किसानों के समर्थन में आए पूर्व मुक्केबाजी कोच जीएस संधू, द्रोणाचार्य पुरस्कार लौटाने की पेशकश की

  •  प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क
  •  दिसंबर 4, 2020   16:44
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किसानों के समर्थन में आए पूर्व मुक्केबाजी कोच जीएस संधू, द्रोणाचार्य पुरस्कार लौटाने की पेशकश की

पूर्व मुक्केबाजी कोच जीएस संधू ने प्रदर्शनरत किसानों के समर्थन में द्रोणाचार्य लौटाने की पेशकश की है। संधू ने पटियाला में अपने घर से कहा, ‘‘मैं किसानों के परिवार से आया हूं, उनके डर को संबोधित किया जाना चाहिए। अगर चल रही बातचीत से किसानों के लिये संतोषजनक नतीजा नहीं निकलता तो मैं पुरस्कार लौटा दूंगा। ’’

नयी दिल्ली। पूर्व राष्ट्रीय मुक्केबाजी कोच गुरबक्श सिंह संधू ने शुक्रवार को कहा कि अगर नये कृषि नियमों के खिलाफ विरोध प्रदर्शन कर रहे किसानों की मांगों को पूरा नहीं किया गया तो वह अपना द्रोणाचार्य पुरस्कार लौटा देंगे। संधू के कार्यकाल में ही भारत ने मुक्केबाजी का पहला ओलंपिक पदक हासिल किया था। वह दो दशक तक भारत के राष्ट्रीय पुरूष कोच रहे ,जिसके बाद वह दो वर्षों से महिला मुक्केबाजों को कोचिंग दे रहे हैं। उन्होंने कहा कि यह किसानों का समर्थन करने का उनका तरीका है जो इतनी ठंड में खुद की परवाह किये बिना आंदोलन कर रहे हैं। संधू ने पटियाला में अपने घर से कहा, ‘‘मैं किसानों के परिवार से आया हूं, उनके डर को संबोधित किया जाना चाहिए। अगर चल रही बातचीत से किसानों के लिये संतोषजनक नतीजा नहीं निकलता तो मैं पुरस्कार लौटा दूंगा। ’’

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विजेंदर सिंह जब 2008 में ओलंपिक पदक जीतने वहले भारतीय मुक्केबाज बने थे, तब संधू राष्ट्रीय कोच थे और उनकी कोचिंग के दौरान ही आठ भारतीय मुक्केबाजों ने लंदन 2012 ओलंपिक के लिये क्वालीफाई किया था। संधू को इससे पहले ही 1998 में द्रोणाचार्य पुरस्कार से नवाजा गया था। उन्होंने कहा, ‘‘यह पुरस्कार मेरे लिये काफी मायने रखता है लेकिन साथी किसानों का दुख इससे भी ज्यादा अहमियत रखता है। इस सर्दी में उन्हें सड़कों पर बैठे हुए देखना मेरे लिये बहुत कष्टकारी है। सरकार को उनसे बातचीत करने की जरूरत है और उनके संदेहों को दूर करके उन्हें आश्वस्त करने की जरूरत है। ’’ उन्होंने कहा, ‘‘अगर इसका संतोषजनक हल निकलता है तो मैं ऐसा नहीं करूंगा लेकिन अगर ऐसा नहीं होता है तो मैं पुरस्कार लौटा दूंगा। ’’ कई पूर्व खिलाड़ियों ने भी आंदोलन कर रहे किसानों का समर्थन किया है जिसमें पद्म श्री और अर्जुन पुरस्कृत पहलवान करतार सिंह, अर्जुन पुरस्कृत बास्केटबॉल खिलाड़ी साजन सिंह चीमा और अर्जुन पुरस्कार प्राप्त हॉकी खिलाड़ी राजबीर कौर शामिल हैं।





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जीत के साथ हुई मेस्सी की वापसी, विरोधी खिलाड़ी को मारने के कारण लगा था बैन

  •  प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क
  •  जनवरी 28, 2021   12:26
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जीत के साथ हुई मेस्सी की वापसी, विरोधी खिलाड़ी को मारने के कारण लगा था बैन

स्पेनिश सुपर कप फाइनल में विरोधी खिलाड़ी पर प्रहार के कारण दो मैचों का निलंबन झेल चुके मेस्सी ने 69वें मिनटमें बराबरी का गोल दागा। इसके बाद 80वें मिनट में फ्रेंकी डि जोंग के गोल में सहायक की भूमिका निभाई।

मैड्रिड। निलंबन से लौटे लियोनेल मेस्सी ने बार्सीलोना को उलटफेर का शिकार होने से बचाते हुए एक गोल किया और एक में सहायक रहे जिसकी मदद से उनकी टीम ने पिछड़ने के बाद वापसी करते हुए कोपा डैल रे फुटबॉल में दूसरे डिविजन के क्लब रायो वालेकानो को 2 . 1 से मात दी।

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स्पेनिश सुपर कप फाइनल में विरोधी खिलाड़ी पर प्रहार के कारण दो मैचों का निलंबन झेल चुके मेस्सी ने 69वें मिनटमें बराबरी का गोल दागा। इसके बाद 80वें मिनट में फ्रेंकी डि जोंग के गोल में सहायक की भूमिका निभाई। रायो के लिये फ्रान गार्शिया ने 63वें मिनट मेंगाोल किया थाा। इस जीत से बार्सीलोना टूर्नामेंट में लगातार 11वीं बार अंतिम आठ में पहुंच गया। एक अन्य मैच में सेविला ने 2019 की चैम्पियन वालेंशिया को 3 . 0 से हराया।





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विश्व टूर फाइनल्स के शुरुआती मुकाबले में हारे पीवी सिंधु और किदांबी श्रीकांत

  •  प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क
  •  जनवरी 27, 2021   17:34
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विश्व टूर फाइनल्स के शुरुआती मुकाबले में हारे पीवी सिंधु और किदांबी श्रीकांत

सिंधु और श्रीकांत विश्व टूर फाइनल्स के शुरूआती मुकाबले में हारे।सिंधु की यह जु यिंग से 21वीं भिड़ंत में 16वीं हार है। उन्होंने कहा, ‘‘यह कठिन ग्रुप है। मुझे शत प्रतिशत देना होगा। ’’ वहीं 14वीं रैंकिंग पर काबिज श्रीकांत का मुकाबला गुरूवार को चीनी ताइपे के चौथे वरीय वांग जु वेई से होगा।

बैंकाक। भारत के स्टार बैडमिंटन खिलाड़ी पीवी सिंधु और किदाम्बी श्रीकांत बुधवार को यहां एचएसबीसी बीडब्ल्यूएफ विश्व टूर फाइनल्स में अपने ग्रुप बी के शुरूआती मुकाबलों में हार गये। टोयोटा थाईलैंड ओपन के क्वार्टरफाइनल में मिली हार के एक हफ्ते बाद विश्व चैम्पियन बैडमिंटन खिलाड़ी सिंधु ने हालांकि बेहतर प्रदर्शन किया लेकिन वह 59 मिनट तक चले मुकाबले में ताईवान की दुनिया की नंबर एक शटलर ताइ जु यिंग के खिलाफ जीत दर्ज करने में नाकाम रही और 21-19 12-21 17-21 से हार गयी। सिंधु ने कहा, ‘‘यह अच्छा मैच था, कोई भी अंक आसानी से नहीं मिला। तीसरे गेम में मैंने वापसी की और एक समय सिर्फ एक अंक का अंतर था। मैं रैली के दौरान दो बार अपने रैकेट की स्ट्रिंग तुड़वा बैठी और इससे फर्क पड़ा। ’’ सिंधु की यह जु यिंग से 21वीं भिड़ंत में 16वीं हार है। उन्होंने कहा, ‘‘यह कठिन ग्रुप है। मुझे शत प्रतिशत देना होगा। ’’ विश्व रैंकिंग में पहले स्थान पर रह चुके श्रीकांत भी एक गेम में बढ़त बनाने के बावजूद 77 मिनट तक चले मुकाबले में दुनिया के तीसरे नंबर के खिलाड़ी एंडर्स एंटोनसेन से 21-15 16-21 18-21 पराजित हो गये। ओलंपिक रजत पदकधारी सिंधु ने यह प्रतिष्ठित खिताब 2018 में अपने नाम किया था।अब वह 15 लाख डॉलर ईनामी राशि के टूर्नामेंट में घरेलू प्रबल दावेदार रतचानोक इंतानोन से भिड़ेंगी जिन्होंने पिछले हफ्ते उन्हें करारी शिकस्त दी थी। वहीं 14वीं रैंकिंग पर काबिज श्रीकांत का मुकाबला गुरूवार को चीनी ताइपे के चौथे वरीय वांग जु वेई से होगा।

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शुरूआती गेम काफी करीबी रहा जिसमें सिंधु और जु यिंग के बीच दिलचस्प मुकाबला हुआ। ताईवान की खिलाड़ी ने गेम में ज्यादातर समय बढ़त बनायी लेकिन सिंधु भी वापसी करती रहीं और अंत में लगातार चार प्वाइंट बनाकर गेम अपने नाम किया। जु यिंग 5-3 से बढ़त बनाये थी और फिर सिंधु के नेट पर कुछ अंक गंवाने से उन्होंने इसे 11-8 कर लिया। सिंधु शानदार क्रास कोर्ट स्लाइस शॉट और बैकहैंड रिटर्न से वापसी करते हुए 16-16 की बराबरी पर पहुंच गयी। जु यिंह हालांकि फिर आगे हो गयीं। इसके बाद भारतीय खिलाड़ी ने दो तेज तर्रार स्मैश लगाकर अंक 19-19 कर लिये और गेम प्वाइंट हासिल किया। सिंधु ने फिर नेट पर क्रास कोर्ट रिटर्न शॉट खेला, उनकी प्रतिद्वंद्वी इसे बचा नहीं सकीं और इस भारतीय ने पहला गेम अपने नाम किया। पर दूसरे गेम में जु यिंह ने आक्रामक खेल दिखाते हुए 6-0 से बढ़त बना ली। सिंधु इसे 3-7 ही कर पायी थीं कि ताईवानी खिलाड़ी तेजी से 9-4 से आगे हो गयी। सिंधु की दो सहज गलतियों का फायदा उठाते हुए जु यिंग ब्रेक तक 11-4 से आगे थीं।

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ताईवानी खिलाड़ी ने सिंधु पर दबाव बरकरार रखते हुए 19-9 के स्कोर के बाद क्रास कोर्ट रिटर्न से गेम अपने नाम कर मैच 1-1 से बराबर कर लिया। निर्णायक गेम में भी जु यिंग ने शुरू में 6-3 की बढ़त ले ली, हालांकि कुछ गलतियों को फायदा उठाकर सिंधु 6-6 से बराबरी पर गयीं। पर दूसरी वरीय ताईवानी ने ब्रेक तक स्कोर 11-9 कर दिया। इसके बाद 13-15 के अंत तक सिंधु ने दो अंक का अंतर बनाये रखा पर भारतीय खिलाड़ी के नेट पर कमजोर रिटर्न से जु यिंग 17-13 से आने होने में कामयाब हो गयीं। जु यिंग ने तीन मैच प्वाइंट अपने नाम करने के बाद शानदार रिटर्न से मैच जीत लिया। सत्र के फाइनल में चौथी बार जगह बनाने वाले श्रीकांत पहले गेम में शुरू में 7-1 से आगे हो गये लेकिन कुछ सहज गलतियों से डेनमार्क के एंटोनसेन को फायदा मिला। दानिश खिलाड़ी ने 35 शॉट की लंबी रैली में भी अंक जुटाया लेकिन श्रीकांत ब्रेक तक तीन अंक की बढ़त बनाने में कामयाब रहे। पर फिर एंटोनसेन एक स्मैश से 12-12 से बराबरी पर आ गये।

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श्रीकांत ने फिर शानदार वापसी कर इसे 16-13 कर दिया और फिर दो स्मैश से वह 19-13 से आगे हो गये। जल्द ही उन्होंने पांच गेम प्वाइंट मौकों पर फायदा उठाकर इस गेम को अपनी झोली में डाल लिया। दूसरे गेम में एंटोनसेन ने 0-2 से पिछड़ने के बाद वापसी करते हुए स्कोर 5-2 कर दिया। ब्रेक तक वह श्रीकांत पर चार अंक की बढ़त बनाये थे। श्रीकांत ने हालांकि वापसी की और इसे 15-16 कर दिया, पर एंटोनसेन ने फिर चार गेम प्वाइंट हासिल कर दूसरा गेम जीत लिया। निर्णायक तीसरे गेम में श्रीकांत ब्रेक तक दो अंक की बढ़त बनाये थे लेकिन वह कई सहज गलतियां कर बैठे और एंटोनेसन ने वापसी कर 13-13 से बराबरी हासिल कर ली। दो बेहतरीन रैलियों में दोनों ने एक एक पर अंक जुटाये लेकिन अंत में एंटोनसेन ने तीन मैच प्वाइंट अपने नाम किये और श्रीकांत एक अंक बचाने के बाद लांग हिट कर बैठे और दानिश खिलाड़ी ने मैच जीत लिया।





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IOC और तोक्यो ओलंपिक ने जारी की एक नियम पुस्तिका, स्वास्थ्य और सुरक्षा प्रोटोकॉल से जुड़ी हर जानकारी होगी शामिल

  •  प्रभासाक्षी न्यूज नेटवर्क
  •  जनवरी 27, 2021   14:28
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IOC और तोक्यो ओलंपिक ने जारी की एक नियम पुस्तिका, स्वास्थ्य और सुरक्षा प्रोटोकॉल से जुड़ी हर जानकारी होगी शामिल

कोरोना महामारी के बीच तोक्यो ओलंपिक में प्रोटोकॉल से जुड़ी हर जानकारी एक नियम पुस्तिका में शामिल की गई है।आईओसी मीडिया विभाग की प्रमुख लूसिया मोंटानारेला ने कहा ,‘‘हमने चार अलग अलग परिस्थितियों की कल्पना की है। एक जिसमें यात्रा संबंधी पाबंदियां होंगी और दूसरी जिसमें महामारी पूरी तरह से खत्म हो चुकी होगी।’’

तोक्यो। कोरोना महामारी के बीच तोक्यो ओलंपिक फिर स्थगित होने या रद्द किये जाने की अटकलों के बीच आयोजक और अंतरराष्ट्रीय ओलंपिक समिति एक नियम पुस्तिका लाने जा रहे हैं जिसमें जापान में खिलाड़ियों और स्टाफ के लिये स्वास्थ्य और सुरक्षा प्रोटोकॉल से जुड़ी हर छोटी बड़ी जानकारी होगी। यह नियम पुस्तिका अगले सप्ताह तक आयेगी जिसमें बताया होगा कि कैसे 15400 ओलंपिक और पैरालम्पिक खिलाड़ी और हजारों की संख्या में अन्य ओलंपिक के दौरान जापान आ सकते हैं। आईओसी मीडिया विभाग की प्रमुख लूसिया मोंटानारेला ने कहा ,‘‘हमने चार अलग अलग परिस्थितियों की कल्पना की है। एक जिसमें यात्रा संबंधी पाबंदियां होंगी और दूसरी जिसमें महामारी पूरी तरह से खत्म हो चुकी होगी।’’ उन्होंने कहा ,‘‘मौजूदा हालात ऐसे ही हैं जिसमें महामारी अभी गई नहीं है और कुछ देश इस पर काबू पा सके हैं, कुछ नहीं।’’ इस किताब में तोक्यो में सुरक्षित बायो बबल बनाने और बदलते प्रोटोकॉल संबंधी जानकारी दी जायेगी।

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ओलंपिक 23 जुलाई से और पैरालम्पिक 24 अगस्त से शुरू होंगे। जापान आने वाले खिलाड़ियों, कोचों, जजों, मीडिया, प्रसारकों , वीआईपी सभी को कुछ दिन पृथकवास में रहना होगा। इसके अलावा हवाई अड्डे पर , जापान पहुंचने पर और खेलगांव में टेस्ट होते रहेंगे। लूसिया ने कहा ,‘‘हमें पता है कि चुनौती बहुत बड़ी है।एक खेल के 200 खिलाड़ियों के लिये बबल बनाना और विभिन्न खेलों के हजारों खिलाड़ियों के लिये बबल बनाने में फर्क है।’’ आईओसी अध्यक्ष थॉमस बाक ने कहा है कि टीकाकरण बाध्यता नहीं है लेकिन हर प्रतिभागी को टीका लगवा लेना चाहिये। दूसरी ओर विश्व स्वास्थ्य संगठन ने इस सप्ताह कहा है कि स्वास्थ्यकर्मी और वरिष्ठ नागरिकों पर ओलंपिक में भाग ले रहे खिलाड़ियों को तरजीह नहीं दी जानी चाहिये।





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