वेब सीरीज 'Bad Boy Billionaires' से क्यों परेशान हुआ मेहुल चोकसी, खटखटाया HC का दरवाजा

वेब सीरीज 'Bad Boy Billionaires' से क्यों परेशान हुआ मेहुल चोकसी, खटखटाया HC का दरवाजा

नेटफ्लिक्स पर प्रसारित होने वाले वेब सीरीज बैड बॉय बिलिनियर्स: इंडिया के खिलाफ चोकसी ने एडवोकेट विजय अग्रवाल के माध्यम से दायर याचिका में ओटीटी प्लैटफॉर्म को अदालत के निर्देश दिए जाने की मांग की गई है कि वह आने वाली वेब सीरीज ‘बैड बॉय बिलिनियर्स : इंडिया’ के किसी भी एपिसोड को जारी न करे।

एक ओटीटी प्लेटफॉर्म पर प्रसारित होने वाले वेब सीरीज ने भगोड़े हीरा कारोबारी नीरव मोदी के मामा मेहुल चोकसी को इस कधर परेशान कर दिया कि वो इसके खिलाफ दिल्ली के उच्च न्यायालय पहुंच गए। मामले की दलीलें सुनने के बाद जस्टिस नवीन चावला की अध्यक्षता वाली सिंगल बेंच ने इस विषय की अगली सुनवाई 28 अगस्त को निर्धारित की है। अब आपको पूरे मामले के बारे में विस्तार से बताते हैं कि आखिर क्यों एक वेब सीरीज से इस कदर परेशान हो गया मेहुल चोकसी।

क्या है पूरा मामला

गीतांजलि जेम्स के प्रवर्तक मेहुल चोकसी और उसके भतीजे नीरव मोदी 13,500 करोड़ रुपये से अधिक के पंजाब नेशल बैंक धोखाधड़ी मामले में आरोपी हैं। चोकसी पिछले साल देश छोड़ कर भाग गया था। इस वेब सीरीज के दो सितंबर को भारत में रिलीज होने का कार्यक्रम है। नेटफ्लिक्स पर इसके बारे में यह बताया गया है कि यह एक ऐसा वृत्तचित्र है जो भारत के सर्वाधिक कुख्यात उद्योगपतियों के लालच, फरेब और भ्रष्टाचार को बयां करता है। इसमें भगोड़ा कारोबारी विजय माल्या, नीरव मोदी के साथ-साथ सुब्रत रॉय और बी राजू रामलिंग राजू के विवादित मामलों पर प्रकाश डाला गया है। 

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चोकसी की आपत्ति

नेटफ्लिक्स पर प्रसारित होने वाले वेब सीरीज बैड बॉय बिलिनियर्स: इंडिया के खिलाफ चोकसी ने एडवोकेट विजय अग्रवाल के माध्यम से दायर याचिका में ओटीटी प्लैटफॉर्म को अदालत के निर्देश दिए जाने की मांग की गई है कि वह आने वाली वेब सीरीज ‘बैड बॉय बिलिनियर्स : इंडिया’ के किसी भी एपिसोड को जारी न करे। उन्होंने कहा कि डॉक्युमेंट्री में मेहुल चोकसी को भी शामिल किया गया है और उनके खिलाफ जांच और ट्रायल के दौरान का उल्लेख किया गया है जो चोकसी के अधिकारों का हनन करता है।

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नेटफ्लिक्स का पक्ष

नेटफ्लिक्स इंक और नेटफ्लिक्स इंटरटेनमेंट सर्विसेज इंडिया एलएलपी का प्रतिनिधित्व कर रहे वरिष्ठ अधिवक्ता नीरज किशन कौल ने कहा कि यह वेब सीरिज नीरव मोदी जैसे कई लोगों पर है और इसमें चोकसी पर सिर्फ दो मिनट है। उन्होंने कहा कि ओटीटी प्लैटफॉर्म पर कंटेंट को लेकर कोई रेग्युलेशन नहीं है। 

कोर्ट ने क्या कहा

न्यायमूर्ति नवीन चावला ने नेटफ्लिक्स से वकील से मौखिक रूप से कहा कि वह चोकसी को इसकी ‘प्री-स्क्रीनिंग’ (रिलीज से पहले देखने के लिये) उपलब्ध कराने पर विचार करे और विवाद पर विराम लगाये। बहरहाल, अदालत ने इस विषय की अगली सुनवाई 28 अगस्त को निर्धारित की है। 





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