मायावती का बयान, आत्म-चिंतन करें कि क्यों नहीं प्राप्त हो सका संविधान का मूल उद्देश्य

Mayawati
बहुजन समाज पार्टी (बसपा) अध्यक्ष मायावती ने गणतंत्र दिवस पर देशवासियों को बधाई दी और सभी भारतीयों से संविधान के अपने उद्देश्य को अब तक प्राप्त नहीं कर पाने के कारणों पर आत्म-चिंतन करने का आह्वान किया।

लखनऊ। बहुजन समाज पार्टी (बसपा) अध्यक्ष मायावती ने गणतंत्र दिवस पर देशवासियों को बधाई दी और सभी भारतीयों से संविधान के अपने उद्देश्य को अब तक प्राप्त नहीं कर पाने के कारणों पर आत्म-चिंतन करने का आह्वान किया। मायावती ने बुधवार को ट्वीट कर सभी को गणतंत्र दिवस की बधाई देते हुए कहा, ‘‘परमपूज्य बाबा साहेब डॉ. भीमराव आम्बेडकर ने न्याय, स्वतंत्रता, समता के जिस गरिमामय ‘आइडिया ऑफ इण्डिया’ को अनुपम संविधान का मूल बनाया था, वह मानवतावादी महान उद्देश्य भारतीय गणतंत्र के 72 वर्ष बाद भी आधा-अधूरा है, ऐसा क्यों? इसके लिए दोषारोपण के बजाय ईमानदार आत्म-चिंतन जरूरी है।’’

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उन्होंने एक अन्य ट्वीट में कहा, ‘‘गणतंत्र दिवस की सभी भारतीयों को हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं। देश की गरीब मेहनतकश जनता संविधान को सार्थक बनाने के लिए हमेशा कटिबद्ध रही है। सरकारों को बढ़ती गरीबी, बेरोजगारी, महंगाई आदि को दूर करके गरीब एवं अमीर के बीच की अपार खाई कम करने के प्रति गंभीर तथा समर्पित होना जरूरी।

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