कोरोना से हो रही मौतों से ध्यान भटकाने के लिए कमलनाथ जी पर हुई एफआईआर- जीतू पटवारी

कोरोना से हो रही मौतों से ध्यान भटकाने के लिए कमलनाथ जी पर हुई एफआईआर- जीतू पटवारी

उन्होंने कहा कि मैं शिवराज जी से अनुरोध करता हूँ कि वह इन दोनों केन्द्रीय मंत्रियों पर केस दर्ज करवाए नहीं तो वह कमजोर, अकर्मण्य, झूठे और मक्कार है जो लोगों की लाशों पर रोटिया सेंकता है।

भोपाल। मध्य प्रदेश कांग्रेस कमेटी के कार्यकारी अध्यक्ष, मीडिया प्रभारी व पूर्व मंत्री जीतू पटवारी ने मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान को एक कमजोर, अपराधी और अकर्मण्य मुख्यमंत्री कैसा होता है यह साबित किया है। पूर्व मुख्यमंत्री कमलनाथ के खिलाफ एफआईआर दर्ज करवाकर भाजपा की शिवराज प्रदेश में कोरोना से हुई मौतों से जनता का ध्यान भटकाना चाहती है। उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी इसके खिलाफ प्रत्येक जिले में अभियान चलाकर मुख्यमंत्री उनके मंत्री के खिलाफ एफआईआर करवाएगी। जीतू पटवारी ने कहा कि राज्य के बड़े-बड़े शहरों में 20 से 30 हजार लोगों की मौत हुई है, कांग्रेस पार्टी इसको लेकर प्रदेश के ग्रामीण स्तर पर, नगर पालिका, नगर निगम स्तर पर हुई मौतों का आंकड़ा एकत्र कर सरकार को सौंपेगी।

 

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कांग्रेस के कार्यकारी अध्यक्ष जीतू पटवारी ने कहा कि प्रदेश की शिवराज सरकार ने कोरोना के इंडियन बेरियंट शब्द का उपयोग कर कमलनाथ जी पर एफआईआर दर्ज करवाई है क्या उसी प्रकार केन्द्रीय कानून मंत्री और स्वास्थ्य मंत्री पर भी शिवराज जी एफआईआर दर्ज करवाएगें क्योंकि उन्होंने 09 मई 2021 को सुप्रीम कोर्ट में दिए शपथ पत्र में इंडियन डबल म्यूटेंट शब्द का उपयोग किया है। जीतू पटवारी ने मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान को चुनौति देते हुए कहा कि क्या प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और शिवराज सिंह चौहान ध्रतराष्ट्र है, जो केन्द्रीय कानून व स्वास्थ्य मंत्री पर कमलनाथ की तरह एफआईआर नहीं कर पा रहे। उन्होंने कहा कि मैं शिवराज जी से अनुरोध करता हूँ कि वह इन दोनों केन्द्रीय मंत्रियों पर केस दर्ज करवाए नहीं तो वह कमजोर, अकर्मण्य, झूठे और मक्कार है जो लोगों की लाशों पर रोटिया सेंकता है।

 

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जीतू पटवारी ने कहा कि शिवराज सरकार ने कमलनाथ जी पर एफआईआर दर्ज करवाई, क्या वह उनके खिलाफ भी एफआईआर दर्ज करवाएगें जिनकी वजह से ऑक्सीजन की कमी से तड़फ-तड़फ कर लोग मर गए, जिसके वजह से रेमडेसिविर इंजेक्शन की कालाबाजारी हुई और लोग मर गए, जिन्होंने मौत के आंकड़े छिपाए, जिन्होंने अपनी कार्यशैली से प्रदेश का नाम बदनाम किया। उन्होंने कहा कि जिस शब्द को लेकर कमलनाथ जी पर एफआईआर दर्ज की गई है, वह शब्द देश के कई मीडिया संस्थानों ने अपनी खबरों में उपयोग किया। लेकिन शिवराज जी को सिर्फ कमलनाथ जी ही दिखे आखिर करना क्या चाहते है वह अपनी नाकामियों को छुपाने के लिए वह यह सब कर रहे है क्या।

 

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पटवारी ने कहा कि मंहगाई की मार से जूझ रही जनता पहले से ही परेशान है। पेट्रोल-डीजल के दाम आसमान छू रहे है, खाने का तेल 200 रूपए के पार चला गया है। जनता देख रही है भारतीय जनता पार्टी, मोदी और शिवराज सिंह को जनता उसी तेल से नहला कर घर भेजेगी। उन्होंने प्रदेश में तेजी से फैल रहे ब्लैक फंगस की दवाईयों की कालाबाजारी को लेकर कहा कि जिस तरह रेमडेसिविर इंजेक्शन की कालाबाजारी हुई, कैसे हुई किसी से छुपा नहीं है, भाजपा नेताओं और कार्यकर्ताओं के यहाँ से बांटे गए 30-30 हजार में कालाबाजारी कर इंजेक्शन बेंचे गए इस पर शिवराज जी को ध्यान देकर ब्लैक फंगस की दवाईयों की कालाबाजारी को रोकना चाहिए।





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