टीकाकरण के लिए कोविशील्ड के खेपों की आपूर्ति ऐतिहासिक पल : सीरम इंस्टीट्यूट

  •  प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क
  •  जनवरी 13, 2021   10:58
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टीकाकरण के लिए कोविशील्ड के खेपों की आपूर्ति ऐतिहासिक पल : सीरम इंस्टीट्यूट

सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया के सीईओ आदर पूनावाला ने मंगलवार को कहा कि देश में कोविड-19 टीके की 1.11 करोड़ खुराक की आपूर्ति की जा रही है और फरवरी तक पांच से छह करोड़ और खुराक की आपूर्ति करने की योजना है।

पुणे। सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया के सीईओ आदर पूनावाला ने मंगलवार को कहा कि देश में कोविड-19 टीके की 1.11 करोड़ खुराक की आपूर्ति की जा रही है और फरवरी तक पांच से छह करोड़ और खुराक की आपूर्ति करने की योजना है। उन्होंने देश भर में 16 जनवरी से शुरू हो रहे टीकाकरण अभियान के लिए कोविशील्ड टीके की आपूर्ति को मंगलवार को ‘‘गौरवपूर्ण और ऐतिहासिक’’ पल करार दिया। गौरतलब है कि मंगलवार तड़के, पुणे स्थित सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया से देश के विभिन्न भागों में कोविड-19 टीके की पहली खेप भेजी गई। इंस्टीट्यूट में कुछ पत्रकारों से बातचीत में पूनावाला ने कहा कि असली चुनौती टीके को ‘‘आम जनता, संवेदनशील समूहों और स्वास्थ्यकर्मियों तक पहुंचाना है।’’

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पूनावाला ने कहा, ‘‘हमारे ट्रक तड़के इंस्टीट्यूट से रवाना हुए और अब टीका पूरे देश में भेजा जा रहा है। यह गौरवपूर्ण और ऐतिहासिक पल है क्योंकि वैज्ञानिकों, विशेषज्ञों और इससे जुड़े तमाम लोगों ने एक साल से भी कम में टीका विकसित करने में बहुत मेहनत की है।’’ पूनावाला ने कहा कि इंस्टीट्यूट ने भारत सरकार को 200 रुपये की विशेष कीमत पर टीका दिया है। उन्होंने कहा, ‘‘यह दुनिया के सबसे किफायती टीकों में से एक है और हम प्रधानमंत्री (नरेंद्र मोदी) के दृष्टिकोण और देश की जनता का साथ देने के लिए भारत सरकार को विशेष कीमत पर इसे उपलब्ध करा रहे हैं।’’

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उन्होंने कहा कि इंस्टीट्यूट को आवश्यक मंजूरी मिलने के बाद यह टीका बाजार में 1,000 रुपये की कीमत पर उपलब्ध होगा। पूनावाला ने कहा कि इंस्टीट्यूट सिर्फ भारत को ही टीका मुहैया नहीं करा रहा है बल्कि ‘‘उन देशों को भी देगा जो इसके लिए भारत से मदद चाहते हैं।’’ कोविशील्ड को ऑक्सफोर्ड विश्वविद्यालय और ब्रिटिश-स्वीडिश कंपनी एस्ट्राजेनेका ने मिलकर विकसित किया है और इसका उत्पादन सीरम इंस्टीट्यूट ऑफ इंडिया ने किया है। सुबह करीब पांच बजे फ्रीज वाले ट्रक सीरम इंस्टीट्यूट से पूजा के बाद पुणे हवाईअड्डे के लिए रवाना हुए, जहां से टीके को पूरे देश में भेजा गया। पूनावाला ने कहा, ‘‘भारत सरकार 200 रुपये प्रति खुराक के हिसाब से टीके की 10 करोड़ खुराक खरीदेगी, उसके बाद टीके का दाम बढ़ जाएगा। हम सरकार को जो टीका दे रहे हैं वह आम जनता, गरीबों, वंचितों और स्वास्थ्यकर्मियों को लि:शुल्क लगाया जाएगा।’’ उन्होंने कहा कि इंस्टीट्यूट के पास फिलहाल टीके की आठ करोड़ खुराक हैं।

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उन्होंने कहा कि फिलहाल देश में टीके की 1.11 करोड़ खुराक की आपूर्ति की जा रही है और फरवरी तक पांच से छह करोड़ अतिरिक्त डोज की आपूर्ति की जाएगी। पूनावाला ने कहा, ‘‘हमने भारत को प्राथमिकता दी है। हम देश में जितनी मांग होगी, उतनी खुराक उपलब्ध कराएंगे। बाकी का टीका निर्यात किया जाएगा। सऊदी अरब, ब्राजील, अफ्रीका से मांग की जा रही है और कोवैक्स साझेदार भी हैं।’’ उन्होंने यह भी कहा कि इंस्टीट्यूट की उत्पादन क्षमता दुनिया में सबसे ज्यादा है और इसलिए कंपनी पर सबसे ज्यादा दबाव है। उन्होंने कहा, ‘‘छोटी कंपनियां टीका लाने में वक्त लगा रही हैं। उनकी आपूर्ति दूसरी या तीसरी तिमाही में बढ़ेगी। उस वक्त तक दुनिया हम पर निर्भर है और हम टीके की आपूर्ति कर सभी को खुश करेंगे।’’ पूनावाला ने कहा कि इंस्टीट्यूट जल्दी ही दूसरे देशों को टीके का निर्यात शुरू करेगा। टीके की सुरक्षा के संबंध में सवाल का जवाब देते हुए सीईओ ने कहा कि कोविड-19 के टीके ने सुरक्षा के प्रत्येक मानक को अपनाया है। उन्होंने कहा, ‘‘भारतीय औषधि महानियंत्रक किसी टीके को उस वक्त तक लाइसेंस नहीं देगा जब तक उसके प्रभाव और सुरक्षा की पुष्टि नहीं हो जाती। सभी भारतीय टीके सुरक्षित, प्रभावी हैं और लोगों को सलाह दी जाती है कि वे इसे लगवाएं।’’ उन्होंने कहा, ‘‘लोगों को सवाल करने का अधिकार है, लेकिन मैं लोगों से कहूंगा कि वे इसके बारे में अध्ययन करें, इसके विज्ञान को समझें और हमेशा यह सलाह दी जाती है कि बीमारी से लड़ने के लिए टीका लगाएं।’’ पूनावाला ने कहा कि कोविशील्ड पर काम मार्च 2020 में शुरू हुआ और किसी को अनुमान नहीं था कि हम एक साल के भीतर हम टीका विकसित कर लेंगे। उन्होंने कहा, ‘‘सामान्य तौर पर टीका विकसित करने में तीन से चार साल लगते हैं।’’ पूनावाला ने कहा, ‘‘काफी देश प्रधानमंत्री कार्यालय और भारत को पत्र लिखकर इंस्टीट्यूट से टीके की आपूर्ति का अनुरोध कर रहे हैं। हम सभी को खुश रखने की कोशिश कर रहे हैं लेकिन हमें अपने लोगों का ध्यान पहले रखना है।





Disclaimer:प्रभासाक्षी ने इस ख़बर को संपादित नहीं किया है। यह ख़बर पीटीआई-भाषा की फीड से प्रकाशित की गयी है।


नोट:कोरोना वायरस से भारत की लड़ाई में हम पूर्ण रूप से सहभागी हैं। इस कठिन समय में अपनी जिम्मेदारी का पूर्णतः पालन करते हुए हमारा हरसंभव प्रयास है कि तथ्यों पर आधारित खबरें ही प्रकाशित हों। हम स्व-अनुशासन में भी हैं और सरकार की ओर से जारी सभी नियमों का पालन भी हमारी पहली प्राथमिकता है।


अरुणाचल प्रदेश में पिछले 24 घंटे में कोविड-19 का एक भी नया मामला नहीं आया सामने

  •  प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क
  •  मार्च 5, 2021   12:10
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अरुणाचल प्रदेश में पिछले 24 घंटे में कोविड-19 का एक भी नया मामला नहीं आया सामने

अरुणाचल प्रदेश में कोविड-19 का कोई नया मामला नहीं सामने आया है। राज्य प्रतिरक्षण अधिकारी दिमोंग पाडुंग ने बताया कि राज्य में अब तक 38,090 स्वास्थ्य कर्मियों एवं अग्रिम मोर्चे के कर्मियों को कोविड-19 टीका लगाया जा चुका है।

ईटानगर। अरुणाचल प्रदेश में पिछले 24 घंटे में कोरोना वायरस संक्रमण का एक भी नया मामला सामने नहीं आया है। स्वास्थ्य विभाग के एक वरिष्ठ अधिकारी ने शुक्रवार को यह जानकारी दी। राज्य सतर्कता अधिकारी डॉ. लोबसांग जाम्पा ने बताया कि पूर्वोत्तर राज्य में अब तक कुल 16,838 लोग संक्रमित हुए हैं, जिनमें से 16,780 लोग स्वस्थ हो चुके हैं और दो लोगों का उपचार चल रहा है। ये दोनों मरीज तिरप जिले में हैं। उन्होंने बताया कि राज्य में संक्रमण से अब तक 56 लोगों की मौत हो चुकी है।

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उन्होंने बताया कि राज्य में कोरोना वायरस संक्रमण का पता लगाने के लिए अब तक कुल 4,07,377 नमूनों की जांच की जा चुकी है, जिनमें से 326 नमूनों की जांच बृहस्पतिवार को की गई। राज्य प्रतिरक्षण अधिकारी दिमोंग पाडुंग ने बताया कि राज्य में अब तक 38,090 स्वास्थ्य कर्मियों एवं अग्रिम मोर्चे के कर्मियों को कोविड-19 टीका लगाया जा चुका है।





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राहुल गांधी ने महंगाई को लेकर सरकार पर निशाना साधा, कहा- महंगाई एक अभिशाप

  •  प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क
  •  मार्च 5, 2021   12:03
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राहुल गांधी ने महंगाई को लेकर सरकार पर निशाना साधा, कहा- महंगाई एक अभिशाप

पार्टी के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने लोगों से ‘स्पीक अप अंगेस्ट प्राइजराइज’ अभियान से जुड़कर महंगाई के खिलाफ आवाज उठाने की अपील की। उन्होंने ट्वीट किया , ‘‘महंगाई एक अभिशाप है। केंद्र सरकार सिर्फ़ टैक्स कमाने के लिए जनता को महंगाई के दलदल में धकेलती जा रही है। देश के विनाश के ख़िलाफ़ अपनी आवाज़ उठाइए।’’

नयीदिल्ली। कांग्रेस ने पेट्रोल -डीजल ,रसोईगैस और कुछ अन्य खाद्य वस्तुओं की कीमतों में बढ़ोतरी के खिलाफ शुक्रवार को सोशल मीडिया अभियान शुरू किया। पार्टी के पूर्व अध्यक्ष राहुल गांधी ने लोगों से ‘स्पीक अप अंगेस्ट प्राइजराइज’ अभियान से जुड़कर महंगाई के खिलाफ आवाज उठाने की अपील की। उन्होंने ट्वीट किया , ‘‘ महंगाई एक अभिशाप है। केंद्र सरकार सिर्फ़ टैक्स कमाने के लिए जनता को महंगाई के दलदल में धकेलती जा रही है। देश के विनाश के ख़िलाफ़ अपनी आवाज़ उठाइए।’’

इसे भी पढ़ें: विपक्ष जितना RSS-RSS करता रहेगा, संघ उतना ही मजबूत होगा: येदियुरप्पा 

कांग्रेस सांसद शशि थरूर ने आरोप लगाया, ‘‘मोदी सरकार की ओर से उठाए गए हर कदम से आम लोगों की जेब खाली हुई है। देश के लोग इसे सहन नहीं करेंगे और अपनी आवाज उठाएंगे।’’ कांग्रेस के कई अन्य नेताओं ने भी इस अभियान के तहत सरकार पर निशाना साधा।





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विपक्ष जितना RSS-RSS करता रहेगा, संघ उतना ही मजबूत होगा: येदियुरप्पा

  •  अंकित सिंह
  •  मार्च 5, 2021   11:55
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विपक्ष जितना RSS-RSS करता रहेगा, संघ उतना ही मजबूत होगा: येदियुरप्पा

राहुल गांधी ने कहा था कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ कुछ ऐसा कर रहा है जो अपने मौलिक रूप में भिन्न है। उन्होंने कहा था कि आरएसएस देश के संस्थानों में अपने लोगों की भर्ती कर रहा है।

राहुल गांधी का संघ को लेकर दिए गए बयान और शशि थरूर का प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के बढ़ी दाढ़ी पर की गई टिप्पणी को लेकर कर्नाटक के मुख्यमंत्री बीएस येदियुरप्पा ने अपनी प्रतिक्रिया दी है। बीएस येदियुरप्पा ने राहुल गांधी के साथ-साथ शशि थरूर पर भी हमला किया है। येदियुरप्पा ने साफ तौर पर कहा कि विपक्ष जितना आरएसएस आरएसएस करता रहेगा, उतना ही आरएसएस शक्तिशाली होगा। येदियुरप्पा ने कहा कि वे (विपक्ष) आरएसएस-आरएसएस कहते रहते हैं, वे जितना कहेंगे उतना ही शक्तिशाली आरएसएस बनेगा। मैं आज आरएसएस की वजह से यहां हूं। पीएम भी गर्व से कहते हैं कि वह आरएसएस से हैं। जब पीएम मोदी को COVID के खिलाफ लड़ाई के लिए दुनिया भर में सराहना मिली है, वे पीएम की दाढ़ी के बारे में भी बकवास करते हैं।

आपको बदा दें कि राहुल गांधी ने कहा था कि राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ कुछ ऐसा कर रहा है जो अपने मौलिक रूप में भिन्न है। उन्होंने कहा था कि आरएसएस देश के संस्थानों में अपने लोगों की भर्ती कर रहा है। उन्होंने कहा था कि अगर हम भाजपा को चुनाव में हरा भी दें तब भी हम संस्थागत ढांचे में उनके लोगों से छुटकारा नहीं पा सकेंगे। गांधी ने कमल नाथ के साथ हुई बातचीत को याद करते हुए कहा कि नाथ ने उन्हें बताया कि मध्य प्रदेश सरकार के वरिष्ठ अधिकारी उनकी बात नहीं सुनते थे क्योंकि वे आरएसएस के लोग थे और उन्हें जैसा कहा जाता था वैसा वह नहीं करते थे।





नोट:कोरोना वायरस से भारत की लड़ाई में हम पूर्ण रूप से सहभागी हैं। इस कठिन समय में अपनी जिम्मेदारी का पूर्णतः पालन करते हुए हमारा हरसंभव प्रयास है कि तथ्यों पर आधारित खबरें ही प्रकाशित हों। हम स्व-अनुशासन में भी हैं और सरकार की ओर से जारी सभी नियमों का पालन भी हमारी पहली प्राथमिकता है।


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