Mumbai में Tushar Gandhi और Imran Khan समेत 600 प्रदर्शनकारी हिरासत में लिए गए

Mumbai में Tushar Gandhi और Imran Khan समेत 600 प्रदर्शनकारी हिरासत में लिए गए
प्रतिरूप फोटो
AI-Generated

मुंबई पुलिस ने बिना अनुमति विरोध-प्रदर्शन करने के आरोप में सामाजिक कार्यकर्ता तुषार गांधी और अभिनेता इमरान खान सहित लगभग 600 लोगों को विभिन्न स्थानों से हिरासत में लिया। यह प्रदर्शन नयी दिल्ली में कॉजपा के आंदोलन के समर्थन में आयोजित किया गया था। अगस्त क्रांति मैदान और हुतात्मा चौक जैसे प्रमुख स्थलों पर जमा हुए कार्यकर्ताओं ने पुलिस पर जबरन हटाने का आरोप लगाया।

पुलिस ने शनिवार को कॉकरोच जनता पार्टी (कॉजपा) के नयी दिल्ली में प्रदर्शन के समर्थन में मुंबई में बिना इजाजत विभिन्न स्थानों पर विरोध-प्रदर्शन के आरोप में सामाजिक कार्यकर्ता तुषार गांधी, अभिनेता इमरान खान और माकपा कार्यकर्ताओं समेत करीब 600 लोगों को हिरासत में लिया। कई प्रदर्शनकारियों ने पुलिस पर उनके साथ धक्का-मुक्की करने का आरोप लगाया। महानगर में अगस्त क्रांति मैदान, हुतात्मा चौक और अन्य स्थानों पर विरोध प्रदर्शन हुए।

प्रकाश आंबेडकर के नेतृत्व वाली वंचित बहुजन आघाडी (वीबीए) के कई कार्यकर्ताओं ने दक्षिण मुंबई के हुतात्मा चौक पर प्रदर्शन किया। पुलिस के एक अधिकारी ने बताया कि तुषार गांधी के नेतृत्व वाले ‘हम भारत के लोग’ संगठन के सदस्यों और मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी के कार्यकर्ताओं समेत सैकड़ों लोग बिना अनुमति के अगस्त क्रांति मैदान में एकत्र हुए थे। इनमें से करीब 200 लोगों को प्रदर्शन करने के आरोप में हिरासत में लिया गया।

अधिकारी ने कहा, ‘‘शहर के विभिन्न स्थानों से कुल मिलाकर करीब 600 लोगों को हिरासत में लिया गया।’’ प्रदर्शनकारियों में शामिल रुबैद भोजानी ने आरोप लगाया कि पुलिस ने प्रदर्शनकारियों को ‘‘बहुत बेरहमी से’’ हिरासत में लिया। भोजानी ने कहा, ‘‘हमने प्रधानमंत्री को वोट दिया था, लेकिन उन्होंने हमें धोखा दिया। हम मुख्य निर्वाचन आयुक्त (सीईसी) ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग करते हैं।’’ दक्षिण मुंबई के अगस्त क्रांति मैदान में पुलिस द्वारा हिरासत में लिए गए लोगों में अभिनेता इमरान खान भी शामिल थे।

अभिनेता ने पुलिस वैन से सोशल मीडिया पर पोस्ट करते हुए कहा, ‘‘जाहिर तौर पर, मैं ड्राइव पर जा रहा हूं।’’ बाद में सामने आए एक वीडियो में खान पुलिस वाहन में जबरन बैठाए जाने के दौरान एक पत्रकार के सवाल का जवाब देते दिखाई दिए। प्रदर्शन में शामिल होने के बारे में पूछे जाने पर उन्होंने कहा, ‘‘मेरी कोई मांग नहीं है। मैं किसी संगठन का हिस्सा नहीं हूं।’’ वीडियो में वह पुलिस से यह पूछते भी दिखाई दिए, ‘‘मैंने क्या किया है?

मेरे साथ धक्का-मुक्की क्यों की जा रही है?’’ प्रदर्शन में शामिल एक बुजुर्ग जिन्हें हृदय में पेसमेकर लगा हुआ था, ने आरोप लगाया कि एक पुलिस कांस्टेबल ने उन्हें खींचा और धक्का दिया। एक अन्य प्रदर्शनकारी ने आरोप लगाया कि कुछ नारे लगाने और जोशीले भाषणों के साथ शांतिपूर्ण बैठक हो सकती थी, लेकिन पुलिस ने लोगों को घसीटकर वैन में बैठाया और हिरासत में लेकर उसे एक हिंसक तमाशे में बदल दिया। एक अन्य प्रदर्शनकारी ने आरोप लगाया कि कुछ नारे लगाने और जोशीले भाषणों के साथ शांतिपूर्ण बैठक हो सकती थी, लेकिन पुलिस ने लोगों को घसीटकर वैन में बैठाया और हिरासत में लेकर उसे एक हिंसक तमाशे में बदल दिया।

प्रदर्शनकारियों को गामदेवी और तारदेव पुलिस थानों में ले जाया गया। इससे पहले दिन में महात्मा गांधी के प्रपौत्र तुषार गांधी को बांद्रा से हिरासत में लेकर डी. एन. नगर पुलिस थाने ले जाया गया था। बड़ी संख्या में लोग थाने के बाहर एकत्र हुए।

शिवसेना (उबाठा) के नेता आदित्य ठाकरे भी गांधी की रिहाई की मांग को लेकर पुलिस थाने पहुंचे। ‘हम भारत के लोग’ संगठन का नेतृत्व करने वाले गांधी ने ‘एक्स’ पर एक पोस्ट में पोस्टर साझा कर नागरिकों से अपराह्न साढ़े तीन बजे अगस्त क्रांति मैदान में आयोजित प्रदर्शन में शामिल होने की अपील की थी। सामाजिक कार्यकर्ता फिरोज मिथिबोरवाला को भी उनके घर से हिरासत में लेकर एमआईडीसी पुलिस थाने ले जाया गया।

इस बीच, दादर के शिवाजी पार्क में कॉजपा सदस्यों को प्रदर्शन करने से रोकने के लिए महिला अधिकारियों समेत अतिरिक्त पुलिसकर्मियों को तैनात किया गया। मुंबई के अन्य स्थानों पर भी सुरक्षा बढ़ा दी गई। अधिकारियों ने कहा कि मुंबई उच्च न्यायालय के एक आदेश के अनुसार अगस्त क्रांति मैदान को प्रदर्शन स्थल के रूप में निर्धारित नहीं किया गया है।

कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए एहतियाती कार्रवाई की गई। कॉजपा ने मतदाता सूचियों के विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के दौरान मतदाता सूची में हेरफेर और मतदाता पंजीकरण के लिए इस्तेमाल होने वाले फॉर्म-6 से जुड़े बदलावों के आरोपों को लेकर मुख्य निर्वाचन आयुक्त (सीईसी) के खिलाफ नयी दिल्ली में जंतर-मंतर पर प्रदर्शन का आह्वान किया है। दिल्ली में सुरक्षा के अभूतपूर्व बंदोबस्त और कॉजपा नेता अभिजीत दीपके, चार पूर्व मुख्यमंत्रियों तथा यूट्यूबर ध्रुव राठी समेत 7,000 से अधिक प्रदर्शनकारियों को हिरासत में लिए जाने से सरकार जंतर-मंतर पर प्रस्तावित बड़े प्रदर्शन को रोकने में सफल रही।

डिस्क्लेमर: प्रभासाक्षी ने इस ख़बर को संपादित नहीं किया है। यह ख़बर पीटीआई-भाषा की फीड से प्रकाशित की गयी है।


All the updates here:

अन्य न्यूज़