अगर करतारपुर गलियारे पर फैसला रद्द होता है तो आतंकवादी प्रोत्साहित होंगे: सिद्धू

  •  प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क
  •  फरवरी 17, 2019   11:40
अगर करतारपुर गलियारे पर फैसला रद्द होता है तो आतंकवादी प्रोत्साहित होंगे: सिद्धू

पुलवामा में सीआरपीएफ जवानों के लिए समुचित सुरक्षा व्यवस्था का इंतजाम नहीं किए जाने संबंधी सवाल करते हुए सिद्धू ने कहा कि जवानों के मारे जाने की घटनाओं को रोकने के लिए एक स्थायी हल की जरूरत है।

लुधियाना। पुलवामा आतंकवादी हमले पर अपनी टिप्पणी को लेकर आलोचनाओं का सामना कर रहे पंजाब सरकार में मंत्री नवजोत सिंह सिद्धू ने शनिवार को कहा कि अगर करतारपुर गलियारे पर फैसला रद्द हो जाता है तो इससे आतंकवादी प्रोत्साहित होंगे। सिद्धू ने पत्रकारों से कहा, ‘‘ सिखों का करतारपुर गलियारा रूक नहीं सकता है। क्या आप चाहते हैं कि दो प्रधानमंत्रियों द्वारा लिया गया फैसला रद्द हो? तो आप उन्हें (आतंकवादियों) प्रोत्साहित करेंगे... कोई भी देश को आतंकवाद के आगे झुका नहीं सकता है और यह बहुत साफ है।’’ 

पुलवामा में सीआरपीएफ जवानों के लिए समुचित सुरक्षा व्यवस्था का इंतजाम नहीं किए जाने संबंधी सवाल करते हुए सिद्धू ने कहा कि जवानों के मारे जाने की घटनाओं को रोकने के लिए एक स्थायी हल की जरूरत है। मंत्री के शनिवार को यहां पहुंचने पर भाजपा की युवा इकाई भारतीय जनता युवा मोर्चा के कार्यकर्ताओं ने उन्हें काले झंडे दिखाए। वे उनकी टिप्पणी का विरोध कर रहे थे। पुलवामा में बृहस्पतिवार को सीआरपीएफ के काफिले पर हमले की पाकिस्तान के आतंकवादी संगठन जैश-ए-मोहम्मद द्वारा जिम्मेदारी लेने के बाद शुक्रवार को सिद्धू ने कहा था कि कुछ लोगों के कृत्य के लिए क्या पूरे देश को जिम्मेदार ठहराया जा सकता है।

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शिरोमणि अकाली दल ने शनिवार को कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी से सिद्धू को निष्कासित करने की मांग की। नृशंस हमले में शामिल लोगों को सजा दिए जाने की मांग करते हुए सिद्धू ने शनिवार को कहा कि उन्होंने जो पहले कहा था, वह उस पर कायम है। उन्होंने कहा, ‘‘ दो प्रधानमंत्रियों द्वारा लिए गए फैसले पर क्या कोई प्रश्नवाचक चिह्र हो सकता है।’’ सिद्धू ने कहा कि कुछ आतंकवादियों के कारण देश की तरक्की को रोका नहीं जा सकता है। मंत्री ने कहा, ‘‘ जब एक सियासतदान दौरे पर होता है तो पूरे शहर को बंद कर दिया जाता है, लेकिन जब तीन हजार जवान जा रहे थे तो उचित सुरक्षा इंतजामों का ख्याल क्यों नहीं रखा गया?’’ सिद्धू ने कहा, ‘‘ इसका स्थायी हल होना चाहिए। क्यों हमारे जवान हमेशा अपनी जान गंवाते हैं? इसके लिए कुछ उपाय किये जाने चाहिए ताकि यह दोबारा नहीं हों।’’ 





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