पंजाब के बाद अब राजस्थान कांग्रेस में हलचल तेज, क्या वेणुगोपाल सुलझा पाएंगे उलझनें

  •  प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क
  •  जुलाई 24, 2021   14:02
पंजाब के बाद अब राजस्थान कांग्रेस में हलचल तेज, क्या वेणुगोपाल सुलझा पाएंगे उलझनें

कांग्रेस की पंजाब इकाई का विवाद सुलझने के बाद अब राजस्थान कांग्रेस में हलचल तेज हो रही है और पार्टी के संगठन महासचिव केसी वेणुगोपाल शनिवार को जयपुर पहुंच रहे हैं।

नयी दिल्ली/जयपुर। कांग्रेस की पंजाब इकाई का विवाद सुलझने के बाद अब राजस्थान कांग्रेस में हलचल तेज हो रही है और पार्टी के संगठन महासचिव केसी वेणुगोपाल शनिवार को जयपुर पहुंच रहे हैं। सूत्रों ने यह भी बताया कि पार्टी के राजस्थान प्रभारी अजय माकन भी जयपुर पहुंच सकते हैं। पार्टी से जुड़े सूत्रों ने  बताया कि मंत्रिमंडल में फेरबदल व विस्तार की अटकलों के बीच कांग्रेस के दोनों वरिष्ठ नेता राजस्थान पहुंच रहे हैं।

इसे भी पढ़ें: नवजोत सिंह सिद्धू के पदभार ग्रहण करने के कार्यक्रम हुआ कोविड नियमों का उल्लंघन, मामला दर्ज

माना जा रहा है कि अशोक गहलोत मंत्रिमंडल में फेरबदल और विस्तार इसी महीने होने की संभावना है। उधर, जयपुर में मुख्यमंत्री कार्यालय सूत्रों ने जानकारी दी, ‘‘फिलहाल गहलोत का दिल्ली जाने का कोई कार्यक्रम नहीं है। कम से एक दो दिन वह कहीं नहीं जा रहे।’’ उन्होंने वेणुगोपाल की गहलोत से संभावित मुलाकात के बारे में कहा कि कांग्रेस के संगठन महासचिव का आधिकारिक कार्यक्रम हमें अभी नहीं मिला है। माना जा रहा है अजय माकन व वेणुगोपाल की गहलोत से मुलाकात के बाद राज्य में मंत्रिमंडल विस्तार की राह साफ हो सकती है।

इसे भी पढ़ें: भारत से 17 किलोमीटर दूर जिनपिंग का दौरा, अब अमित शाह पहुंच रहे हैं पूर्वोत्तर के दो दिवसीय दौरे पर

कांग्रेस सूत्रों का कहना है कि पंजाब के मसले के समाधान के बाद अब सोनिया गांधी, प्रियंका गांधी और राहुल गांधी का पूरा फोकस राजस्थान को लेकर है और पार्टी आलाकमान की ओर से माकन से कहा गया है कि कि राजस्थान के सियासी मसले का समाधान जुलाई में ही हो जाना चाहिए।





Disclaimer:प्रभासाक्षी ने इस ख़बर को संपादित नहीं किया है। यह ख़बर पीटीआई-भाषा की फीड से प्रकाशित की गयी है।


नोट:कोरोना वायरस से भारत की लड़ाई में हम पूर्ण रूप से सहभागी हैं। इस कठिन समय में अपनी जिम्मेदारी का पूर्णतः पालन करते हुए हमारा हरसंभव प्रयास है कि तथ्यों पर आधारित खबरें ही प्रकाशित हों। हम स्व-अनुशासन में भी हैं और सरकार की ओर से जारी सभी नियमों का पालन भी हमारी पहली प्राथमिकता है।