मंडी में जहरीली शराब के सेवन से मरने वालों की तादाद सात हुई ,पुलिस भी सक्रिय हुई

spurious liquor
पता चला है कि पिछले कई दिनों से सलापड़ क्षेत्र में चोरी छिपे चंडीगढ़ से शराब लाकर बेची जा रही थी। इन्होंने इसी शराब का सेवन किया था। बताया जा रहा है क्षेत्र में इस शराब की मांग ज्यादा हो गई थी, इससे ज्यादा नशा होने की बात कही जा रही है। मंडी जिले की सीमा पर डैहर और कांगू के साथ लगती पंचायतों में शराब माफिया के कई अड्डे सक्रिय हैं।

शिमला। प्रदेश के जिला मंडी के सुंदरनगर में जहरीली शराब पीने से दो और लोगों की मौत हो गई है। इसी के साथ मरने वालों की तादाद सात हो गई है। इलाके में जहरीली शराब को लेकर अब पुलिस भी जागी है। व शराब माफिया से जुउे लोगों की गिरफतारियां भी शुरू हुई हैं। वहीं जिन घरों के चिराग बुझे हैं। उन घरों में मातम पसरा है। तो इलाके के लोगों में पुलिस के रवैये को लेकर आक्रोश भी है। 

 

पता चला है कि पिछले कई दिनों से सलापड़ क्षेत्र में चोरी छिपे चंडीगढ़ से शराब लाकर बेची जा रही थी।  इन्होंने इसी शराब का सेवन किया था। बताया जा रहा है क्षेत्र में इस शराब की मांग ज्यादा हो गई थी, इससे ज्यादा नशा होने की बात कही जा रही है। मंडी जिले की सीमा पर डैहर और कांगू के साथ लगती पंचायतों में शराब माफिया के कई अड्डे सक्रिय हैं। जड़ोल पंचायत के भवाणा क्षेत्र से लेकर कांगू, सलापड़ और डैहर के दायरे में माफिया की शराब खूब बिकती है। शॉर्टकट में बड़ी कमाई के लालच में शराब को खूब असरदार बनाने के लिए मिलावट की जाती है और यह कुछ चाय की दुकानों में पूरे जिले में खूब परोसी जाती रही है।

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इलाके में अवैध शराब के सेवन से मारे गये लोगों के चलते राजनिति भी शुरू हो गई है। विपक्षी दल कांग्रेस ने इस मामले पर सरकार को घेरा है। व आरोप लगाया है कि सुंदरनगर में जिस तरह ज़हरीली शराब के सेवन से सात लोगों की मौत हुई है उससे यह साफ नज़र आ रहा है कि प्रदेश में अवैध एवम ज़हरीली शराब बेचने का काम बेरोकटोक चल रहा है।यह सब बिना सरकारी संरक्षण के सम्भव नहीं है।

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आज मारे गये लोगों की पहचान सीता राम पुत्र बंगालू राम निवासी खनयोड तहसील सुंदरनगर के रूप में हुई है। बताया जा रहा है कि सीता राम ने घर मे दम तोड़ा है। उसने 17 जनवरी को शराब पी थी। सीता राम मिस्त्री का काम करता था। परिजनों को कमरे में पानी की बोतल में शराब मिली हुई मिली है। पुलिस ने बोतल व शव कब्जे में लिया है। वहीं, भगत राम की मौत भी हो गई। वह नेरचौक मेडिकल कॉलेज में उपचाराधीन था। इसके अलावा जहरीली शराब पीने से भर्ती गणपत की हालत नाजुक है। उसे आईजीएमसी शिमला रेफर किया गया है। अभी तीन और लोगों की हालत नाजुक बताई जा रही है। इससे पहले पांच लोगों की मौत हुई थी। इस तरह अब तक सात लोग मारे जा चुके हैं। 

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इस बीच, जहरीली शराब मामले में पुलिस ने पूर्व पंचायत प्रधान सहित चार लोगों को गिरफ्तार किया है। बताया जा रहा है पुलिस ने शराब की खेप भी बरामद की है। इनसे पुलिस ने चंडीगढ़ ब्रांड सहित नकली शराब पकड़ी है। पुलिस ने सलापड़ पंचायत के पूर्व प्रधान जगदीश चंद  वर्तमान पंचायत प्रधान के ससुर अच्छर सिंह पुत्र बहादुर सिंह समेत चार लोगों को गिरफ्तार किया है। कुछ और संदिग्धों की गिरफ्तारी होने की उम्मीद है। पूर्व पंचायत प्रधान जगदीश चंद कांग्रेस का सदस्य बताया जा रहा है। पुलिस चारों को रिमांड पर लेने के लिए देर शाम सुंदरनगर की एक अदालत में पेश करेगी। मलोह पंचायत के छज्वार गांव से गिरफ्तार किए गए तीसरे आरोपी सोहन लाल उर्फ रवि से पुलिस ने संतरा ब्रांड की नकली शराब की 12 बोतल बरामद की हैं। वहीं, प्रदीप कुमार उर्फ दीप सलापड़ पंचायत की सरोह गांव का रहने वाला हैं। करीब एक साल से देसी व अंग्रेजी शराब अवैध रूप से दुकानों व घरों में सप्लाई करते थे। चारों की ऊंची राजनीतिक पहुंच के कारण पुलिस भी इन पर कार्रवाई करने से कतराती थी। पंचायत प्रतिनिधि होने की वजह से लोग उनके विरुद्ध बोलने से डरते थे।

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