वर्ल्ड कप जिताने वाला टीम इंडिया का एक्स फैक्टर क्या है?

By दीपक मिश्रा | Publish Date: May 31 2019 11:13AM
वर्ल्ड कप जिताने वाला टीम इंडिया का एक्स फैक्टर क्या है?
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भारतीय टीम पर अगर नजर डाले तो इनका हर एक विभाग इतना मजबूत है जो विरोधी टीम की धज्जियां उड़ा सकता है। इस टीम की बल्लेबाजी में जान है वहीं गेंदबाजी विश्व स्तर की है।

वर्ल्ड कप की शुरूआत हो चुकी है। 2019 वर्ल्ड कप का रंगारंग आगाज हुआ और इसके साथ ही दुनिया की 10 टीमों के बीच इस खिताब को जीतने के लिए होड़ सी मच गई है। टीम इंडिया भी तीसरी बार चैंपियन बनने के लिए पूरी तरह से तैयार है। खिताब जीतने के लिए भारत की टीम फेवरेट भी मानी जा रही है। विराट की अगुवाई में टीम इंडिया काफी मजबूत नजर आ रही है। जिसकी वजह से इस टीम के खिताब जीतने की दावेदारी इतनी मजबूत है। भारतीय टीम पर अगर नजर डाले तो इनका हर एक विभाग इतना मजबूत है जो विरोधी टीम की धज्जियां उड़ा सकता है। इस टीम की बल्लेबाजी में जान है वहीं गेंदबाजी विश्व स्तर की है। ऑलराउंडर इस टीम के नए हीरो है वहीं फील्डिंग में इस टीम का कोई जवाब नहीं है। दुनिया भर के तमाम क्रिकेट दिग्गज भारत की टीम को सबसे उपर आंक रहे है। वैसे तो भारतीय टीम काफी मजबूत है लेकिन इसके साथ ही इस वर्ल्ड कप में एक ऐसी चीज है जो किसी भी टीम को विजेता बनाने में सबसे महत्तवपूर्ण भूमिका निभाएगी। 

दरअसल इस वर्ल्ड कप में हर टीम में एक ऐसा एक्स फैक्टर होना चाहिए जो अकेले दम पर मैच का पासा पलट सकें। इसलिए सवाल उठता है कि क्या हिंदुस्तान की टीम में वो एक्स फैक्टर है। क्या इस एक्स फैक्टर की वजह से विराट की टीम की जीत पक्की होगी? क्या खिताब जीतने के लिए विराट के एक्स फैक्टर ने अपनी तैयारी पूरी कर ली है? क्या विराट का ये एक्स फैक्टर हिंदुस्तान की जनता तो जश्न मनाने का मौका देगा?

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लंबे समय से दमदार है टीम इंडिया



2015 वर्ल्ड कप के खत्म होने के बाद से टीम इंडिया का प्रदर्शन काफी शानदार रहा है। इन वर्षों में भारत ने कई ऐतिहासिक रिकार्ड अपने नाम किए है। भारत ने ऑस्ट्रेलिया, दक्षिण अफ्रीका और न्यूजीलैंड को उसके घर में घुसकर मात दी है। इस वजह से यह कहना गलत नहीं होगा कि टीम इंडिया ने ना सिर्फ अपनी टीम को मजबूत किया है। बल्कि अच्छे प्रदर्शन का आत्मविश्वास भी विराट सेना के साथ है। निरंतर अच्छा प्रदर्शन करना इस टीम की सबसे मजबूत कड़ी है। पिछले 4 साल में वर्ल्ड कप के बाद टीम इंडिया ने मैच खेले हैं 86 जिसमें से 56 में जीत मिली है और 27 मैच में हार का सामना करना पड़ा है। यहां पर 1 मैच टाई रहा है और 2 मैच का नतीजा नहीं निकला है। यानि कि 2015 वर्ल्ड कप के बाद भारतीय टीम ने 65.11% मैच में जीत हासिल की है।

टीम इंडिया के टॉप ऑर्डर में दम है

अगर भारतीय टम के एक्स फैक्टर की बात की जाएं तो ये टॉप ऑर्डर की बल्लेबाजी है। 2015 वर्ल्ड कप के बाद से ही टीम इंडिया के टॉप आर्डर ने जमकर रन बरसाएं है। टीम इंडिया के ओपनर रोहित ने 2015 वर्ल्ड कप के बाद से 71 मैच की 71 पारी से 3790 रन बनाए हैं। इस दौरान उन्होंने 16 शतक जड़े है और और रोहित शर्मा का 61.12 का औसत रहा है। वही दूसरे ओपनर शिखर धवन ने 67 मैच की 67 पारी से 2848 रन बनाए हैं। जिसमें 8 शतक शामिल है और इस दौरान धवन का औसत 45.20 का रहा है। टॉप ऑर्डर के तीसरे बल्लेबाज विराट का प्रदर्शन तो सारे रिकॉर्ड तोड़ने नजर आ रहा है वर्ल्ड कप के बाद 69 मैच की 69 पारी से विराट ने 4306 रन बनाए हैं। जिसमें 19 शतक शामिल है और विराट का इस दौरान औसत रहा 78.29 का रहा है।

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इस टीम की नई जान है ऑलराउंडर 



टॉप ऑर्डर के बाद इस टीम का एक्स फैक्टर ऑलराउंडर खिलाड़ी है। दरअसल इस टीम में हार्दिक पांड्या, केदार जाधव, रवींद्र जडेजा और विजय शंकर के रुप में चार चार ऑलराउंडर हैं। 1983 वर्ल्ड की टीम में कपिल, मोहिंदर अमरनाथ, मदन लाल और रोजर बिन्नी के रुप में चार ऑलराउंडर थे जिन्होंने टीम को विजेता बनाने में अहम भूमिका निभाई थी। और ठीक उसी तरह इस बार भी टीम इंडिया में चार ऑलराउंडर है जो टीम को किसी भी हालत में जीत दिलाने का दम रखते है। इसलिए वर्ल्ड कप में इन्हें भी एक्स फैक्टर माना जा रहा है। कुलदीप यादव और युजवेंद चहल के साथ रवींद्र जडेजा की स्पिन की तिकड़ी और साथ में जसप्रीत बुमराह के साथ मोहम्मद शमी और भुवनेश्वर की जोड़ी टीम इंडिया को तीसरी बार चैंपियन बनाकर ही दम लेगी। 

- दीपक मिश्रा

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