ब्रिटेन के सबसे अमीर कारोबारी हिन्दुजा ब्रदर्स, लेटर की वजह से ब्रिटेन HC पहुंचा संपत्ति विवाद, जानें पूरा मामला

ब्रिटेन के सबसे अमीर कारोबारी हिन्दुजा ब्रदर्स, लेटर की वजह से ब्रिटेन HC पहुंचा संपत्ति विवाद, जानें पूरा मामला

हिंदुजा परिवार दुनिया के सबसे अमीर लोगों में से एक है। इनका बिजनेस करीब 100 साल से भी पहले से चला आ रहा है। फाइनेंस, मीडिया और हेल्थ केयर बिजनेस में 40 से भी अधिक देशों में हिंदुजा ग्रुप के बिजनेस हैं।

दुनिया के अमीरों में शुमार हिन्दुजा बंधुओं के नाम से लगभग सभी वाकिफ होंगे। ब्रिटेन में लगातार तीसरे साल वे अमीरी के मामले में पहले पायदान पर रहे थे। 2019 मई के संडे टाइम्स जारी रिपोर्ट यूके में हिन्दुजा ब्रदर्स टाप पर रहे थे। लेकिन इन दिनों हिन्दुजा ब्रदर्श अपनी अमीरी नहीं बल्कि किसी अन्य वजह से सुर्खियों में हैं और वजह बनी है एक चिट्ठी। चिट्ठी ने हिंदुजा परिवार की 11.2 अरब डॉलर यानी करीब 83 हजार करोड़ रुपए की संपत्ति को लेकर विवाद खड़ा कर दिया है। 2014 का ये लेटर कहता है कि एक भाई के पास जो भी दौलत है, वह सभी की है। लेकिन 84 साल के श्रीचंद हिंदुजा और उनकी बेटी विनू चाहते हैं कि इस लेटर को बेकार घोषित कर दिया जाए।

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दरअसल, 2014 में किए एक समझौते के अनुसार सभी भाई एक-दूसरे को अपना ‘निर्वाहक’ नियुक्त करते हैं और किसी एक भाई के नाम पर संपत्ति में चारों भाइयों का हिस्सा होगा। इसी तरह एक जुलाई, 2014 का एक और पत्र भी इस विवाद से जुड़ा है। श्रीचंद परमानंद हिंदुजा ने अपनी अपील में इन दस्तावेजों को कानूनी रूप से अप्रभावी घोषित करने का आग्रह किया है। उनका कहना है कि यह दस्तावेज न तो वसीयत, न पावर ऑफ अटॉर्नी और न ही किसी अन्य बाध्यकारी दस्तावेज के रूप में मान्य होना चाहिए।

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कोर्ट पहुंचा मामला

श्रीचंद परमानंद हिंदुजा ने अपने भाइयों जीपी हिंदुजा (80), पीपी हिंदुजा (75) और एपी हिंदुजा (69) के खिलाफ मुकदमा दायर किया और लंदन की एक कोर्ट में सुनवाई के बाद ये मामला सुर्खियों मेंआया। जिसमें जज ने कहा कि बाकी के तीन भाई गोपीचंद, प्रकाश और अशोक ने लेटर का इस्तेमाल हिंदुजा बैंक पर अपना कंट्रोल स्थापित करने के लिए किया, जबकि उस पर श्रीचंद हिंदुजा का पूरा हक है।

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हिंदुजा ग्रुप- स्थापना और परिवार

हिंदुजा ग्रुप को चार भाई संभालते हैं। इसकी आधारशिला बेशक मुंबई में रखी गई थी, लेकिन कारोबार तब बढ़ना शुरू हुआ जब दो भाई श्रीचंद और गोपीचंद 1979 में एक्सपोर्ट बिजनेस के लिए ब्रिटेन गए। तीसरे भाई प्रकाश जेनेवा और स्विट्जरलैंड का बिजनेस देखते हैं। सबसे छोटे अशोक भारत में कारोबार संभालते हैं। फिलहाल यह समूह ऑइल, गैस, बैंकिंग, आईटी और रियल एस्टेट के कारोबार में अपना लोहा मनवा रहा है। 

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40 देशों में फैला है व्यापार

हिंदुजा परिवार दुनिया के सबसे अमीर लोगों में से एक है। इनका बिजनेस करीब 100 साल से भी पहले से चला आ रहा है। फाइनेंस, मीडिया और हेल्थ केयर बिजनेस में 40 से भी अधिक देशों में हिंदुजा ग्रुप के बिजनेस हैं। ब्लूमबर्ग बिलिनेयर्स इंडेक्स के अनुसार हिंदुजा परिवार के पास कुल करीब 83 हजार करोड़ रुपए की दौलत है।