मेरठ के डफरिन अस्पताल में आशाओं और तीमारदारों का अवैध वसूली के विरोध में हंगामा

मेरठ के डफरिन अस्पताल में आशाओं और तीमारदारों का अवैध वसूली के विरोध में हंगामा

मेरठ में के डफरिन महिला जिला अस्पताल में गुरुवार को आशाओं और तीमारदारों ने जमकर किया। उन्होंने स्टाफ नर्स और गार्ड पर पैसे मांगने का आरोप लगाया। हंगामा बढ़ता देख स्टाफ नर्स ने अस्पताल के मुख्य गेट पर ताला जड़ दिया। गेट पर ताला बंद करने से मरीजों और तीमारदारों में अफरा तफरी मच गई।

मेरठ में के डफरिन महिला जिला अस्पताल में गुरुवार को आशाओं और तीमारदारों ने जमकर हंगामा किया। उन्होंने स्टाफ नर्स और गार्ड पर पैसे मांगने का आरोप लगाया। हंगामा बढ़ता देख स्टाफ नर्स ने अस्पताल के मुख्य गेट पर ताला जड़ दिया। गेट पर ताला बंद करने से मरीजों और तीमारदारों में अफरा तफरी मच गई। मरीज और तीमारदारों द्वारा खूब हो हल्ला किये जाने के बाद गेट का ताला खोला गया। इस मामले में आशाओं ने डीएम और सीएमओ से स्टाफ नर्स और गार्ड के खिलाफ शिकायत की है।

आशा कार्यकत्रियों ने घटना के बाद डीएम, एसएसपी से जिला अस्पताल की स्टाफ नर्स कल्पना, नर्स लोईस और गार्ड राजू के खिलाफ शिकायत की है। टीपीनगर निवासी आशा कार्यकत्री सोनिया ने कहा कि महिला अस्पताल में कल्पना के साथ राजू गार्ड और लोईस नर्स मिलकर मरीजों से पैसे मांगते हैं। सभी आशाएं स्टाफ से परेशान हैं। डिलीवरी के लिए हम जो भी मरीज अस्पताल में लाते हैं तो स्टाफ नर्स हर मरीज पर आशाओं से पैसे मांगते हैं। आशाओं के अलावा मरीजों के तीमारदारों से इलाज और प्रसव के नाम पर पैसेमांगे जाते है।आशा कार्यकत्रियों ने यह भी आरोप लगाया कि 21 सितंबर को स्टाफ नर्स और गार्ड ने एक आशा के साथ अभद्रता की। थप्पड़ मारा। इसकी शिकायत दिल्ली गेट थाने और जिलाधिकारी से की गई थी, मगर कोई कार्रवाई नहीं की गई। 

 

आज भी स्टाफ ने पैसे मांगे जब पैसे नहीं दिए तो स्टाफ नर्स ने ताला लगा दिया। पहले भी स्टाफ नर्स की शिकायत अस्पताल प्रशासन से की है मगर सुनवाई नहीं हुई। बृहस्पतिवार को सभी आशाओं ने मिलकर डीएम, सीएमओ को शिकायत की है। आशा ने स्टाफ द्वारा चाटा मारने, जातिसूचक शब्द कहने का आरोप भी लगाया है।

आशाओं के अलावा कुछ तीमारदारों ने भी स्टाफ नर्स और गार्ड के खिलाफ पैसों के लेन-देन की शिकायत की है। तीमारदार ने बताया कि उसकी पत्नी का प्रसव कुछ दिन पहले ही डफरिन महिला अस्पताल में हुआ है। स्टाफ नर्स ने कहा कि बच्चा तभी दिखाऊंगी जब पैसे दोगे। नर्स ने पैसे लेने के बाद ही बच्चा दिया।





नोट:कोरोना वायरस से भारत की लड़ाई में हम पूर्ण रूप से सहभागी हैं। इस कठिन समय में अपनी जिम्मेदारी का पूर्णतः पालन करते हुए हमारा हरसंभव प्रयास है कि तथ्यों पर आधारित खबरें ही प्रकाशित हों। हम स्व-अनुशासन में भी हैं और सरकार की ओर से जारी सभी नियमों का पालन भी हमारी पहली प्राथमिकता है।