हर हिंदू 3 बच्चे पैदा करे, आबादी कम होने से हो सकता अस्तिव का संकट

हर हिंदू 3 बच्चे पैदा करे, आबादी कम होने से हो सकता अस्तिव का संकट

विहिप के केंद्रीय महामंत्री ने कहा कि भारत देश की संस्कृति पर निरंतर 2000 साल से आक्रमण होते रहे। इसके बाद भी आज भारत देश हिंदू बहुल है। यह हमारी आध्यात्मिक शक्ति, सहनशीलता और हमारे पूर्वजों के कठिन संघर्ष का ही परिणाम है।

भोपाल। मध्य प्रदेश के खंडवा जिले में विश्व हिंदू परिषद के केंद्रीय महामंत्री मिलिंद परांडे ने हिंदुओं को 3 बच्चे पैदा करने को कहा है। उन्होंने कहा कि हर हिंदू के घर 2 से 3 बच्चे होने चाहिए। उन्होंने चिंता जताई है कि अगर आबादी कम होगी तो भविष्य में अस्तित्व का संकट खड़ा हो जाएगा।

दरअसल बुधवार को खंडवा में पुरानी अनाज मंडी जलेबी चौक में युवा सम्मेलन में शामिल होने आए थे। सम्मेलन विश्व हिंदू परिषद और बजरंग दल के तत्वावधान में हुआ। इसमें युवाओं को त्रिशूल दीक्षा भी दी गई।

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वहीं मुख्य वक्ता विहिप के केंद्रीय महामंत्री ने कहा कि भारत देश की संस्कृति पर निरंतर 2000 साल से आक्रमण होते रहे। इसके बाद भी आज भारत देश हिंदू बहुल है। यह हमारी आध्यात्मिक शक्ति, सहनशीलता और हमारे पूर्वजों के कठिन संघर्ष का ही परिणाम है।

परांडे ने कहा कि आज भी समाज का एक वर्ग ऐसा है, जो सोचता है कि इस देश का तख्त हमें पुनः मिलना चाहिए। लेकिन उनके यह इरादे न आज तक पूरे हुए हैं और न भविष्य में होने देंगे।

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उन्होंने कहा कि अंग्रेजों ने भारत में देखा कि हिंदू समाज अपने इतिहास से शिक्षा लेता है और अपने महान पूर्वजों के इतिहास से सीखकर मजबूती प्रदान करता है। और इसलिए हमारी शिक्षा पद्धति को धूमिल कर दिया गया। ऐसा इतिहास परोसा गया, जिसे पढ़कर हमें अपने पूर्वजों की गुलामी महसूस होती रहे।

आज भी हिंदू समाज को षड्यंत्र कर जातियों में बांटने का कुत्सित प्रयास किया जा रहा है। भील हिंदू नहीं हैं, गौंड हिंदू नहीं हैं, जैसे विचार आदिवासी अंचलों में प्रचारित किए जा रहे हैं। गौंड राजाओं के शिलालेखों पर श्रीराम और श्री गणेशाय नमः के नाम का उल्लेख है।





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