धर्मशाला रोपवे --छह से आठ मिनट में धर्मशाला से मैकलोडगंज का सफर हो रहा तय

Dharamshala Ropeway -

धर्मशाला रोपवे का शिलान्यास जनवरी, 2018 में किया गया था जिसका कार्य माह जनवरी, 2022 में पूरा हुआ। मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर जी ने 19 जनवरी, 2022 को इसका शुभारंभ किया। इस रोपवे में 18 झूले हैं तथा एक तरफ का किराया 300 रुपये निर्धारित किया गया है जबकि आने जाने का किराया 500 रुपये निर्धारित किया गया है। तीन साल तक के बच्चों के लिए यह सुविधा निःशुल्क है।

धर्मशाला। धर्मशाला-मैकलोडगंज की वादियों में स्थापित रोपवे ने पर्यटन को नई उड़ान दी है। बुधवार को रोपवे में सफर करने के लिए पर्यटकों के चेहरों पर रौनक देखते ही बनती थी। बाहरी राज्यों से आने वाले पर्यटकों को रोपवे का सुहाना सफर अपनी तरफ आकर्षित करता हुआ नजर आ रहा था। किन्नौर से घूमने आए टशी नेगी तथा बलविन्द्र नेगी ने बताया कि यूं तो किन्नौर में घूमने के लिए अनेकों आकर्षक पर्यटन स्थल है परन्तु धर्मशाला से मकलोडगंज तक का रोपवे द्वारा किया गया सफर अपने आप में अनूठा तथा रोमांचकारी था।

 

इसे भी पढ़ें: मुख्यमंत्री ने चिकित्सा महाविद्यालय हमीरपुर में विभिन्न सुविधाओं का लोकार्पण किया

 

इसी तरह से पंजाब के लुधियाना के हरमनीत ने भी अपने परिवार के साथ रोपवे के सुहाने सफर की कहानी बयां करते हुए कहा कि धर्मशाला हम पहले भी कई बार आए हैं लेकिन इस बार रोप वे ने उनकी यात्रा को अविस्मरणीय बना दिया है, उन्होंने कहा कि हमें यहां आकर एक सुखद अनुभव महसूस हुआ है। हम आभार प्रकट करते हैं प्रदेश के मुख्यमंत्री श्री जय राम ठाकुर जी का जिनके प्रयासों से आज धर्मशाला में रोपवे का निर्माण हुआ है।  

इसे भी पढ़ें: राज्य में शीघ्र होगी आशा सेवा प्रदाताओं की नियुक्तिः डाॅ. राजीव सैजल

धर्मशाला रोपवे का शिलान्यास जनवरी, 2018 में किया गया था जिसका कार्य माह जनवरी, 2022 में पूरा हुआ। मुख्यमंत्री जय राम ठाकुर जी ने 19 जनवरी, 2022 को इसका शुभारंभ किया। इस रोपवे में 18 झूले हैं तथा एक तरफ का किराया 300 रुपये निर्धारित किया गया है जबकि आने जाने का किराया 500 रुपये निर्धारित किया गया है। तीन साल तक के बच्चों के लिए यह सुविधा निःशुल्क है। धर्मशाला से मकलोडगंज जाने के लिए मात्र 6 से आठ मिन्ट का समय लग रहा है। इस रोपवे की व्यवस्था के लिए कम्पन्नी के 30 अधिकारी/कर्मचारी अपनी सेवाएं दे रहे हैं।

इसे भी पढ़ें: आम बजट पर हिमाचल प्रदेश को मिला प्रधानमंत्री का मार्गदर्शन

इस रोपवे की एक ट्राली में 8 संवारियां ले जाने की क्षमता है परन्तु कोविड के कारण 4 से 6 सवारियां ही ले जाई जा रही हैं। सर्दियों में सर्विस टाईम प्रातः 9 बजे से सांय 6 बजे तक है जबकि गर्मियों में पर्यटक सीजन के चलते इसे बढ़ाया जा सकता है।  धर्मशाला में रोपवे एथोरिटी द्वारा चार मंजिल भवन का निर्माण किया गया है जिसमें धरातल की दो मंजिलों में पार्किग की व्यवस्था की गई है। जिसमें एक समय में 40 के करीब गाड़िया खड़ी हो सकती हैं।  

 

इसे भी पढ़ें: केंद्रीय बजट प्रगतिशील और लोगों के अनुकूल: सुरेश भारद्वाज

 

धर्मशाला से मैकलोडगंज के लिए सरकार के प्रयासों से तैयार रोपवे में रोजाना एक हजार से ज्यादा पर्यटक विभिन्न शिफ्टों में आनंद ले सकते हैं। उपायुक्त डा निपुण जिंदल ने कहा कि रोप वे को लेकर लोगों में काफी उत्सुकता है। उन्होंने कहा कि पर्यटकों की सुरक्षा का भी पूरा ध्यान रखने के निर्देश रोपवे संचालकों को दिए गए हैं।

We're now on WhatsApp. Click to join.
All the updates here:

अन्य न्यूज़