पालघर के बाद बुलंदशहर में दो साधुओं की हत्या, शिव मंदिर में सोते वक्त धारदार हथियार से बनाया गया निशाना

पालघर के बाद बुलंदशहर में दो साधुओं की हत्या, शिव मंदिर में सोते वक्त धारदार हथियार से बनाया गया निशाना

बुलंदशहर में देर रात मंदिर परिसर में ही दोनों साधुओं की धारदार हथियारों से प्रहार कर हत्या कर दी गई। मंगलवार सुबह जब ग्रामीण मंदिर में पहुंचे तो उन्हें साधुओं के खून से लथपथ शव पड़े मिले। इसे देखकर कोहराम मच गया।

महाराष्ट्र के पालघर में साधुओं की हत्या का मामला अभी ठंडा भी नहीं हुआ था कि एक बार फिर से दो साधुओं की हत्या कर दी गई है। इस वारदात को उत्तर प्रदेश के बुलंदशहर में अंजाम दिया गया है। प्राप्त जानकारी के अनुसार बुलंदशहर के अनूपशहर कोतवाली के गांव पगोना में स्थित शिव मंदिर पर पिछले करीब 10 वर्षों से साधु जगनदास (55 वर्ष) और सेवादास (35 वर्ष) रहते थे। दोनों साधु मंदिर में रहकर पूजा-अर्चना में लीन रहते थे। सोमवार की देर रात मंदिर परिसर में ही दोनों साधुओं की धारदार हथियारों से प्रहार कर हत्या कर दी गई। मंगलवार सुबह जब ग्रामीण मंदिर में पहुंचे तो उन्हें साधुओं के खून से लथपथ शव पड़े मिले। इसे देखकर कोहराम मच गया। बड़ी संख्या में ग्रामीण मंदिर पर पहुंचे। फिलहाल अभी घटना के पीछे कारण का पता नहीं चल सका है। पुलिस की जांच जारी। पोस्टमार्टम रिपोर्ट की प्रतीक्षा है।

गौरतलब है कि महाराष्ट्र के पालघर में 16 अप्रैल को मॉब लिचिंग की घटना सामने आई थी। मुंबई से सूरत जा रहे दो साधुओं समेत 3 लोगों की स्थानीय लोगों ने चोरी के शक में पीट-पीटकर हत्या कर दी थी। 16 अप्रैल को घटी इस वारदात में पुलिस ने 101 लोगों को हिरासत में लिया।





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