युद्ध के बीच इमरान खान की रूस यात्रा पर उठे सवाल, अमेरिका ने पाकिस्तान से कहा अगर जिम्मेदार हो तो यह कदम उठाओ

युद्ध के बीच इमरान खान की रूस यात्रा पर उठे सवाल, अमेरिका ने पाकिस्तान से कहा अगर जिम्मेदार हो तो यह कदम उठाओ

इमरान खान का सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हो रहा है जिसमें वह रूस-यूक्रेन युद्ध को 'रोमांचक' करते हुए दिखाय़ी दे रहे हैं। इस दौरान खान रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के साथ वार्ता कर प्रमुख क्षेत्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय मुद्दों पर विचारों का आदान-प्रदान करेंगे।

रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने पूर्वी यूक्रेन में एक ‘‘सैन्य अभियान’’ शुरू करने की घोषणा की है। रूस की तरफ से लगातार यूक्रेन पर बमबारी की जा रही है। हमले को लेकर रूस की चौरफा निंदा की जा रही है। यूक्रेन की स्थिति पर 15 सदस्यीय देशों की संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद ने बुधवार देर रात एक आपात बैठक बुलाई थी। इसी बीच पाकिस्तान के प्रधानमंत्री इमरान खान बुधवार को दो दिवसीय यात्रा पर रूस आये हैं। पाकिस्तान के प्रधान मंत्री इमरान खान ने रूस-यूक्रेन युद्ध को "रोमांचक" के रूप में वर्णित किया है। 

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रूस-यूक्रेन युद्ध के बीच इमरान खान की रूस यात्रा 

इमरान खान का सोशल मीडिया पर एक वीडियो वायरल हो रहा है जिसमें वह रूस-यूक्रेन युद्ध को "रोमांचक" करते हुए दिखाय़ी दे रहे हैं। इस दौरान खान रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन के साथ वार्ता कर प्रमुख क्षेत्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय मुद्दों पर विचारों का आदान-प्रदान करेंगे। पिछले करीब दो दशक में यह किसी पाकिस्तानी प्रधानमंत्री की पहली रूस यात्रा है। खान के साथ एक उच्च स्तरीय प्रतिनिधिमंडल भी रूस गया है, जिसमें उनके मंत्रिमंडल सहयोगी शामिल हैं। विदेश कार्यालय के मुताबिक, प्रधानमंत्री खान और पुतिन के बीच द्विपक्षीय शिखर वार्ता दौरे का अहम बिंदु है। इसने कहा, शिखर बैठक के दौरान, दोनों नेता ऊर्जा सहयोग समेत व्यापक स्तर पर द्विपक्षीय संबंधों की समीक्षा करेंगे। दोनों नेता इस्लामोफोबिया और अफगानिस्तान के हालात समेत प्रमुख क्षेत्रीय एंव अंतरराष्ट्रीय मुद्दों पर विचारों का आदान-प्रदान करेंगे। 

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मैं सैन्य संघर्ष में विश्वास नहीं करता: इमरान खान

वहीं, रूसी विदेश कार्यालय ने ट्वीट कर कहा कि राष्ट्रपति पुतिन और प्रधानमंत्री खान बृहस्पतिवार को मॉस्को में वार्ता करेंगे। खान का रूस दौरान ऐसे समय में हो रहा है, जब रूस और यूक्रेन के बीच तनाव बढ़ता जा रहा है। खान ने रूस और यूक्रेन के बीच जारी तनाव के लिए शांतिपूर्ण समाधान की उम्मीद जतायी है। खान ने रवानगी से पहले रूसी सरकार द्वारा संचालित एक चैनल को दिए साक्षात्कार में कहा, मैं सैन्य संघर्ष में विश्वास नहीं करता। मेरा मानना है कि सभ्य समाज बातचीत के जरिए विवादों को हल करते हैं और जो देश सैन्य संघर्ष में भरोसा करते हैं, उन्होंने इतिहास का ठीक तरह से अध्ययन नहीं किया है।

अमेरिका ने उठाए इमरान खान पर सवाल

संयुक्त राज्य अमेरिका ने पाकिस्तान के प्रधान मंत्री इमरान खान की मास्को यात्रा पर प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए कहा कि यूक्रेन में रूस की कार्रवाइयों पर आपत्ति जताना हर "जिम्मेदार" देश की जिम्मेदारी है। अमेरिकी विदेश विभाग के प्रवक्ता नेड प्राइस ने बुधवार को कहा कि अमेरिका ने यूक्रेन की स्थिति पर पाकिस्तान को अपनी स्थिति से अवगत करा दिया है। प्राइस ने एक प्रेस वार्ता के दौरान कहा, "हमने रूस के यूक्रेन पर और नए सिरे से आक्रमण के बारे में अपनी स्थिति से पाकिस्तान को अवगत करा दिया है और हमने उन्हें युद्ध पर कूटनीति को आगे बढ़ाने के अपने प्रयासों के बारे में जानकारी दी है।" 

रूस और यूक्रेन के बीच तनाव खत्म करने की भारत की अपील

भारत ने रूस और यूक्रेन के बीच तनाव को तत्काल कम करने का आह्वान किया और आगाह किया कि स्थिति एक बड़े संकट में तब्दील हो सकती है। रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन ने पूर्वी यूक्रेन में एक ‘‘सैन्य अभियान’’ शुरू करने की घोषणा की है। यूक्रेन की स्थिति पर 15 सदस्यीय देशों की संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद ने बुधवार देर रात एक आपात बैठक बुलाई थी। इस सप्ताह बुलाई गई यह दूसरी बैठक है और 31 जनवरी के बाद से रूस और यूक्रेन के बीच तनाव पर बुलाई चौथी बैठक थी। संयुक्त राष्ट्र महासचिव एंतोनियो गुतारेस ने रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन से यूक्रेन में सेना नहीं भेजने और ‘‘शांति से मसले हल करने’’ की अपील की है। संयुक्त राष्ट्र में भारत के स्थायी प्रतिनिधि टीएस तिरुमूर्ति ने परिषद को बताया कि भारत ने महज दो दिन पहले ही यूक्रेन पर परिषद की बैठक में तनाव को तत्काल कम करने का आह्वान किया था और स्थिति से संबंधित सभी मुद्दों को हल करने के लिए कूटनीति केन्द्रित प्रयासों को आगे बढ़ाने पर जोर दिया था। उन्होंने कहा, ‘‘ हालांकि, हमें खेद है कि तनाव दूर करने के लिए विभिन्न पक्षों द्वारा की गई पहलों पर ध्यान देने के अंतरराष्ट्रीय समुदाय के आह्वान पर ध्यान नहीं दिया गया। स्थिति के एक बड़े संकट में तब्दील होने का खतरा बना है।’’ भारत ने मौजूदा घटनाक्रम पर अपनी ‘‘गहरी चिंता’’ व्यक्त की और कहा कि इसे अगर सावधानी से नहीं संभाला गया, तो यह क्षेत्र की शांति तथा सुरक्षा को कमजोर कर सकता है। भारत ने तत्काल तनाव कम करने और ऐसी किसी भी कार्रवाई से बचने का आह्वान किया, जो स्थिति को और बदतर कर सकती हो।