निःशुल्क दवा योजना के अन्तर्गत राज्य में राजकीय स्वास्थ्य संस्थानों में मरीजों को उपलब्ध करवाई जा रही हैं दवाईयां, 216 करोड़ रुपये व्यय

निःशुल्क दवा योजना के अन्तर्गत राज्य में राजकीय स्वास्थ्य संस्थानों में  मरीजों को उपलब्ध करवाई जा रही हैं दवाईयां, 216 करोड़ रुपये व्यय

प्रदेश सरकार ने राज्य में स्वास्थ्य सुविधाओं को सर्व सुलभ करने के लिए अनेक योजनाएं बनाई है। राज्य सरकार ने 216 करोड़ रुपये की राशि व्यय कर निःशुल्क दवाईयां उपलब्ध करवा सभी को गुणवत्तायुक्त उपचार प्रदान करने की अद्वितीय पहल की है। इसके अलावा सहारा, हिमकेेयर जैसी योजनाओं से आज विशेषज्ञ स्वास्थ्य सुविधाएं प्राप्त कर लोग लाभान्वित हो रहे हैं।

शिमला  राज्य में किसी भी बीमार व्यक्ति को दवाईयों के लिए परेशान न होना पड़े इसके लिए राज्य सरकार द्वारा निःशुल्क दवा योजना के अन्तर्गत सरकारी स्वास्थ्य संस्थानों में उपचार करवाने के लिए आने वाले मरीजों को दवाईयां निःशुल्क उपलब्ध करवाई जा रही हैं। राज्य सरकार द्वारा यह निःशुल्क दवाईयां प्रदेश के सभी मेडिकल काॅलेजों सहित सभी स्वास्थ्य संस्थानों के माध्यम से उपलब्ध करवाई जा रही हैं।

राज्य सरकार की ओर से प्रदेश के सभी राजकीय स्वास्थ्य संस्थानों में लगभग 1374 दवाईयां निःशुल्क उपलब्ध करवाई जा रही है। जिनमें क्षेत्रीय अस्पतालों, सिविल अस्पतालों व मेडिकल काॅलेजों में 885 दवाएं, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र स्तर पर 417 और स्वास्थ्य उप-केंद्र स्तर पर विभिन्न बीमारियों की 72 दवाएं निःशुल्क उपलब्ध करवाई जा हैं।

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वर्तमान सरकार के कार्यकाल में अभी तक निःशुल्क दवा योजना के अन्तर्गत राजकीय स्वास्थ्य संस्थानों में  उपचार के लिए आने वाले मरीजों को अब तक 16,29,425 दवाईयों का वितरण विभिन्न स्वास्थ्य संस्थानों के माध्यम से किया गया है। इस पहल के तहत एक अप्रैल, 2021 से नवम्बर माह तक जहां 10,63,153 दवाईयां विभिन्न स्वास्थ्य संस्थानों, स्वास्थ्य शिविरों, आंगनबाडि़यों, जनमंच आदि के माध्यम से वितरित की गई हंै वहीं, इससे पहले प्रदेश भर में विभिन्न सार्वजनिक स्वास्थ्य संस्थानों में 5,66,272 दवाएं वितरित की जा चुकी हैं।

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राज्य सरकार द्वारा आम जनमानस को राजकीय स्वास्थ्य संस्थानों में निःशुल्क दवाईयां उपलब्ध करवाने के लिए पर्याप्त बजट भी उपलब्ध करवाया जा रहा है। राज्य सरकार द्वारा अब तक आवश्यक दवाओं की खरीद पर लगभग 216 करोड़ रुपये की राशि व्यय की गई है। राज्य सरकार यह भी सुनिश्चित कर रही है कि स्वास्थ्य संस्थानों में बीमार व्यक्तियों को उपचार संबंधी दवाईयां निर्बाध रूप से मिलती रहे, इसके लिए समय-समय पर सभी आवश्यक कदम भी उठाए जा रहे हंै। इन दवाओं की आपूर्ति श्रृंखला को बनाए रखने के लिए खरीद प्रक्रिया को सरल बनाया गया है और जिलों के सभी 12 मुख्य चिकित्सा अधिकारियों, 4 चिकित्सा अधीक्षक, 6 चिकित्सा महाविद्यालय, 9 क्षेत्रीय अस्पताल, 3 ज़ोनल अस्पताल को ई-औषधि पोर्टल के माध्यम से दवाओं की खरीद के लिए अधिकृत किया है। जिनके द्वारा समय-समय पर आवश्यक दवाईयों के खरीद आदेश सक्रिय रूप से तैयार किए जा रहे हैं और सभी स्वास्थ्य संस्थानों में इन निःशुल्क दवाओं की आपूर्ति समय पर सुनिश्चित की जा रहीं है।

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मुख्यमंत्री के संवेदनशील एवं दूरदर्शी नेतृत्व में प्रदेश सरकार ने राज्य में स्वास्थ्य सुविधाओं को सर्व सुलभ करने के लिए अनेक योजनाएं बनाई है। राज्य सरकार ने 216 करोड़ रुपये की राशि व्यय कर निःशुल्क दवाईयां उपलब्ध करवा सभी को गुणवत्तायुक्त उपचार प्रदान करने की अद्वितीय पहल की है। इसके अलावा सहारा, हिमकेेयर जैसी योजनाओं से आज विशेषज्ञ स्वास्थ्य सुविधाएं प्राप्त कर लोग लाभान्वित हो रहे हैं।





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