यूपी के अवैध पटाखा फैक्ट्री में विस्फोट, मरने वालों की संख्या बढ़कर 5 हुई

  •  प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क
  •  मई 8, 2022   13:08
यूपी के अवैध पटाखा फैक्ट्री में विस्फोट, मरने वालों की संख्या बढ़कर 5 हुई
प्रतिरूप फोटो
Google common license

पटाखा फैक्ट्री में विस्फोट में मरने वालों की संख्या बढ़कर पांच हो गई है। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक आकाश तोमर ने रविवार को पीटीआई- को बताया कि शनिवार देर शाम सरसावा क्षेत्र के बंलवतपुर गांव के पास एक पटाखा फैक्ट्री में आग लगने के बाद बारूद में हुए धमाके की घटना में घायल दो लोगों की मौत हो गई।

सहारनपुर। उत्तर प्रदेश के सहारनपुर जिले में शनिवार देर शाम एक पटाखा फैक्ट्री में आग लगने के बाद हुए विस्फोट में दो और लोगों की मौत हो गई। इससे हादसे में मरने वाले लोगों की संख्या बढ़कर पांच पर पहुंच गई। वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक आकाश तोमर ने रविवार को पीटीआई- को बताया कि शनिवार देर शाम सरसावा क्षेत्र के बंलवतपुर गांव के पास एक पटाखा फैक्ट्री में आग लगने के बाद बारूद में हुए धमाके की घटना में घायल दो और लोगों की देर रात अस्पताल में इलाज के दौरान मौत हो गई। इसके साथ ही हादसे में मरने वाले लोगों की संख्या बढ़कर पांच पर पहुंच गई।

इसे भी पढ़ें: Himachal Khalistani Flag: घटना पर तेज हुई राजनीति, सिसोदिया ने भाजपा को घेरा, कुमार विश्वास का भी आया बयान

तोमर के मुताबिक, मृतकों में फैक्ट्री के लाइसेंस धारी राहुल के साथ-साथ सागर, कार्तिक, वर्धनपाल और सुमित शामिल हैं। वहीं, वंश नामक एक घायल को नाजुक स्थिति के चलते पीजीआई चंडीगढ़ रेफर किया गया है। गौरतलब है कि सरसावां क्षेत्र के सोराना गांव के पास एक पटाखा फैक्ट्री में शनिवार देर शाम अचानक आग लगने से बारूद में हुए भीषण विस्फोट में फैक्ट्री के लाइसेंस धारक समेत तीन लोगों की मौके पर ही मौत हो गई थी, जबकि कई अन्य गंभीर रूप से घायल हो गए थे। विस्फोट इतना जबरदस्त था कि शवों के चीथड़े दूर-दूर तक बिखर गए थे। हादसे के समय फैक्ट्री में लगभग 12 मजदूर काम कर रहे थे।





Disclaimer:प्रभासाक्षी ने इस ख़बर को संपादित नहीं किया है। यह ख़बर पीटीआई-भाषा की फीड से प्रकाशित की गयी है।


नोट:कोरोना वायरस से भारत की लड़ाई में हम पूर्ण रूप से सहभागी हैं। इस कठिन समय में अपनी जिम्मेदारी का पूर्णतः पालन करते हुए हमारा हरसंभव प्रयास है कि तथ्यों पर आधारित खबरें ही प्रकाशित हों। हम स्व-अनुशासन में भी हैं और सरकार की ओर से जारी सभी नियमों का पालन भी हमारी पहली प्राथमिकता है।