गणतंत्र दिवस पर खुफिया अलर्ट के बाद जम्मू-कश्मीर में चप्पे-चप्पे पर कड़ी सुरक्षा

Kashmir Republic Day
बीएसएफ महानिरीक्षक ने कहा कि खुफिया जानकारी स्पष्ट रूप से सीमा पार से कुछ गतिविधियों की आशंका की ओर इशारा करती है। उन्होंने कहा, ‘‘हमें घुसपैठ या हथियारों, गोला-बारूद, विस्फोटकों को हमारे इलाके में लाये जाने या मादक पदार्थों की तस्करी जैसी गतिविधियों की जानकारी मिली है।''

सीमा सुरक्षा बल (बीएसएफ) ने कहा है कि गणतंत्र दिवस पर राष्ट्र-विरोधी तत्वों द्वारा समस्या उत्पन्न करने के खतरे के मद्देनजर जम्मू-कश्मीर में भारत-पाकिस्तान सीमा पर सभी जवान ‘हाई-अलर्ट’ पर हैं। बीएसएफ के जम्मू के महानिरीक्षक डी.के. बूरा ने बताया कि बीएसएफ ने पहले ही सीमा पर दो सप्ताह के लिए सतर्कता बढ़ा दी है। उन्होंने कहा कि जम्मू सीमा में अंतरराष्ट्रीय सीमा (आईबी) पर सुरंग रोधी अभियान भी शुरू कर दिया है। उन्होंने कहा कि बीएसएफ आतंकवादियों के नापाक मंसूबों को विफल करने के लिए सेना, केंद्रीय रिजर्व पुलिस बल (सीआरपीएफ) और पुलिस के साथ संयुक्त गश्त भी कर रही है।

इसे भी पढ़ें: गणतंत्र दिवस से पहले जम्मू-कश्मीर में कड़ी सुरक्षा, फुल ड्रेस रिहर्सल में दिखा जवानों का जोश

बीएसएफ के महानिरीक्षक ने पत्रकारों से कहा, खुफिया जानकारी स्पष्ट रूप से सीमा पार से कुछ गतिविधियों की आशंका की ओर इशारा करती है। उन्होंने कहा, ‘‘हमें घुसपैठ या हथियारों, गोला-बारूद, विस्फोटकों को हमारे इलाके में लाये जाने या मादक पदार्थों की तस्करी जैसी गतिविधियों की जानकारी मिली है। लेकिन हम हाई अलर्ट पर हैं और हम किसी को भी इन नापाक मंसूबों में सफल नहीं होने देंगे।’’ उन्होंने कहा, ‘‘हमने इन गतिविधियों से निपटने के वास्ते योजना बनाई है। सीमा पर अधिकतम संख्या में सैनिक और अधिकारी मौजूद हैं।'' उन्होंने कहा कि हमने सीमा पर दो सप्ताह तक निगरानी और सीमा पर बड़े पैमाने पर अभियान चलाने की घोषणा की है।’’

इस बीच, जम्मू शहर में भी सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। चप्पे-चप्पे पर सुरक्षा बल नजर बनाये हुए हैं। पुंछ जिले में भी सुरक्षा बल हाई अलर्ट पर हैं। सुरक्षा बल वाहनों की किसी भी आवाजाही पर कड़ी नजर रख रहे हैं। पुंछ के वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक डॉ. विनोद कुमार ने कहा कि “पुंछ जिले में, हमने सभी प्रकार की सुरक्षा व्यवस्था की है और हम नज़र रख रहे हैं और पुंछ में आने और जाने वाले लोगों की जाँच कर रहे हैं।'' 

इसे भी पढ़ें: क्या है BSF की शीत रणनीति ? कैसे रखी जाती है दुश्मन की हरकत पर नजर ?

कश्मीर से कन्याकुमारी

महाराष्ट्र के ठाणे जिले की रहने वाली 10 साल की बालिका साईं पाटिल ने वाहनों से होने वाले प्रदूषण के नुकसान के बारे में जागरुकता फैलाने के उद्देश्य से कश्मीर से कन्याकुमारी के बीच करीब 3600 किलोमीटर की दूरी साइकिल से तय कर एक मिसाल पेश की है। साईं ने देश के उत्तरी छोर से दक्षिणी छोर की यह दूरी साइकिल के जरिये 38 दिनों में तय की। इस सफर के दौरान साईं के पिता उसके साथ थे। साईं ने वाहन प्रदूषण और बालिका के जीवन के महत्व को लेकर लोगों में जागरूकता फैलाने के उद्देश्य से पिछले महीने इस अभियान की शुरुआत की थी। साईं इस दौरान प्रतिदिन कम से कम 100 किलोमीटर साइकिल चलाती और रास्ते में आने वाले स्कूलों तथा अन्य स्थानों पर जाकर वाहनों से होने वाले प्रदूषण के बारे में लोगों को जागरूक करती और बालिका के जीवन के महत्व के बारे में बताती। साईं ने रिकार्ड बुक में अपना नाम दर्ज कराने की योग्यता पूरी कर ली है। साईं ने मीडिया से बात करते हुए कहा कि इस पूरी यात्रा के दौरान वह जहां कहीं भी गयी, उसे लोगों का बेहद प्यार और स्नेह मिला।

दूसरी ओर गणतंत्र दिवस से पहले जम्मू के कला एवं सांस्कृतिक अकादमी के छात्रों की रिहर्सल का दौर जारी है। यह सभी छात्र जम्मू शहर के एमए स्टेडियम में अपनी प्रस्तुति देंगे। जम्मू शहर के कला केंद्र में लगभग सौ छात्रों को नृत्य और स्टंट करते देखा गया। प्रभासाक्षी संवाददता से बातचीत में इन कलाकारों ने इस बात पर खुशी जताई कि 26 जनवरी को गणमान्य व्यक्तियों, अधिकारियों, पुलिस और सेना के सामने प्रदर्शन करने का विशेष अवसर उन्हें मिला है। 

नोट:कोरोना वायरस से भारत की लड़ाई में हम पूर्ण रूप से सहभागी हैं। इस कठिन समय में अपनी जिम्मेदारी का पूर्णतः पालन करते हुए हमारा हरसंभव प्रयास है कि तथ्यों पर आधारित खबरें ही प्रकाशित हों। हम स्व-अनुशासन में भी हैं और सरकार की ओर से जारी सभी नियमों का पालन भी हमारी पहली प्राथमिकता है।

अन्य न्यूज़