शरद पवार से मुलाकात पर बोले अजित, अपने नेता से मिलना मेरा अधिकार है

  •  प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क
  •  नवंबर 27, 2019   10:16
शरद पवार से मुलाकात पर बोले अजित, अपने नेता से मिलना मेरा अधिकार है

राकांपा अध्यक्ष शरद पवार के ‘सिल्वर ओक’ आवास पर मंगलवार देर रात जाने के बारे में अजित पवार ने कहा कि अपने नेता से मुलाकात करना मेरा अधिकार है।

मुंबई। महाराष्ट्र में सरकार बनाने के लिए पिछले सप्ताह भाजपा को समर्थन देने वाले राकांपा नेता अजित पवार ने बुधवार को कहा कि वह अपनी पार्टी में बने रहेंगे और इसके बारे में भ्रम ‘‘पैदा करने’’ की कोई वजह नहीं है। अजित पवार ने यहां पत्रकारों से कहा, ‘‘अभी मेरे पास कहने के लिए कुछ नहीं है, मैं सही समय आने पर बोलूंगा। मैंने पहले भी कहा था कि मैं राकांपा में हूं और मैं राकांपा में ही रहूंगा। भ्रम पैदा करने की कोई वजह नहीं है।’’

इसे भी पढ़ें: शरद पवार से बोले छगन भुजबल, अजित को NCP में वापस लाने के लिए मनाना चाहिए

अपने चाचा और राकांपा अध्यक्ष शरद पवार के ‘सिल्वर ओक’ आवास पर मंगलवार देर रात जाने के बारे में अजित पवार ने कहा, ‘‘अपने नेता से मुलाकात करना मेरा अधिकार है।’’ पुणे की बारामती सीट से 1.65 लाख मतों के अंतर से विधानसभा चुनाव जीतने वाले राकांपा विधायक ने अपनी पार्टी और परिवार को पिछले शनिवार को उस समय अचंभे में डाल दिया था जब उन्होंने भाजपा से हाथ मिला लिया और वह देवेंद्र फडणवीस के नेतृत्व वाली सरकार में उपमुख्यमंत्री बने।

इसे भी पढ़ें: महाराष्ट्र विधानसभा का विशेष सत्र शुरू, फडणवीस, अजित ने ली विधायक पद की शपथ

इसके बाद उसी दिन राकांपा ने उन्हें अपने विधायक दल के नेता पद से हटा दिया। हालांकि वह पार्टी के सदस्य बने रहे। अजित पवार ने मंगलवार को ‘‘निजी वजहों’’ का हवाला देते हुए उपमुख्यमंत्री पद से इस्तीफा दे दिया। इसके बाद फडणवीस ने भी मुख्यमंत्री पद से इस्तीफा दे दिया जिससे भाजपा के नेतृत्व वाली सरकार गिर गई। 





Disclaimer:प्रभासाक्षी ने इस ख़बर को संपादित नहीं किया है। यह ख़बर पीटीआई-भाषा की फीड से प्रकाशित की गयी है।


नोट:कोरोना वायरस से भारत की लड़ाई में हम पूर्ण रूप से सहभागी हैं। इस कठिन समय में अपनी जिम्मेदारी का पूर्णतः पालन करते हुए हमारा हरसंभव प्रयास है कि तथ्यों पर आधारित खबरें ही प्रकाशित हों। हम स्व-अनुशासन में भी हैं और सरकार की ओर से जारी सभी नियमों का पालन भी हमारी पहली प्राथमिकता है।

Prabhasakshi logoखबरें और भी हैं...

राष्ट्रीय

झरोखे से...