असम में कांग्रेस के दो गुट आए आमने-सामने, भारत जोड़ो यात्रा को लेकर नेताओं में मारपीट

Congress
ANI
अभिनय आकाश । Sep 26, 2022 6:20PM
स्थानीय कांग्रेस विधायक वाजेद अली चौधरी ने कहा कि भारत जोड़ो यात्रा पर चर्चा के दौरान एक गुट ने कांग्रेस जिलाध्यक्ष के खिलाफ मोर्चा खोल दिया। जब उन्होंने अपना मुद्दा उठाया तो हमारी पार्टी के कुछ कार्यकर्ताओं ने इसका विरोध किया और ऐसी अप्रिय घटना हुई। धुबरी जिला कांग्रेस विभाजित नहीं है, हम एकजुट हैं।

असम के धुबरी कस्बे में कांग्रेस के दो धड़ों के बीच पार्टी की भारत जोड़ो यात्रा की योजना को लेकर पार्टी के वरिष्ठ नेताओं की मौजूदगी में झड़प देखने को मिली। कांग्रेस के चल रहे भारत जोड़ो यात्रा अभियान पर चर्चा के लिए पार्टी सदस्यों द्वारा एक बैठक बुलाई गई थी। यात्रा के दौरान जिला स्तर पर पार्टी नेतृत्व का नेतृत्व कौन करेगा, इस पर दोनों समूहों के बीच बहस छिड़ गई। देखते ही देखते दोनों गुटों के बीच हुई जुबानी लड़ाई मारपीट में बदल गई। राज्य में एक नवंबर से शुरू होने वाली भारत जोड़ी यात्रा पर चर्चा के लिए बैठक का आयोजन किया गया था। 

इसे भी पढ़ें: राजस्थान सियासी घटनाक्रम पर भाजपा का तंज, गजेंद्र शेखावत बोले- भारत जोड़ो हुआ नहीं, कांग्रेस तोड़ो हो गया

स्थानीय कांग्रेस विधायक वाजेद अली चौधरी ने कहा कि भारत जोड़ो यात्रा पर चर्चा के दौरान एक गुट ने कांग्रेस जिलाध्यक्ष के खिलाफ मोर्चा खोल दिया। जब उन्होंने अपना मुद्दा उठाया तो हमारी पार्टी के कुछ कार्यकर्ताओं ने इसका विरोध किया और ऐसी अप्रिय घटना हुई। धुबरी जिला कांग्रेस विभाजित नहीं है, हम एकजुट हैं। कुछ गलतफहमियां हैं। एक समूह ने जिला कांग्रेस अध्यक्ष पर आरोप लगाए। हमने उनसे कहा कि हम इस मामले पर चर्चा करेंगे और किसी भी गड़बड़ी के मामले में इसका समाधान करेंगे।  

इसे भी पढ़ें: 2024 तक जेपी नड्डा ही संभालेंगे भाजपा की कमान, नए अध्यक्ष के लिए नहीं होगा चुनाव

इससे पहले कांग्रेस के भारत जोड़ो यात्रा के दौरान 10 सितंबर को कांग्रेस नेता राहुल गांधी ने यात्रा के दौरान तमिलनाडु के कन्याकुमारी में विवादास्पद कैथोलिक पादरी जॉर्ज पोन्नैया से मुलाकात के बाद एक बड़ा विवाद खड़ा कर दिया था। राहुल गांधी की एक वीडियो क्लिप सामने आई जिसमें उन्हें तमिलनाडु के विवादास्पद पादरी के साथ बातचीत करते और पूछते हुए देखा जा सकता है कि क्या यीशु मसीह भगवान का एक रूप है। पोन्नैया का भड़काऊ बयान देने का इतिहास रहा है, जिसने उन्हें अतीत में मुश्किल में डाला है। जुलाई 2021 में, पोन्नैया को कथित तौर पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी, गृह मंत्री अमित शाह, एक डीएमके मंत्री और कई अन्य लोगों के खिलाफ 'अभद्र भाषा' करने के आरोप में मदुरै के कल्लिकुडी से गिरफ्तार किया गया था। 

अन्य न्यूज़