खूंखार कैदियों को रूस के खिलाफ युद्ध में शामिल कर रहा यूक्रेन, इनके बारे में जानकर आप रहे जाएंगे दंग

खूंखार कैदियों को रूस के खिलाफ युद्ध में शामिल कर रहा यूक्रेन, इनके बारे में जानकर आप रहे जाएंगे दंग
प्रतिरूप फोटो

रूस को मुंहतोड़ जवाब देने के लिए यूक्रेन ने खूंखार कैदियों को रिहा करने का मन बनाया है। बताया जा रहा है कि इन कैदियों की मदद से यूक्रेन रूसी सैनिकों को पीछे धकेलने की योजना तैयार कर रहा है। प्रॉसीक्यूटर जनरल ऑफिस के अधिकारी एंड्री सिनुक ने जानकारी दी।

मॉस्को। रूस और यूक्रेन के बीच युद्ध छिड़ा हुआ है। रूसी सैनिकों ने राजधानी कीव पर हमले तेज कर दिए हैं। सोमवार तड़के कीव और खारकीव में दो धमाके हुए हैं। वहीं बेलारूस में रूस और यूक्रेन के बीच ऐतिहासिक वार्ता का मंच तैयार हो चुका है। इसी बीच जानकारी सामने आई है कि रूस के साथ जारी युद्ध में यूक्रेन सैन्य पृष्ठभूमि वाले कैदियों की मदद लेने वाला है। 

इसे भी पढ़ें: रूस और यूक्रेन के बीच होने वाली है ऐतिहासिक वार्ता, बेलारूस में डेलिगेशन का हो रहा इंतजार 

मीडिया रिपोर्ट्स के मुताबिक, रूस को मुंहतोड़ जवाब देने के लिए यूक्रेन ने खूंखार कैदियों को रिहा करने का मन बनाया है। बताया जा रहा है कि इन कैदियों की मदद से यूक्रेन रूसी सैनिकों को पीछे धकेलने की योजना तैयार कर रहा है। प्रॉसीक्यूटर जनरल ऑफिस के अधिकारी एंड्री सिनुक ने जानकारी दी कि कैदियों के सर्विस रिकॉर्ड, युद्ध के उनके अनुभवों और जेल में व्यवहार को देखते हुए उन्हें युद्ध में शामिल किया जाए या फिर नहीं इस पर विचार किया जा रहा है। 

आपको बता दें कि यूक्रेन पहले ही सर्गेई टॉर्बिन और दिमित्री बालाबुखा नामक कैदियों को रिहा कर चुका है। यह लोग खूंखार तरीके से हत्या करने के दोषी पाए गए थे। सर्गेई टॉर्बिन को तो डोनेत्स्क और लुगंस्क पीपुल्स रिपब्लिक के साथ युद्ध लड़ने का अनुभव भी है लेकिन उस पर नागरिक कार्यकर्ता पर तेजाब फेंककर और फिर उसकी हत्या के जुर्म में दोषी पाया गया था। 

इसे भी पढ़ें: शीत युद्ध के समय आई थ्योरी का पुतिन यूक्रेन युद्ध में करेंगे इस्तेमाल? जानें क्या है Nuclear Deterrent Force जिसे अलर्ट पर रखा गया 

इसके अलावा दिमित्री बालाबुखा ने साल 2018 में बस स्टॉप पर एक व्यक्ति की चाकू से गोदकर हत्या करने के जुर्म में 9 साल की सजा सुनाई गई थी। यूक्रेन ने इन दोनों को रिहा कर दिया है।