Delhi Assembly Security Breach Update | दिल्ली विधानसभा में सुरक्षा की भारी चूक: नकाबपोश ने एसयूवी से गेट तोड़ा, अध्यक्ष की कार पर रखा गुलदस्ता

इस घटना ने न केवल विधानसभा की सुरक्षा पर सवाल खड़े कर दिए हैं, बल्कि परिसर के बाहर खड़े एक गरीब ई-रिक्शा चालक की रोजी-रोटी पर भी संकट ला दिया है। प्रत्यक्षदर्शियों ने यह जानकारी दी।
सोमवार दोपहर दिल्ली विधानसभा परिसर में उस समय हड़कंप मच गया, जब एक नकाबपोश व्यक्ति तेज रफ्तार एसयूवी लेकर सुरक्षा घेरा तोड़ते हुए अंदर जा घुसा। इस घटना ने न केवल विधानसभा की सुरक्षा पर सवाल खड़े कर दिए हैं, बल्कि परिसर के बाहर खड़े एक गरीब ई-रिक्शा चालक की रोजी-रोटी पर भी संकट ला दिया है। प्रत्यक्षदर्शियों ने यह जानकारी दी। जिस ई-रिक्शा को टक्कर लगी थी उसके चालक ने बताया कि कार लगभग 60 से 70 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चल रही थी। अपराह्न करीब दो बजे विधानसभा परिसर में प्रवेश करने के बाद, उस व्यक्ति ने बरामदे में खड़ी विधानसभा अध्यक्ष की गाड़ी में फूलों का गुलदस्ता रखा और फिर उतनी ही तेज गति से फरार हो गया।
इसे भी पढ़ें: 155 एयरक्राफ्ट, किसी ने लीक किया प्लान, ट्रंप ने ईरान में चलाए गए ऐतिहासिक रेस्क्यू की कहानी सुनाई
ई-रिक्शा चालक गौरव ने कहा, “मैंने अपना ई-रिक्शा विधानसभा के गेट नंबर 2 के बाहर खड़ा किया था और मेट्रो गेट के पास ग्राहकों का इंतजार कर रहा था, तभी मुझे एक जोरदार आवाज सुनाई दी जब कार लोहे के गेट से टकरा गई”। वह आमतौर पर विधानसभा मेट्रो स्टेशन और मजनू का टीला के बीच यात्रियों को ले जाता है। उन्होंने बताया कि जब तक वह अपने वाहन तक पहुंचा, तब तक वहां भीड़ जमा हो चुकी थी। उन्होंने बताया कि इस घटना में ई-रिक्शा क्षतिग्रस्त हो गया, उसके पिछले हिस्से का एक टुकड़ा टूट गया, ‘टेल लाइट’ चकनाचूर हो गई और हैंडल मुड़ गया।
इसे भी पढ़ें: Sathankulam Custodial Death केस में 9 Policeकर्मियों को फांसी, Madurai कोर्ट का ऐतिहासिक फैसला।
गौरव ने कहा, “मुझे मरम्मत के लिए कोई रकम भी नहीं मिलेगी”। उसने अनुमान लगाया कि इसमें लगभग 4,000 रुपये का खर्च आएगा। ई-रिक्शा चालक ने बताया कि गेट पर मौजूद केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) के एक जवान ने कार के अंदर घुसने पर पुलिस और अन्य अधिकारियों को सतर्क करने की कोशिश की, लेकिन कार उनके पहुंचने से पहले ही वहां से बाहर निकल गई।
फिलहाल पुलिस सीसीटीवी फुटेज खंगाल रही है ताकि वाहन के नंबर और नकाबपोश की पहचान की जा सके। अति-सुरक्षित माने जाने वाले दिल्ली विधानसभा क्षेत्र में इस तरह की सेंधमारी ने सुरक्षा एजेंसियों के कान खड़े कर दिए हैं। सवाल यह भी उठता है कि दिनदहाड़े एक कार इतनी सुरक्षा के बावजूद परिसर के भीतर तक कैसे पहुंच गई और सुरक्षित बाहर भी निकल गई?
अन्य न्यूज़














