बोरवेल में गिरने से हुई बच्चे की मौत, 6 घंटे तक चला रेस्क्यू ऑपरेशन

बोरवेल में गिरने से हुई बच्चे की मौत, 6 घंटे तक चला रेस्क्यू ऑपरेशन

दमोह जिले के पटेरा थाना अंतर्गत आने वाला बरखेरा बैंस गांव में खेत में खुले पड़े बोरवेल में मासूम गिर गया। बच्चे को निकालने का बहुत प्रयास किया गया। लेकिन बच्चा 15 से 20 फीट की गहराई पर फंसा हुआ था।

भोपाल। मध्य प्रदेश के दमोह जिले के बरखेड़ा गांव में बोरबेल में गिरे 7 साल के प्रियांश की मौत हो गई है। करीब 6 घंटे के रेस्क्यू ऑपरेशन के बाद बाहर निकाले गए प्रियांश को पटेरा के स्वास्थ्य केंद्र ले जाया गया। जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। 

दरअसल रविवार को दमोह जिले के पटेरा थाना अंतर्गत आने वाला बरखेरा बैंस गांव में खेत में खुले पड़े बोरवेल में मासूम गिर गया। बच्चे को निकालने का बहुत प्रयास किया गया। लेकिन बच्चा 15 से 20 फीट की गहराई पर फंसा हुआ था। जानकारी के अनुसार बाहर निकालने के लिए जिला प्रशासन ने रेस्क्यू अभियान चलाया था।

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वहीं बोरवेल के साइड में जेसीबी और पोकलेन मशीन से खुदाई की गई थी। सुरंग बनाकर फंसे मासूम को बाहर निकाला गया लेकिन उसकी जान नहीं बच सकी। इससे पहले उमरिया जिले में गुरुवार को 3 वर्षीय गौरव द्विवेदी 200 फीट की बोरवेल में गिर गया था। 17 घंटे तक करीब 27 फीट गहराई में फंसे रहने के बाद उसकी भी मौत हो गई थी।

बताया जा रहा है कि प्रियांश अपने माता-पिता के साथ खेत गया था।  इसी दौरान खेलते-खेलते वो खेत में लगभग 30 फीट खोदे गए बोरवेल में गिर गया। बच्चे की मां ने उसे गिरते हुए देखा, तो उसने फौरन पति को आवाज लगाई। उन्होंने दौड़कर बच्चे को निकालने का प्रयास किया। लेकिन बच्चे गहराई में जाकर फंस गया था।

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उधर मौके पर पहुंचे ग्रामीणों ने तुरंत प्रशासनिक अधिकारियों को सूचित किया। कलेक्टर, एसपी समेत अन्य अधिकारी मौके पर पहुंचे। जिसके बाद जेसीबी के माध्यम से बोरवेल के पास खोदाई शुरू की गई। जानकारी के अनुसार शाम सात बजे के लगभग प्रियांश को निकाला गया। और उसे फौरन प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र पटेरा ले जाया गया। जहां डाक्टरों ने बच्चे को मृत घोषित कर दिया था।





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