर्वी लद्दाख को लेकर एक और दौर की राजनयिक वार्ता होने की संभावना है, जिसमें गतिरोध वाले बाकी बिंदुओं से सैनिकों की वापसी पर चर्चा की जाएगी। सूत्रों ने मंगलवार को यह जानकारी दी। उन्होंने बताया कि भारत-चीन सीमा मामलों को लेकर परामर्श एवं समन्वय के लिए स्थापित कार्य तंत्र (डब्ल्यूएमसीसी) के अंतर्गत होने वाली वार्ता के दौरान पूर्वी लद्दाख में दोनों देशों की सेनाओं के बीच तनाव कम करने के व्यापक सिद्धांतों पर ध्यान केंद्रित किए जाने की उम्मीद है। सूत्रों ने कहा कि यह वार्ता 24 जून को हो सकती है।

इसे भी पढ़ें: मस्जिद ढहाने के मामले में अदालत ने बाराबंकी के पूर्व एसडीएम को नोटिस जारी किया

इससे पहले डब्ल्यूएमसीसी के तहत पिछले दौर की वार्ता 12 मार्च को हुई थी। ऐसा माना जा रहा है कि राजनयिक चर्चा के बाद कोर कमांडर स्तर के अधिकारियों के बीच भी वार्ता होगी। उल्लेखनीय है कि भारत और चीन के बीच पिछले वर्ष मई की शुरुआत से पूर्वी लद्दाख में सीमा पर सैन्य गतिरोध है।

इसे भी पढ़ें: संयुक्त राष्ट्र में भारत ने कहा- आतंकवाद की मदद करने और उसे बढ़ावा देने का जिम्मेदार है पाकिस्तान

हालांकि, दोनों पक्षों ने कई दौर की सैन्य एवं राजनयिक वार्ता के बाद फरवरी में पैंगोंग झील के उत्तरी और दक्षिणी किनारों से सैनिकों को हटाने की प्रक्रिया पूरी की थी। फिलहाल दोनों देशों के बीच गतिरोध के बाकी हिस्सों से सैनिकों की वापसी को लेकर बातचीत जारी है।





Disclaimer:प्रभासाक्षी ने इस ख़बर को संपादित नहीं किया है। यह ख़बर पीटीआई-भाषा की फीड से प्रकाशित की गयी है।


नोट:कोरोना वायरस से भारत की लड़ाई में हम पूर्ण रूप से सहभागी हैं। इस कठिन समय में अपनी जिम्मेदारी का पूर्णतः पालन करते हुए हमारा हरसंभव प्रयास है कि तथ्यों पर आधारित खबरें ही प्रकाशित हों। हम स्व-अनुशासन में भी हैं और सरकार की ओर से जारी सभी नियमों का पालन भी हमारी पहली प्राथमिकता है।