क्या बिहार की मस्जिदों से भी उतारे जाएंगे लाउडस्पीकर? नीतीश कुमार ने दिया बड़ा बयान

क्या बिहार की मस्जिदों से भी उतारे जाएंगे लाउडस्पीकर? नीतीश कुमार ने दिया बड़ा बयान
ANI

पूर्व मुख्यमंत्री जीतन राम मांझी के आवास पर इफ़्तार के बाद नीतीश कुमार चलते-चलते पत्रकारों के सवालों का जवाब दे रहे थे। पत्रकार ने जब उनसे पूछा कि लाउडस्पीकर वाले मुद्दे पर आपकी क्या राय है? जावब में बिहार के मुख्यमंत्री ने कहा कि फालतू चीज है, जिसको जैसे मन करता है चलता है।

महाराष्ट्र में लाउडस्पीकर को लेकर चल रहे घमासान की गूंज पूरे देश में सुनाई देने लगी है। राज ठाकरे के 3 मई वाले अल्टीमेटम के बाद लाउडस्पीकर को लेकर सियासत गर्म हो गई है। वहीं उत्तर प्रदेश में योगी सराकर की तरफ से भी लाउडस्पीकर उतारने को लेकर खास अभियान चलाया गया। लेकिन अब इस पूरे मामले को लेकर बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार का बड़ा बयान सामने आया है। नीतीश ने पूरे मामले को फालतू करार दिया है। नीतीश कुमार ने कहा है कि जो कुछ हो रहा है वो सब फालतू है।

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पूर्व मुख्यमंत्री जीतन राम मांझी के आवास पर इफ़्तार के बाद नीतीश कुमार चलते-चलते पत्रकारों के सवालों का जवाब दे रहे थे। पत्रकार ने जब उनसे पूछा कि लाउडस्पीकर वाले मुद्दे पर आपकी क्या राय है? जावब में बिहार के मुख्यमंत्री ने कहा कि फालतू चीज है, जिसको जैसे मन करता है चलता है। ये सब बेकार चीज है। ऐसी मांगों से वो सहमत नहीं है। मांझी ने नीतीश कुमार की बात से सहमति जताते हुए कहा कि किसी को कष्ट पहुंचाने के मकसद से लाउडस्पीकर हटवाना ठीक नहीं। घड़ी-घंटा की राजनीति करने से कुछ नहीं होगा। 

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बता दें कि  बीते दिनों नीतीश के ही मंत्रिमंडल में खान मंत्री जनक राम की तरफ से मस्जिदों से लाउडस्पीकर हटाए जाने की मांग की गई थी। इससे पहले भी बीजेपी के कई नेताओं की तरफ से ऐसी मांग की जा चुकी है। हालांकि बिहार बीजेपी में ही इस मुद्दे को लेकर दो राय है। नीतीश मंत्रिमंडल में उद्योग मंत्री शाहनवाज़ हुसैन का कहना हैं कि लाउडस्पीकर को किसी धर्म से जोड़ने की ज़रूरत नहीं हैं क्योंकि उसके ईजाद होने से पहले भी लोग पूजा और अजान दोनो करते थे। 





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