UCC पर Amit Shah के रुख के साथ टीडीपी, आंध्र प्रदेश इकाई अध्यक्ष ने दिया समर्थन

Prabhasakshi Image
Prabhasakshi

तेदेपा की आंध्र प्रदेश इकाई के अध्यक्ष पी. श्रीनिवास राव ने कहा कि पार्टी राजग की सहयोगी होने के नाते समान नागरिक संहिता पर केंद्रीय गृहमंत्री के बयान का पालन करेगी। उन्होंने स्पष्ट किया कि यूसीसी देश की एकता को मजबूत करने और लैंगिक समानता लाने का माध्यम है। वहीं माकपा ने आरोप लगाया कि भाजपा बुनियादी मुद्दों से ध्यान भटकाने के लिए यह राजनीति कर रही है।

तेलुगू देशम पार्टी (तेदेपा) की आंध्र प्रदेश इकाई के अध्यक्ष पी. श्रीनिवास राव ने मंगलवार को कहा कि राष्ट्रीय जनतांत्रिक गठबंधन (राजग) की सहयोगी होने के नाते तेदेपा यूसीसी पर केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह के बयान से बंधी हुई है। आंध्र प्रदेश में तेदेपा के नेतृत्व वाली राजग सरकार में भारतीय जनता पार्टी (भाजपा) और जनसेना शामिल है। हाल में शाह ने कहा था कि 2029 के आम चुनाव से पहले राजग शासित सभी राज्यों में समान नागरिक संहिता (यूसीसी) लागू किया जाएगा जिस पर विपक्षी दलों ने तीखी प्रतिक्रिया व्यक्त की थी।

गजुवाका विधानसभा क्षेत्र का प्रतिनिधित्व करने वाले राव ने ‘पीटीआई-वीडियो’ से कहा, ‘‘हां, मैंने यूसीसी पर हमारे केंद्रीय गृहमंत्री का बयान देखा है और राजग सहयोगी के तौर पर हम उनके बयान से बंधे हुए हैं।’’ उन्होंने कहा कि यूसीसी की आलोचना भी हो रही है लेकिन यह ‘‘देश की एकता को मजबूत करता है और यह लैंगिक भेदभाव नहीं करता है।’’ उन्होंने कहा, ‘‘बेशक आलोचक कहते हैं कि यह (यूसीसी) धार्मिक स्वतंत्रता का उल्लंघन करता है, हमारा देश सांस्कृतिक रूप से विविध है और यह स्वतंत्रता का उल्लंघन करता है। लेकिन हमारा हमेशा से यही मानना है कि यह यूसीसी देश को मजबूत और एकजुट करेगा।’’ उन्होंने कहा, ‘‘इसलिए राजग के सहयोगी होने के नाते हम अपने गृह मंत्री के बयान के अनुसार आगे बढ़ेंगे।’’ इस बीच, मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (माकपा) के प्रदेश सचिव वी. श्रीनिवास राव ने दावा किया कि भाजपा यूसीसी की राजनीति का सहारा लेकर देश का ध्यान भटका रही है क्योंकि पार्टी खासकर हाल में जंतर-मंतर पर हुए छात्रों के विरोध प्रदर्शन के बाद नयी पीढ़ी (जेन जी), बेरोजगारी और अन्य वजहों से दबाव का सामना कर रही है। भाजपा पर सांप्रदायिक आधार पर लोगों को बांटने का आरोप लगाते हुए श्रीनिवास राव ने कहा कि भारतीय संविधान के शिल्पकार बी. आर. आंबेडकर ने संविधान सभा की बहस के दौरान जिस यूसीसी की परिकल्पना की थी, वह इससे पूरी तरह अलग थी।

All the updates here:

अन्य न्यूज़